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पंजाब में ASI इकबाल सिंह की गोली मारकर हत्या, बाइक सवार हमलावर फरार

फिरोजपुर काउंटर इंटेलिजेंस में तैनात ASI इकबाल सिंह की नौशेरा-लोहका रोड पर गोली मारकर हत्या। अज्ञात बाइक सवार हमलावर फरार, पुलिस जांच में जुटी।

फिरोजपुर / पट्टी / सत्ता संदेश

पंजाब में अपराध की एक सनसनीखेज वारदात सामने आई है। फिरोजपुर के काउंटर इंटेलिजेंस विभाग में तैनात ASI इकबाल सिंह (55) की रविवार शाम गोली मारकर हत्या कर दी गई। वारदात नौशेरा से लोहका रोड पर पटवारखाना के पास हुई। घटना के बाद इलाके में दहशत का माहौल है।

प्रारंभिक जानकारी के मुताबिक, ASI इकबाल सिंह फिरोजपुर में अपनी ड्यूटी खत्म करने के बाद मोटरसाइकिल पर सवार होकर घर लौट रहे थे। इसी दौरान जब वह नौशेरा से लोहका रोड पर पटवारखाना के पास पहुंचे, तो अज्ञात मोटरसाइकिल सवार हमलावरों ने उन्हें निशाना बनाकर गोलियां चला दीं। गोली लगने से उनकी मौत हो गई। वारदात को अंजाम देने के बाद आरोपी मौके से फरार हो गए।

घटना की सूचना मिलते ही पुलिस विभाग में हड़कंप मच गया। DSP पट्टी रवि शेर सिंह ने शुरुआती जानकारी में ASI इकबाल सिंह की हत्या की पुष्टि करते हुए बताया कि अज्ञात हमलावरों ने इस वारदात को अंजाम दिया है। पुलिस मामले की जांच में जुटी हुई है।

हत्या के कारणों का पता नहीं, हमलावरों की तलाश जारी

फिलहाल हत्या के पीछे की वजह स्पष्ट नहीं हो पाई है। हमलावरों की पहचान और वारदात के मकसद का पता लगाने के लिए पुलिस जांच कर रही है। घटना से जुड़े तथ्यों और परिस्थितियों की जांच के बाद ही मामले की पूरी तस्वीर सामने आ सकेगी।

काउंटर इंटेलिजेंस विभाग में तैनात पुलिसकर्मी की इस तरह हत्या किए जाने से इलाके में सुरक्षा व्यवस्था को लेकर सवाल खड़े हो गए हैं। अब सभी की नजरें पुलिस जांच पर टिकी हैं कि आखिर ASI इकबाल सिंह की हत्या किसने और क्यों की।

मैड संधू हत्याकांड में बड़ी कामयाबी, मुख्य शूटर अहमदाबाद से गिरफ्तार; अब तक 6 आरोपी काबू

अमृतसर के मैड संधू हत्याकांड में पुलिस ने मुख्य शूटर परमिंदर उर्फ काका को अहमदाबाद से गिरफ्तार किया। पुलिस के अनुसार, अब तक 6 आरोपी पकड़े गए हैं और 125 किलोमीटर की CCTV ट्रेल खंगाली गई है।

125 किलोमीटर की CCTV ट्रेल खंगालकर पुलिस मुख्य शूटर तक पहुंची, गोल्डी ढिल्लों से जुड़े तारों की जांच जारी

अमृतसर / सत्ता संदेश

दिनांक : 9 अक्टूबर 2026

चर्चित सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर मैड संधू हत्याकांड में अमृतसर कमिश्नरेट पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। पुलिस ने मामले के मुख्य शूटर बताए जा रहे परमिंदर सिंह उर्फ काका को गुजरात के अहमदाबाद से गिरफ्तार कर लिया है। इस गिरफ्तारी के साथ मामले में अब तक कुल 6 आरोपियों को पुलिस हिरासत में लिया जा चुका है। पुलिस का कहना है कि मामले की जांच जारी है और दूसरे शूटर की गिरफ्तारी के लिए भी प्रयास किए जा रहे हैं।

