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ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर 2 अक्टूबर को देशभर होगा प्रदर्शन… अभिजीत दीपके का ऐलान

नई दिल्ली / सत्ता संदेश

लोकतंत्र में चुनाव और वोट को सबसे अहम माना जाता है, लेकिन जब चुनाव प्रक्रिया और मतदाता सूची को लेकर सवाल उठते हैं तो विवाद भी गहरा जाता है। अब मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर कॉकरोच जनता पार्टी ने देशभर में प्रदर्शन का एलान किया है। पार्टी के संस्थापक अभिजीत दीपके ने कहा है कि 2 अक्तूबर से मुंबई के शिवाजी पार्क से आंदोलन शुरू होगा। उनका कहना है कि जब तक ज्ञानेश कुमार अपने पद से इस्तीफा नहीं देते, तब तक प्रदर्शन जारी रहेगा।

ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग क्यों कर रही सीजेपी?
मुंबई प्रेस क्लब में पत्रकारों से बातचीत में अभिजीत दीपके ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग की। उन्होंने कहा कि ज्ञानेश कुमार को पद छोड़ना चाहिए और उनके खिलाफ आपराधिक मामला दर्ज किया जाना चाहिए। दीपके ने कहा कि सीजेपी का विरोध केवल मुंबई तक सीमित नहीं रहेगा। पार्टी का कहना है कि 2 अक्तूबर को शिवाजी पार्क से प्रदर्शन शुरू करने के बाद इसे देश के अलग-अलग हिस्सों तक ले जाया जाएगा। उन्होंने साफ कहा कि ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे तक आंदोलन जारी रहेगा।


किन राज्यों में प्रदर्शन की तैयारी है?
सीजेपी संस्थापक ने बताया कि आंदोलन को कई राज्यों तक ले जाने की योजना है। पार्टी के मुताबिक प्रदर्शन इन जगहों पर किए जाएंगे। दीपके ने कहा कि अगर ज्ञानेश कुमार इस्तीफा नहीं देते हैं तो अक्तूबर के अंत से जंतर-मंतर पर भी आंदोलन किया जाएगा।

  • गोवा
  • कर्नाटक
  • पश्चिम बंगाल
  • उत्तर प्रदेश
  • बिहार
  • झारखंड

सीजेपी ने चुनाव आयुक्त की नियुक्ति को लेकर क्या मांग रखी?
सीजेपी ने केवल ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग ही नहीं की है। अभिजीत दीपके ने कहा कि मुख्य चुनाव आयुक्त की नियुक्ति की प्रक्रिया पारदर्शी होनी चाहिए। उन्होंने इसमें नागरिक समाज की भागीदारी की मांग भी रखी। इसके अलावा उन्होंने 2025 की मतदाता सूची को फ्रीज करने की बात कही। उनका कहना है कि मतदाता सूची में अब आगे किसी तरह का बदलाव नहीं किया जाना चाहिए। पार्टी का कहना है कि मतदाता सूची और चुनाव प्रक्रिया में पारदर्शिता जरूरी है।


मतदाता सूची और एसआईआर को लेकर विवाद क्या है?
ज्ञानेश कुमार को लेकर यह विरोध ऐसे समय में सामने आया है, जब मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण यानी एसआईआर को लेकर पहले से विवाद चल रहा है। इनपुट के मुताबिक, चुनाव आयुक्त सुखबीर सिंह संधू और विवेक जोशी ने पिछले 10 महीनों में कम से कम 14 मौकों पर कुछ फैसलों और आदेशों को लेकर आपत्ति दर्ज की थी। इनमें से कुछ फैसलों के बारे में दोनों चुनाव आयुक्तों ने कहा था कि उन्हें इसकी जानकारी नहीं थी। इसी मुद्दे को लेकर कई विपक्षी दलों ने भी ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग की है।

चुनाव आयोग ने आरोपों पर क्या कहा?
वहीं, चुनाव आयोग ने इन दावों पर अपना पक्ष स्पष्ट किया है। आयोग ने कहा है कि तीन सदस्यीय आयोग ने एसआईआर समेत सभी फैसले सर्वसम्मति से लिए हैं। यानी आयोग के मुताबिक मुख्य चुनाव आयुक्त और दोनों चुनाव आयुक्तों के बीच फैसलों को लेकर कोई ऐसा मतभेद नहीं था, जैसा कि रिपोर्टों में सामने आया। ऐसे में एक तरफ सीजेपी और कुछ विपक्षी दल चुनाव आयोग की कार्यप्रणाली को लेकर सवाल उठा रहे हैं, वहीं आयोग अपने सभी फैसलों को सर्वसम्मत बता रहा है।

