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शिरोमणि अकाली दल ‘पुनर सुरजीत’ ने लुधियाना शहरी इकाई की नई टीम घोषित की

लुधियाना / सत्ता संदेश

नवनियुक्त अध्यक्ष परमिंदर सिंह ने पार्टी नेतृत्व का जताया आभार, जिम्मेदारी निष्ठा से निभाने का किया वादा

शिरोमणि अकाली दल ‘पुनर सुरजीत’ ने लुधियाना शहरी इकाई के नए पदाधिकारियों की घोषणा कर दी है। पार्टी ने सरदार परमिंदर सिंह को लुधियाना शहरी का अध्यक्ष नियुक्त किया है। नियुक्ति के बाद परमिंदर सिंह ने पार्टी नेतृत्व का आभार व्यक्त करते हुए संगठन को मजबूत करने के लिए पूरी निष्ठा से कार्य करने का भरोसा दिया।

परमिंदर सिंह ने उन्हें यह महत्वपूर्ण जिम्मेदारी सौंपने के लिए पार्टी अध्यक्ष ज्ञानी हरप्रीत सिंह, समूह सरपरस्त, वरिष्ठ नेता सरदार परमपाल सिंह सभरा, पार्टी पर्यवेक्षक बीबी जगीर कौर, सरदार संता सिंह उमैदपुरी तथा सरदार भरपूर सिंह धांदरा सहित सभी वरिष्ठ पदाधिकारियों का धन्यवाद किया।

पार्टी द्वारा घोषित नई टीम के अनुसार सरदार गुरदीप सिंह को महासचिव, सरदार गुरु साहिब सिंह को प्रेस सचिव एवं प्रवक्ता तथा सरदार हरजीत सिंह को कोषाध्यक्ष नियुक्त किया गया है।

नवनियुक्त पदाधिकारियों ने संयुक्त रूप से कहा कि वे पार्टी द्वारा जताए गए विश्वास पर खरा उतरने का हर संभव प्रयास करेंगे और संगठन को जमीनी स्तर पर मजबूत बनाने के लिए पूरी ईमानदारी और समर्पण के साथ कार्य करेंगे।

परमिंदर सिंह ने कहा कि पंजाब मौजूदा समय में कई चुनौतियों का सामना कर रहा है और इन परिस्थितियों से राज्य को बाहर निकालने के लिए एक मजबूत पंथक सोच वाली सरकार की आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि प्रदेश के लोगों को ज्ञानी हरप्रीत सिंह के नेतृत्व में शिरोमणि अकाली दल ‘पुनर सुरजीत’ से काफी उम्मीदें हैं और पार्टी जनता की अपेक्षाओं पर खरा उतरने के लिए लगातार कार्य करेगी।

उन्होंने कहा कि आने वाले समय में पार्टी संगठन का विस्तार किया जाएगा और आम लोगों के मुद्दों को मजबूती के साथ उठाया जाएगा। साथ ही कार्यकर्ताओं को साथ लेकर संगठन को बूथ स्तर तक मजबूत करने की दिशा में विशेष अभियान चलाया जाएगा।

सांसदों के वेतन-भत्तों पर संयुक्त समिति के अध्यक्ष बने बीरेंद्र प्रसाद बैश्य

नयी दिल्ली / सत्ता संदेश

Assam से राज्यसभा सांसद Birendra Prasad Baishya को वर्ष 2026-27 के लिए सांसदों के वेतन और भत्तों से संबंधित संसद की संयुक्त समिति का अध्यक्ष चुना गया है। यह समिति सांसदों के वेतन ढांचे और भत्तों से जुड़े नियमों की समीक्षा और सिफारिशें तैयार करने का कार्य करती है।

यह नियुक्ति संसद सदस्यों के वेतन एवं भत्ता अधिनियम, 1954 के तहत गठित संयुक्त समिति के तहत की गई है। इस समिति में लोकसभा के 10 और राज्यसभा के 5 सदस्य शामिल होते हैं, जो मिलकर सांसदों के वेतन, भत्तों और अन्य सुविधाओं से जुड़े प्रावधानों पर विचार करते हैं।

समिति का मुख्य उद्देश्य सांसदों के पारिश्रमिक ढांचे को समयानुकूल बनाना और प्रशासनिक आवश्यकताओं के अनुरूप उसमें आवश्यक संशोधनों की सिफारिश करना होता है। इसके साथ ही यह समिति यह भी देखती है कि सार्वजनिक प्रतिनिधियों के वेतन-भत्ते पारदर्शी और संतुलित हों।

बीरेंद्र प्रसाद बैश्य असम गण परिषद (Asom Gana Parishad) के वरिष्ठ नेता हैं और लंबे समय से संसदीय कार्यों में सक्रिय भूमिका निभाते रहे हैं। उनके अनुभव को देखते हुए उन्हें इस महत्वपूर्ण समिति की जिम्मेदारी सौंपी गई है।

संसदीय मामलों के जानकारों का कहना है कि यह समिति भले ही तकनीकी प्रकृति की हो, लेकिन इसके निर्णय सांसदों की वित्तीय सुविधाओं और संसदीय व्यवस्था के संचालन पर महत्वपूर्ण प्रभाव डालते हैं। इसलिए इसके अध्यक्ष की भूमिका काफी जिम्मेदारी भरी मानी जाती है।

इस नियुक्ति के बाद उम्मीद जताई जा रही है कि समिति आने वाले समय में सांसदों के वेतन और भत्तों से जुड़े विभिन्न पहलुओं की समीक्षा कर नई सिफारिशें प्रस्तुत कर सकती है।

नीलम मीणा बनीं पश्चिम बंगाल की नई मुख्य निर्वाचन अधिकारी

नई दिल्ली / सत्ता संदेश


भारतीय प्रशासनिक सेवा (आईएएस) की वरिष्ठ अधिकारी Neelam Meena को पश्चिम बंगाल की नई मुख्य निर्वाचन अधिकारी (Chief Electoral Officer) नियुक्त किया गया है। उनकी नियुक्ति सोमवार को की गई।

नीलम मीणा अब इस पद पर Manoj Kumar Agarwal की जगह लेंगी, जिन्हें हाल ही में राज्य का मुख्य सचिव नियुक्त किया गया था।

मुख्य निर्वाचन अधिकारी के रूप में नीलम मीणा का दायित्व राज्य में चुनावी प्रक्रिया की निगरानी, मतदाता सूची के अद्यतन और चुनाव आयोग के दिशा-निर्देशों के पालन को सुनिश्चित करना होगा। यह पद राज्य में स्वतंत्र और निष्पक्ष चुनाव कराने की दृष्टि से अत्यंत महत्वपूर्ण माना जाता है।

Election Commission of India द्वारा की गई इस नियुक्ति को आगामी चुनावी तैयारियों के लिहाज से भी अहम माना जा रहा है, क्योंकि राज्य में राजनीतिक गतिविधियां और चुनावी प्रबंधन लगातार सुर्खियों में रहते हैं।