पुलिस कमिश्नर हरमनबीर सिंह गिल ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया कि वारदात के बाद परमिंदर उर्फ काका अहमदाबाद फरार हो गया था। वहां उसके पैसे खत्म होने के बाद उसने अपने भाई अमनदीप सिंह के माध्यम से पैसे मंगवाने की कोशिश की। पुलिस के अनुसार, तकनीकी जांच और QR कोड स्कैनर से जुड़े लेन-देन की पड़ताल के जरिए उसकी लोकेशन का पता लगाया गया। इसके बाद अहमदाबाद क्राइम ब्रांच की मदद से उसे गिरफ्तार किया गया। गिरफ्तारी के दौरान पुलिस ने उसके पास से ऐसे जूते भी बरामद करने का दावा किया है, जिन्हें कथित तौर पर वारदात के समय पहना गया था।

पुलिस के मुताबिक, गिरफ्तार आरोपियों में परमिंदर उर्फ काका का भाई अमनदीप सिंह भी शामिल है। जांच में सामने आए वित्तीय लेन-देन को लेकर पुलिस ने दावा किया कि विदेश में बैठे गैंगस्टरों की ओर से अमनदीप के खाते में 16 हजार रुपये भेजे गए थे। इनमें से 11 हजार रुपये परमिंदर और 5 हजार रुपये परमवीर को दिए गए थे। पुलिस अब इन पैसों के स्रोत और हत्याकांड में उनकी कथित भूमिका की जांच कर रही है।

मामले में परमवीर सिंह निवासी लोहियां खास को हथियार और अन्य लॉजिस्टिक सहायता उपलब्ध करवाने के आरोप में गिरफ्तार किया गया है। बलराज सिंह उर्फ बंटी पर वारदात से पहले रेकी करने और हथियार पहुंचाने का आरोप है, जबकि विकास सिंह पर बलराज के साथ मिलकर रेकी और अन्य सहायता देने का आरोप लगाया गया है। छठे आरोपी बलजिंदर सिंह निवासी तरनतारन को आरोपियों को मोटरसाइकिल से एक स्थान से दूसरे स्थान तक पहुंचाने और फरार होने में मदद करने के आरोप में गिरफ्तार किया गया है। पुलिस के अनुसार, परमिंदर के खिलाफ पहले पांच और बलजिंदर के खिलाफ चार आपराधिक मामले दर्ज हैं।

गोल्डी ढिल्लों से जुड़े तारों की जांच

पुलिस कमिश्नर के अनुसार, शुरुआती जांच में हत्याकांड के तार गोल्डी ढिल्लों से जुड़े होने की आशंका सामने आई है। पुलिस को संदेह है कि इलाके में दहशत पैदा करके गैंग की पहचान मजबूत करने और बाद में कारोबारियों से फिरौती मांगने की साजिश के तहत हत्या को अंजाम दिया गया हो सकता है। हालांकि, यह अभी जांच का विषय है। पुलिस ने बताया कि वारदात से पहले मैड संधू की ओर से फिरौती को लेकर कोई शिकायत दर्ज नहीं करवाई गई थी।

125 किलोमीटर की CCTV फुटेज खंगाली

आरोपियों तक पहुंचने के लिए पुलिस ने करीब 125 किलोमीटर के दायरे में CCTV कैमरों की फुटेज खंगाली। पुलिस के मुताबिक, जांच से बचने के लिए आरोपियों ने कच्चे रास्तों, वैकल्पिक मार्गों और हाईवे पर गलत दिशा में जाने जैसे तरीके अपनाए। इसके बावजूद पुलिस ने विभिन्न कैमरों की फुटेज को जोड़कर उनकी गतिविधियों का पता लगाया।

पुलिस अब वारदात में इस्तेमाल की गई पल्सर और स्प्लेंडर मोटरसाइकिलों के साथ हथियारों की बरामदगी के लिए छापेमारी कर रही है। पुलिस के अनुसार, वारदात में .30 बोर के हथियारों का इस्तेमाल किया गया था। दूसरे शूटर की पहचान भी कर ली गई है और उसकी गिरफ्तारी के लिए कार्रवाई जारी है।