क्या मुंबई में भी चुनाव आयोग के खिलाफ प्रदर्शन होगा?
चुनाव आयोग को लेकर महाराष्ट्र में भी विरोध की तैयारी है। सीजेपी ने 2 अक्तूबर को मुंबई के शिवाजी पार्क में प्रदर्शन करने का एलान किया है। वहीं, महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना और शिवसेना (यूबीटी) की ओर से भी 4 अक्तूबर को मुंबई में चुनाव आयोग के खिलाफ मोर्चा निकालने की बात कही गई है। सीजेपी के मुख्य प्रवक्ता सौरव दास ने कहा है कि युवाओं का यह आंदोलन व्यवस्था में बदलाव और मतदान के अधिकार को लेकर है। उन्होंने ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे तक आंदोलन जारी रखने की बात कही है।

पंजाब के लोकतांत्रिक इतिहास पर जितिंदर पन्नू की शोध पुस्तक का लोकार्पण, डॉ. एस.एस. जोहल ने की अध्यक्षता

लुधियाना / सत्ता संदेश

प्रगतिशील लेखक संघ, लुधियाना की ओर से पंजाबी साहित्य अकादमी, लुधियाना में वरिष्ठ पत्रकार एवं लेखक जितिंदर पन्नू की शोध आधारित पुस्तक ‘पंजाब का लोकतांत्रिक इतिहास’ का लोकार्पण किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता अंतरराष्ट्रीय ख्याति प्राप्त अर्थशास्त्री एवं पद्म भूषण डॉ. एस.एस. जोहल ने की।

कार्यक्रम में प्रगतिशील लेखक संघ के लुधियाना अध्यक्ष डॉ. गुलजार सिंह पंधेर ने अतिथियों और साहित्यकारों का स्वागत करते हुए आयोजन के उद्देश्य पर प्रकाश डाला। संघ के महासचिव जसवीर झाझ ने कहा कि जितिंदर पन्नू एक प्रख्यात पत्रकार होने के साथ-साथ शोधपरक लेखन के लिए भी जाने जाते हैं।

पुस्तक का परिचय देते हुए पंजाबी साहित्य अकादमी के पूर्व अध्यक्ष प्रो. गुरभजन सिंह गिल ने इसे एक महत्वपूर्ण संदर्भ दस्तावेज बताया। उन्होंने कहा कि पुस्तक में लोकतांत्रिक व्यवस्था से जुड़े ऐसे प्रमुख व्यक्तित्वों और उनके योगदान को दर्ज करने का प्रयास किया गया है, जिन्होंने विभिन्न क्षेत्रों में अपनी पहचान बनाई। उन्होंने कहा कि यह पुस्तक आगे के विस्तृत शोध के लिए आधारभूमि का काम कर सकती है और विश्वविद्यालयों, समाजशास्त्रियों, योजनाकारों तथा राजनीतिक वैज्ञानिकों के लिए भी उपयोगी संदर्भ बन सकती है।

कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए डॉ. एस.एस. जोहल ने कहा कि जितिंदर पन्नू ने पुस्तक में पंजाब के लोकतांत्रिक इतिहास का संक्षिप्त सार प्रस्तुत करने का प्रयास किया है। यदि इसमें प्रत्येक व्यक्तित्व का विस्तृत विवरण शामिल किया जाता तो पुस्तक का आकार और भी बड़ा हो जाता। उन्होंने कहा कि पुस्तक आम पाठकों के साथ-साथ सरकारी अधिकारियों के लिए भी महत्वपूर्ण जानकारी का स्रोत बन सकती है।

पुस्तक के लेखक जितिंदर पन्नू ने कहा कि उन्होंने यह पुस्तक केवल पत्रकार होने के नाते नहीं, बल्कि पंजाब की लोकतांत्रिक पृष्ठभूमि को दर्ज करने की आवश्यकता महसूस करते हुए लिखी है। उन्होंने कहा कि समय के साथ पंजाबी समाज अपने लोकतांत्रिक अतीत और पहले रहे जनप्रतिनिधियों के योगदान को भूलता जा रहा है। उन्होंने यह भी कहा कि आधिकारिक रिकॉर्ड में कई जगह गलतियां और अधूरी जानकारियां मिलती हैं, जिन्हें बाद के दस्तावेजों में भी दोहराया जाता रहा है।

