बैंक कर्मचारी संघ ने राष्ट्रव्यापी हड़ताल का किया एलान, 4 दिनों तक बैंकिंग सेवाएं प्रभावित हो सकती हैं!
बिजनेस डेस्क : भारत में बैंक कर्मचारियों के यूनाइटेड फोरम ऑफ़ बैंक यूनियंस (UFBU) ने देशभर में हड़ताल का अल्टीमेटम दिया है, जो देश के सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों के कामकाज पर बड़ा असर डाल सकता है।
क्या होगा बंद?अगर हड़ताल होती है, तो सरकारी बैंकों के कामकाज में लगातार चार दिनों तक व्यवधान आ सकता है। इसका कारण यह है कि हड़ताल के पहले मुख्य रूप से तीन दिन बैंक छुट्टियाँ हैं — चौथा शनिवार, रविवार और 26 जनवरी गणतंत्र दिवस होने के कारण बैंक पहले से बंद रहेंगे। ऐसे में हड़ताल के बाद कुल मिलाकर बैंक लगातार चार दिनों तक काम नहीं करेंगे।
मांगें क्या हैं?
UFBU मुख्य रूप से 5-डेज़ वर्किंग वीक (5 दिन कार्य सप्ताह) लागू करने की मांग कर रहा है। वर्तमान में बैंक केवल कुछ शनीचर को ही छुट्टी देते हैं, जबकि यूनियन चाहती है कि सोमवार से शुक्रवार तक काम हो और शनिवार-रविवार दोनों छुट्टियाँ हों। वहीं, संघ यह भी कह रहा है कि वे प्रति दिन थोड़े अधिक कार्य घंटे स्वीकार करने को तैयार हैं जिससे कुल काम का समय कम न हो।
लोगों पर असर:अगर यह हड़ताल लागू होती है, तो ग्राहकों को बैंक शाखाओं में लेन-देन, जमा-निकासी, चेक क्लियरिंग और अन्य आवश्यक सेवाओं में लंबा इंतज़ार या परेशानी हो सकती है। विशेषज्ञों का कहना है कि इस दौरान लोग APIs, ATM और ऑनलाइन बैंकिंग का इस्तेमाल पहले से ज़्यादा कर सकते हैं, लेकिन कुछ कामों में देरी संभव है।
क्या करें? विशेषज्ञ सलाह दे रहे हैं कि अगर आपको बैंक से जुड़े कोई भी जरूरी काम करवाने हैं, तो उसे हड़ताल से पहले निपटा लें, अन्यथा कई दिनों तक इंतज़ार करना पड़ सकता है।