मुख्य शूटर परमिंदर उर्फ काका को अहमदाबाद से अमृतसर लाया जा रहा है। पुलिस को उम्मीद है कि पूछताछ के दौरान हत्या की कथित साजिश, हथियारों की सप्लाई और विदेश में बैठे गैंगस्टरों के साथ संभावित संपर्कों को लेकर और जानकारी मिल सकती है। मामले में आगे की कार्रवाई जांच और पूछताछ के आधार पर की जाएगी।

लुधियाना में ATM कार्ड बदलकर ठगी का शक, युवक को लोगों ने पकड़ा; 40-50 कार्ड मिलने का दावा
  • लुधियाना के दुगरी चौक के पास ATM कार्ड बदलकर ठगी के संदेह में युवक को लोगों ने पकड़ा।
  • 40-50 ATM कार्ड मिलने का दावा, पुलिस ने जांच शुरू की।
  • दुगरी चौक के पास हंगामा, संदिग्ध युवक की पिटाई का वीडियो वायरल; पुलिस ने जांच शुरू की

लुधियाना / सत्ता संदेश

दिनांक : 9 अक्टूबर 2026

लुधियाना शहर के दुगरी चौक के पास ATM कार्ड बदलकर ठगी करने के संदेह में स्थानीय लोगों ने एक युवक को पकड़ लिया। इस दौरान लोगों ने उसकी पिटाई भी की, जिसका वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। बाद में युवक को पुलिस के हवाले कर दिया गया। पुलिस मामले की जांच कर रही है।

मौके पर मौजूद एक व्यक्ति के मुताबिक, वह ATM से पैसे निकालने पहुंचा था। इसी दौरान उसके पीछे खड़े दो युवकों पर उसे शक हुआ। आरोप है कि वे उसकी वीडियो बना रहे थे और ATM कार्ड लेने की कोशिश कर रहे थे। विरोध करने पर एक युवक मौके से फरार हो गया, जबकि दूसरे को लोगों ने पकड़ लिया। मौके पर मौजूद लोगों ने दावा किया कि पकड़े गए युवक की तलाशी के दौरान उसके पास से करीब 40 से 50 ATM कार्ड मिले। हालांकि, इन कार्डों की वास्तविक संख्या और उनसे जुड़े मामलों की पुष्टि पुलिस जांच के बाद ही हो सकेगी।

वहीं, एक अन्य युवक ने आरोप लगाया कि उसका ATM कार्ड बदलकर बैंक खाते से करीब डेढ़ लाख रुपये निकाल लिए गए थे। पीड़ित के अनुसार, यह रकम उसने लंबे समय की मेहनत से जमा की थी। अब मामले में पुलिस जांच से यह पता लगाने की उम्मीद है कि पकड़े गए युवक का कथित ठगी की घटनाओं से कोई संबंध है या नहीं।

घटना की सूचना मिलने पर PCR पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस अधिकारी ने बताया कि उन्हें घटना की जानकारी मिली थी और पकड़े गए युवक के साथ मारपीट भी हुई है। युवक को संबंधित पुलिस थाने के हवाले किया जाएगा, जहां शिकायतों और उपलब्ध सबूतों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

फिलहाल मामले में लगे आरोपों की जांच जारी है। पुलिस की जांच के बाद ही स्पष्ट हो पाएगा कि पकड़े गए युवक की कथित ATM कार्ड ठगी में क्या भूमिका है और बरामद बताए जा रहे कार्डों का इस्तेमाल किन गतिविधियों में किया गया था।

मैड संधू मर्डर केस: ‘मेरे बेटे का क्या कसूर था?’ पिता ने बयां किया दर्द, परिवार ने मांगा इंसाफ

मैड संधू मर्डर केस में सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर मधुसूदन सिंह के पिता भूपिंदर सिंह ने सुरक्षा में चूक के आरोप लगाए हैं। परिवार ने हत्यारों की गिरफ्तारी और छोटे बेटे के लिए सरकारी नौकरी की मांग की।

पंजाब / सत्ता संदेश

सोशल मीडिया पर ‘मैड संधू’ के नाम से मशहूर मधुसूदन सिंह की हत्या के बाद उनका परिवार गहरे सदमे में है। पंजाब पुलिस से रिटायर्ड सब-इंस्पेक्टर और मधुसूदन के पिता भूपिंदर सिंह ने मीडिया के सामने भावुक होते हुए अपने बेटे की हत्या पर कई गंभीर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि उनका बेटा हमेशा लोगों की मदद और समाज सेवा के लिए आगे रहता था, फिर उसका क्या कसूर था?

