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*जनगणना 2027: हरियाणा सचिवालय में राज्य के अधिकारियों के लिए स्वगणना कार्यशाला का आयोजन*

चंडीगढ़: 17 अप्रैल, 2026

हरियाणा राज्य जनगणना संचालन निदेशालय के निदेशक डॉ. ललित जैन के मार्गदर्शन में आज हरियाणा के मुख्य सचिवालय तथा और नए सचिवालय में राज्य के अधिकारियों के लिए एक सेल्फ-एन्यूमरेशन (स्वगणना) कार्यशाला हुई। कार्यशाला की अध्यक्षता हरियाणा की विशेष सचिव, रेवेन्यू, श्रीमती हेमा शर्मा ने की। सेशन के दौरान, हरियाणा जनगणना निदेशालय के अधिकारियों ने भागीदारों को जनगणना 2027 के तहत सेल्फ-एन्यूमरेशन प्रोसेस के बारे में बताया और ऑफिशियल पोर्टल *se.census.gov.in* के ज़रिए स्वगणना विवरण ऑनलाइन दर्ज करने के बारे में समझाया।

कार्यशाला में, राज्य के अधिकारियों ने सक्रियता से भाग लिया और मौके पर ही अपना सेल्फ-एन्यूमरेशन भी पूरा किया। इस कार्यशाला का उद्देश्य विभागों को जनगणना डिजिटल प्रकिया से परिचित कराना और हरियाणा में 16 अप्रैल से 30 अप्रैल, 2026 तक चलने वाले पहले चरण को सफलता पूर्ण पूरा करने के लिए सुविधाजनक बनाना था। अधिकारियों को डेटा सिक्योरिटी उपायों के बारे में भी बताया गया, जिसमें सारी जानकारी मिनिस्ट्री ऑफ़ होम अफेयर्स के प्रोटेक्टेड सर्वर पर स्टोर की जाती है और इसका इस्तेमाल सिर्फ़ आंकड़े एकत्रित करने के लिए किया जाता है।

*मुख्य मंत्री ने हरियाणा में जनगणना 2027 के पहले चरण का शुभारंभ किया*

*स्व-गणना आज से शुरू, पहली बार डिजीटल गणना का क्रियान्वयन*

चंडीगढ़: 16 अप्रैल, 2026

हरियाणा के मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी ने आज राज्य में स्व-गणना प्रोसेस शुरू करके जनगणना 2027 के पहले चरण का शुभारंभ किया। इस अवसर पर एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में मुख्यमंत्री ने कहा कि जनगणना एक अनिवार्य राष्ट्रीय दायित्व है जो नियमित अंतराल पर किया जाता है, और एकत्रित किया गया डेटा आसान, सुरक्षित और पूरी तरह से गोपनीय होता है।

उन्होंने आगे कहा कि डेटा समाज के अलग-अलग वर्गों के लिए योजनाएं बनाने और विकास का भविष्य तय करने में अहम भूमिका निभाता है। इस जनगणना की थीम पर रोशनी डालते हुए मुख्यमंत्री ने कहा, जनगणना 2027 की टैगलाइन, ‘हमारी सेंसस, हमारा डेवलपमेंट,’ इस देश भर में चलने वाले अभियान की अहमियत को दिखाती है। एक सवाल के जवाब में उन्होंने कहा कि सेंसस डेटा 2047 तक एक विकसित भारत के विज़न को पाने में बहुत काम आएगा, और उन्होंने सभी नागरिकों से इस प्रक्रिया में सहयोग देने की अपील की।

 इस मौके पर, जनगणना 2027 के लिए हरियाणा स्टेट नोडल ऑफिसर, रेवेन्यू और डिज़ास्टर मैनेजमेंट डिपार्टमेंट की एडिशनल चीफ सेक्रेटरी और फाइनेंशियल कमिश्नर डॉ. सुमिता मिश्रा ने कहा कि सेल्फ-एन्यूमरेशन 16 अप्रैल से 30 अप्रैल, 2026 तक चलेगा, इसके बाद 1 मई से 30 मई, 2026 तक हाउसलिस्टिंग और हाउसिंग सेंसस गतिविधि होगी। उन्होंने बताया कि इस राष्ट्रीय मिशन के लिए पूरे हरियाणा में अच्छी तरह से ट्रेंड टीमों को लगाया जा रहा है।

हरियाणा स्टेट डायरेक्टरेट ऑफ़ सेंसस ऑपरेशंस के डायरेक्टर, श्री ललित जैन ने कहा कि उनका विभाग हरियाणा राज्य की पहली डिजिटल जनगणना के लिए पूरी तरह तैयार है। 7,000 से 65,000 ट्रेंड सेंसस वर्कर्स के साथ, नागरिक सुविधाजनक मल्टीलिंगुअल पोर्टल और मोबाइल ऐप का इस्तेमाल करके कहीं से भी स्व-गणना कर सकते हैं, जिससे गणक के साथ सिर्फ़  आई डी शेयर करके समय की बचत होगी। उन्होंने भरोसा दिलाया कि सारा डेटा गृह मंत्रालय के सुरक्षित सर्वर पर स्टोर है, जिसे रिस्पॉन्डेंट सहित कोई भी एक्सेस नहीं कर सकता, और सिर्फ़ मैक्रो-लेवल डेटा ही रिलीज़ किया जाएगा।

 मुख्यमंत्री ने हरियाणा के सभी निवासियों से अपील की कि वे सेल्फ-एन्यूमरेशन प्रोसेस में सक्रिय भागीदारी निभाएं और *se.census.gov.in* के ज़रिए सही जानकारी दें, ताकि देश के सबसे बड़े प्रशासनिक कार्य में हर घर की गणना हो सके।