भूपिंदर सिंह के मुताबिक, मधुसूदन पूरे परिवार का सहारा था। उसकी मौत के बाद परिवार के सामने आर्थिक संकट भी खड़ा हो गया है। पिता ने बताया कि मधुसूदन सोशल मीडिया पर अपनी अलग पहचान और स्टाइल के कारण युवाओं के बीच लोकप्रिय था और ‘मैड संधू’ के नाम से जाना जाता था। बढ़ती लोकप्रियता के बाद उसे विभिन्न कार्यक्रमों में बतौर मुख्य अतिथि भी बुलाया जाने लगा था।

बढ़ती लोकप्रियता को बताया हत्या की वजह

मधुसूदन के पिता ने आरोप लगाया कि उनके बेटे की बढ़ती शोहरत, लोकप्रियता और सोशल मीडिया फॉलोइंग से कुछ लोग नाराज थे। उनका दावा है कि इसी रंजिश के चलते साजिश रचकर मधुसूदन की हत्या कर दी गई। हालांकि, हत्या के पीछे वास्तविक कारण और आरोपों की पुष्टि जांच के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी।

गरीबों और जरूरतमंदों की करता था मदद

भूपिंदर सिंह ने बताया कि मधुसूदन केवल अपने परिवार की जिम्मेदारी नहीं निभाता था, बल्कि जरूरतमंद लोगों की मदद के लिए भी आगे रहता था। उनके अनुसार, वह गरीब बच्चों की पढ़ाई और जरूरतमंद परिवारों के राशन का खर्च उठाता था। इसके अलावा उसने मेडिकल कैंप और रक्तदान शिविर आयोजित किए तथा बाढ़ प्रभावित लोगों की भी मदद की।

पिता ने बताया कि मधुसूदन गुरुद्वारों में सेवा करने के साथ पाठ में भी शामिल होता था। उसने एक सैलून भी शुरू किया था, जहां कई लोग काम करके अपने परिवार का गुजारा करते थे। उसकी मौत के बाद सैलून बंद हो गया है और वहां काम करने वाले लोगों के सामने भी रोजगार का संकट खड़ा हो गया है।

धमकियों के बावजूद सुरक्षा नहीं मिलने का आरोप

मधुसूदन के पिता ने पुलिस और प्रशासन की कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठाए। उनका कहना है कि उनके बेटे को पहले से जान से मारने की धमकियां मिल रही थीं। परिवार की ओर से इन धमकियों की जानकारी संबंधित विभागों और सुरक्षा एजेंसियों को दिए जाने का दावा किया गया था।

भूपिंदर सिंह के अनुसार, CID, इंटेलिजेंस और पंजाब पुलिस को भी इस संबंध में जानकारी दी गई थी और सुरक्षा के लिए गनमैन की मांग की गई थी। उनका आरोप है कि इसके बावजूद मधुसूदन को स्थायी सुरक्षा नहीं मिली।

पिता ने कहा कि अगर समय रहते सुरक्षा उपलब्ध कराई जाती और धमकियों को गंभीरता से लिया जाता, तो शायद उनका बेटा आज जिंदा होता। उन्होंने पंजाब सरकार और पुलिस प्रशासन से मामले की गंभीरता से जांच करने की मांग की है।

उन्होंने यह भी कहा कि हत्या के बाद अब तक सरकार की ओर से परिवार से मिलने या उनका दुख साझा करने के लिए किसी बड़े प्रतिनिधि के नहीं पहुंचने से परिवार में नाराजगी है।

छोटे बेटे के लिए सरकारी नौकरी की मांग

मधुसूदन की मौत के बाद परिवार में बुजुर्ग माता-पिता और छोटा बेटा अर्शदीप सिंह रह गए हैं। परिवार की आर्थिक स्थिति को देखते हुए भूपिंदर सिंह ने पंजाब सरकार से छोटे बेटे को सहानुभूति के आधार पर पंजाब पुलिस में सब-इंस्पेक्टर या उसकी योग्यता के अनुरूप सरकारी नौकरी देने की मांग की है।

इसके साथ ही परिवार ने पुलिस प्रशासन से मधुसूदन के हत्यारों को जल्द गिरफ्तार करने और मामले में कड़ी कानूनी कार्रवाई की मांग की है। परिवार का कहना है कि उन्हें अपने बेटे की हत्या का इंसाफ चाहिए और दोषियों के खिलाफ कानून के तहत सख्त कार्रवाई होनी चाहिए।

Machhiwara News: निहंग वेशधारी युवक का हाईवोल्टेज ड्रामा, सुनार पर पेट्रोल छिड़ककर आग लगाने की कोशिश

माछीवाड़ा साहिब के गांधी चौक में निहंग वेशधारी युवक पर सुनार और अन्य लोगों पर ज्वलनशील पदार्थ छिड़ककर आग लगाने की कोशिश का आरोप लगा। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर जांच शुरू की।

माछीवाड़ा साहिब / सत्ता संदेश

रिपोर्ट : जसबीर सिंह अलबेला

माछीवाड़ा साहिब के गांधी चौक में देर शाम उस समय हड़कंप मच गया, जब निहंग वेशधारी एक युवक पर सुनार की दुकान में घुसकर हंगामा करने और ज्वलनशील पदार्थ छिड़ककर आग लगाने की कोशिश करने का आरोप लगा। घटना के बाद मौके पर पहुंची पुलिस ने कड़ी मशक्कत के बाद युवक को काबू कर गिरफ्तार कर लिया।

पुलिस को दिए बयान में सुनार करण वर्मा ने बताया कि वह अपनी दुकान पर ग्राहकों को सामान दिखा रहा था। उस समय उसका दोस्त सुनील कुमार गिरधर और सोने का कारोबारी रुस्तम रणजीत सिंह भी दुकान में मौजूद थे। इसी दौरान निहंग वेश में दीपक कुमार कथित तौर पर एक व्यक्ति से बहस करता हुआ दुकान के अंदर आ गया।

करण वर्मा के अनुसार, युवक ने दुकान में मौजूद लोगों के साथ कथित तौर पर बहस की। जब उसे रोकने का प्रयास किया गया तो आरोप है कि उसने अपने हाथ में पकड़ी बोतल में मौजूद मिट्टी के तेल या पेट्रोलनुमा ज्वलनशील पदार्थ को अपने ऊपर छिड़कने की कोशिश की और दुकानदार, ग्राहकों तथा खुद को नुकसान पहुंचाने की धमकी दी।

शिकायतकर्ता के मुताबिक, दुकान बंद करने के बाद जब वह बाहर निकला तो युवक उसका पीछा करने लगा। जान बचाने के लिए करण वर्मा अपने दोस्त रुस्तम की गाड़ी में बैठ गया। आरोप है कि युवक वहां भी पहुंच गया और उसने उन पर ज्वलनशील पदार्थ छिड़क दिया। इसके बाद माचिस की तीली जलाकर आग लगाने की कोशिश किए जाने का भी आरोप है।

घटना की सूचना मिलते ही थाना प्रभारी करमजीत सिंह पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस के अनुसार, आरोपी युवक ने पुलिस कर्मचारियों के साथ भी हाथापाई की, जिसके दौरान एक कर्मचारी की वर्दी फट गई। आरोपी को काबू करने के लिए पुलिस को काफी मशक्कत करनी पड़ी।

पुलिस ने आसपास मौजूद लोगों से आरोपी को पकड़ने में सहयोग करने की अपील भी की, लेकिन कथित तौर पर डर के कारण कोई आगे नहीं आया। इस दौरान एक युवक ने हिम्मत दिखाते हुए पुलिस की मदद की, जिसके बाद आरोपी को पुलिस वाहन में बैठाकर थाने ले जाया गया।

थाना प्रभारी करमजीत सिंह ने बताया कि आरोपी के संबंध में पहले भी पुलिस के पास कई शिकायतें आने की बात सामने आई है। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज कर लिया है और घटना से जुड़े सभी पहलुओं की जांच की जा रही है।

लुधियाना : पुरानी रंजिश को लेकर घर पर पथराव, दो लोग हिरासत में

लुधियाना / सत्ता संदेश

लुधियाना में पुरानी रंजिश को लेकर एक परिवार के घर पर ईंट-पत्थर फेंके जाने का मामला सामने आया है। घटना के बाद इलाके में हंगामा हो गया। परिवार की ओर से घटना की कुछ तस्वीरें और वीडियो भी सामने आने की बात कही गई है।

जानकारी के अनुसार, दोनों पक्ष पड़ोसी बताए जा रहे हैं और इनके बीच पहले भी विवाद हो चुका है। उस समय इलाके के गणमान्य लोगों की मौजूदगी में दोनों पक्षों के बीच समझौता करवाकर मामला शांत कराया गया था।

पीड़ित परिवार का आरोप है कि उनकी बेटी को कथित तौर पर परेशान किया जा रहा है। परिवार के मुताबिक, पहले भी उनके घर में घुसकर हमला किया गया था, लेकिन उस समय दोनों पक्षों में समझौता हो गया था। परिवार का आरोप है कि अब दोबारा उनके घर पर ईंट-पत्थर फेंके गए। घटना की वीडियो भी परिवार द्वारा बनाए जाने की बात कही गई है।

पीड़ित परिवार ने पुलिस से मामले की जांच कर उचित कार्रवाई करने की मांग की है।

वहीं, दूसरे पक्ष ने इन आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि पथराव किसी शरारती तत्व की ओर से किया गया। उनका कहना है कि उनके बेटे का जन्मदिन था और इसी दौरान दूसरी तरफ से वीडियो बनाई जा रही थी।

पुलिस अधिकारियों के अनुसार, मामले में दो लोगों को मौके से हिरासत में लिया गया है। पुलिस का कहना है कि पीड़ित परिवार की ओर से बयान दिए जाने के बाद मामले की जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।

फिलहाल पुलिस दोनों पक्षों के आरोपों की जांच कर रही है।

लुधियाना : निहंगों ने 3 युवकों को पकड़ा, पुलिस यूनिफॉर्म पहनने का भी आरोप

लुधियाना / सत्ता संदेश

लुधियाना के डेहलों इलाके में तीन युवकों को कथित तौर पर नशीले पदार्थ के साथ पकड़े जाने का मामला सामने आया है। बताया जा रहा है कि इनमें से दो युवकों ने पुलिस जैसी टी-शर्ट पहन रखी थी। निहंग सिंहों ने तीनों युवकों को पकड़कर एक खंभे से बांधा और उनके साथ मारपीट की। घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है।

जानकारी के मुताबिक, निहंग सिंहों ने तीनों युवकों को पकड़ने के बाद पुलिस के हवाले कर दिया। पुलिस के अनुसार, युवकों के पास से करीब 10 हजार रुपये नकद बरामद हुए हैं। मामले में NDPS एक्ट समेत विभिन्न धाराओं के तहत FIR दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है।

निहंगों ने डेहलों चौक पर लगाया जाम

बताया जा रहा है कि पुलिस की कार्रवाई से असंतुष्ट निहंग सिंह संगठनों ने डेहलों चौक पर जाम भी लगाया। उनका आरोप था कि पकड़े गए युवकों के खिलाफ कार्रवाई पर्याप्त नहीं है।

पुलिस ने कहा- आरोपी पुलिसकर्मी नहीं

डेहलों थाने के SHO विजय कुमार ने बताया कि निहंग सिंहों ने तीनों युवकों को पकड़कर पुलिस के हवाले किया था। पुलिस के मुताबिक आरोपियों की पहचान अजय शर्मा, आकाश और गुरकीरत के रूप में हुई है और उनके खिलाफ FIR दर्ज की गई है।

SHO ने बताया कि मामले में NDPS एक्ट समेत अन्य धाराएं लगाई गई हैं। पुलिस यूनिफॉर्म को लेकर उन्होंने कहा कि इसकी भी जांच की जा रही है। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार जिस टी-शर्ट को पुलिस यूनिफॉर्म बताया जा रहा है, वह बाजार से खरीदी गई थी और युवक के पुलिसकर्मी होने की पुष्टि नहीं हुई है।

पुलिस का कहना है कि पूरे मामले की जांच की जा रही है और जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।

लुधियाना के डेहलों में तीन युवकों को निहंग सिंहों ने पकड़कर पुलिस के हवाले किया। दो युवकों के पुलिस यूनिफॉर्म जैसी टी-शर्ट पहनने की बात सामने आई। NDPS समेत कई धाराओं में FIR दर्ज।

अमृतसर रूरल में पुलिस और मोस्ट वांटेड गैंगस्टर के बीच एनकाउंटर, पैर में लगी गोली

अमृतसर / सत्ता संदेश

अमृतसर रूरल के मत्तेवाल थाना क्षेत्र में नेहर सुए के पास पुलिस और एक मोस्ट वांटेड गैंगस्टर के बीच एनकाउंटर का मामला सामने आया है। पुलिस के मुताबिक, मुठभेड़ के दौरान गैंगस्टर हरमन भोपा राय के पैर में गोली लगी, जिसके बाद उसे इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया।

पुलिस के अनुसार, हरमन भोपा राय स्प्लेंडर मोटरसाइकिल पर भोवा की तरफ से चुगावां की ओर आ रहा था। इसी दौरान पुलिस पार्टी ने उसे रुकने का इशारा किया, लेकिन आरोपी ने रुकने के बजाय पुलिस पर फायरिंग शुरू कर दी।

SSP अमृतसर रूरल कंवलप्रीत सिंह चहल के मुताबिक, पुलिस को पहले से खुफिया सूचना मिली थी कि मोस्ट वांटेड गैंगस्टर हरमन भोपा राय इस इलाके में आने वाला है। सूचना के आधार पर मत्तेवाल थाना SHO दिलजीत सिंह की अगुवाई में पुलिस पार्टी ने नाकाबंदी की हुई थी।

पुलिस के मुताबिक, रोकने की कोशिश के दौरान गैंगस्टर ने पुलिस पार्टी पर करीब 3 से 4 गोलियां चलाईं। इस दौरान एक गोली SHO के हाथ के पास से निकल गई। पुलिस ने आत्मरक्षा में जवाबी कार्रवाई की, जिसमें हरमन भोपा राय के पैर में गोली लगी।

घायल गैंगस्टर को पुलिस ने तुरंत अस्पताल पहुंचाया, जहां उसका इलाज चल रहा है।

पुलिस अधिकारियों के अनुसार, हरमन भोपा राय के खिलाफ पहले से कई आपराधिक मामले दर्ज हैं। SSP के मुताबिक, गुरदासपुर के हनुमान चौक में हुए ग्रेनेड हमले के मामले में भी पुलिस को उसकी तलाश थी। इसके अलावा मत्तेवाल थाने में केस नंबर 106/26 दर्ज है, जिसमें उस पर एक व्यक्ति पर गोली चलाने का आरोप है। पुलिस के अनुसार, उसके खिलाफ स्नैचिंग और हत्या के प्रयास से जुड़े मामले भी दर्ज हैं।

पुलिस अब अस्पताल में इलाज पूरा होने के बाद आरोपी को पूछताछ के लिए रिमांड पर लेने की कार्रवाई करेगी। पुलिस के मुताबिक, रिमांड के दौरान उससे अन्य वारदातों और उसके आपराधिक नेटवर्क के संबंध में पूछताछ की जाएगी।

लुधियाना : हैबोवाल में रेहड़ा चोरी के आरोप में व्यक्ति पकड़ा, मौके पर जुटी भीड़

लुधियाना / सत्ता संदेश

लुधियाना शहर में चोरी की वारदातों के बीच हैबोवाल डेयरियों के पास एक व्यक्ति को कथित तौर पर रेहड़ा चोरी करने के आरोप में स्थानीय लोगों ने पकड़ लिया। घटना के बाद मौके पर लोगों की भीड़ जमा हो गई और कुछ लोगों द्वारा पकड़े गए व्यक्ति के साथ कथित तौर पर मारपीट किए जाने की बात भी सामने आई है।

जानकारी के मुताबिक, स्थानीय लोगों ने व्यक्ति पर रेहड़ा चोरी करने का आरोप लगाया और उसे मौके पर पकड़ लिया। इसके बाद देखते ही देखते वहां काफी संख्या में लोग इकट्ठा हो गए। स्थिति को लेकर इलाके में हंगामे का माहौल बन गया।

हालांकि, रेहड़ा चोरी के आरोपों की आधिकारिक पुष्टि अभी नहीं हुई है। पूरे मामले की वास्तविक स्थिति पुलिस जांच और पकड़े गए व्यक्ति से पूछताछ के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी।

लगातार सामने आ रही चोरी की घटनाओं को लेकर स्थानीय लोगों में भी चिंता का माहौल है। लोगों का कहना है कि इलाके में चोरी की घटनाओं पर लगाम लगाने के लिए पुलिस को प्रभावी कार्रवाई करनी चाहिए।

Batala Murder: बटाला में युवक की गोली मारकर हत्या, सिर में लगी गोली; पार्टनरशिप विवाद की बात आई सामने

बटाला के मल्लियांवाल गांव में 35 वर्षीय फलजीत सिंह उर्फ लाली की गोली मारकर हत्या कर दी गई। परिजनों ने पार्टनरशिप विवाद को घटना से जोड़ते हुए जानकारी दी। पुलिस मामले की जांच कर रही है।

बटाला / सत्ता संदेश

रिपोर्ट: लकी बटाला

बटाला के मल्लियांवाल गांव में देर शाम उस समय सनसनी फैल गई, जब घर के बाहर टहल रहे 35 वर्षीय युवक की गोली मारकर हत्या कर दी गई। गोली सिर में लगने से युवक गंभीर रूप से घायल हो गया। परिवार के सदस्य उसे इलाज के लिए बटाला सिविल अस्पताल लेकर पहुंचे, लेकिन डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।

मृतक की पहचान मल्लियांवाल गांव निवासी सुलखन सिंह के बेटे फलजीत सिंह उर्फ लाली के रूप में हुई है। परिजनों के मुताबिक, फलजीत सिंह घर के बाहर टहल रहा था। इसी दौरान कुछ लोग पैदल उसके पास आए और उससे बातचीत करने लगे। परिवार का आरोप है कि बातचीत के दौरान बहस हुई, जिसके बाद युवक को गोली मार दी गई।

परिजनों के मुताबिक, गोली फलजीत सिंह के सिर में लगी थी। उसे तुरंत अस्पताल ले जाया गया, लेकिन अस्पताल पहुंचने से पहले ही उसकी मौत हो चुकी थी।

मृतक के चाचा लखविंदर सिंह ने बताया कि पार्टनरशिप को लेकर पहले से विवाद चल रहा था। उनके अनुसार, पार्टनरशिप में पहले से एक कंबाइन थी, जबकि बाद में फलजीत सिंह उर्फ लाली ने भी एक कंबाइन खरीद ली थी। इसके बाद उसके कंबाइन के काम में आने से दूसरी पार्टी के काम पर असर पड़ने लगा और इसी बात को लेकर विवाद पैदा हुआ।

लखविंदर सिंह ने बताया कि फलजीत सिंह के पिता की करीब एक महीने पहले ही मौत हुई थी और अब बेटे की मौत से परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। उन्होंने बताया कि फलजीत सिंह पांच बहनों का इकलौता भाई था और उसके दो छोटे बच्चे भी हैं।

बटाला सिविल अस्पताल के डॉक्टर विपनदीप सिंह ने बताया कि युवक को अस्पताल लाने से पहले ही उसकी मौत हो चुकी थी। शव को सिविल अस्पताल की मोर्चरी में रखवा दिया गया है और घटना की सूचना पुलिस को दे दी गई है।

पुलिस द्वारा मामले की जांच की जा रही है। हत्या के पीछे के वास्तविक कारण और वारदात में शामिल आरोपियों के संबंध में जांच के बाद ही स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।