पन्नू ने पूर्व मुख्यमंत्री प्रताप सिंह कैरों के निधन के बाद हुए उपचुनाव का उदाहरण देते हुए कहा कि उनकी पत्नी सरदारनी राम कौर का नाम कई जगहों पर दर्ज नहीं मिलता। उनके अनुसार, ऐसी ऐतिहासिक जानकारियों को सामने लाना भी पुस्तक तैयार करने के प्रमुख उद्देश्यों में शामिल रहा।

कार्यक्रम के अंत में प्रगतिशील लेखक संघ की वरिष्ठ उपाध्यक्ष सरदारनी इंद्रजीत पाल कौर भिंडर ने सभी उपस्थित लोगों का धन्यवाद किया।

इस अवसर पर प्राइम एशिया टीवी चैनल के सीईओ अमन खटकर, खालिद हुसैन, उपन्यासकार बलबीर परवाना, पंजाबी साहित्य अकादमी के पूर्व अध्यक्ष प्रो. रविंदर सिंह भठल, डॉ. निर्मल जोरा, डॉ. जगविंदर जोधा, गुरप्रीत सिंह तूर, के. साधु सिंह, प्रिंसिपल कृष्ण सिंह, डॉ. गुरइकबाल सिंह, तेज प्रताप सिंह संधू, बृज भूषण गोयल, राजदीप सिंह तूर, बरजिंदर कौर बिसराव, सुरिंदर दीप, हरविंदर थरीके, मलकियत सिंह औलख, तरलोचन झंडे, भगवान ढिल्लों, दलवीर लुधियानवी, हरीश मोदगिल, विजय, अश्वनी जेटली प्रेम, डॉ. तरलोचन सिंह, जनमेजा सिंह जोहल और डॉ. दुलचा सिंह बराड़ सहित बड़ी संख्या में साहित्यकार एवं गणमान्य लोग मौजूद रहे।

NSO ने अक्टूबर 2026 सर्वे अभियान शुरू किया, नागरिकों और उद्यमों से सहयोग की अपील

चंडीगढ़, 2 अक्टूबर 2026: भारत सरकार के सांख्यिकी एवं कार्यक्रम कार्यान्वयन मंत्रालय के अधीन राष्ट्रीय सांख्यिकी कार्यालय (NSO) के क्षेत्र संकार्य प्रभाग (FOD) ने अक्टूबर 2026 के दौरान विभिन्न जिलों में सर्वेक्षण अभियान शुरू किया है। NSO ने नागरिकों और उद्यमों से सर्वेक्षण अधिकारियों को आवश्यक सहयोग देने और सही एवं पूर्ण जानकारी उपलब्ध कराने की अपील की है।

राष्ट्रीय सांख्यिकी कार्यालय का क्षेत्र संकार्य प्रभाग वर्ष 1950 से परिवारों एवं प्रतिष्ठानों से विभिन्न प्रकार की सांख्यिकीय सूचनाएं एकत्र करता आ रहा है। इन आंकड़ों का उपयोग राष्ट्रीय और राज्य स्तर पर योजना निर्माण, नीतियां तैयार करने और विकास कार्यों के लिए किया जाता है।

NSO के अनुसार, सर्वेक्षण के दौरान प्रशिक्षित अधिकारी e-Sigma सॉफ्टवेयर से युक्त हैंडहेल्ड डिजिटल उपकरणों (टैबलेट) का इस्तेमाल करते हैं। वहीं, उद्यम सर्वेक्षणों के लिए निर्धारित सुरक्षित वेब पोर्टलों के माध्यम से भी आंकड़े एकत्र किए जाते हैं।

आंकड़ों की गोपनीयता पर जोर

NSO ने स्पष्ट किया है कि सर्वेक्षणों के दौरान एकत्र की जाने वाली सभी सूचनाओं को पूरी तरह गोपनीय रखा जाता है। सर्वेक्षण में शामिल परिवारों और उद्यमों की पहचान किसी भी रिपोर्ट या प्रकाशित आंकड़ों में उजागर नहीं की जाती। एकत्रित जानकारी का इस्तेमाल केवल सांख्यिकीय उद्देश्यों के लिए किया जाता है।

अक्टूबर 2026 के दौरान विभिन्न जिलों में NSO (FOD) द्वारा किए जाने वाले सर्वेक्षणों का विवरण संबंधित परिशिष्ट में दिया गया है। इसके अलावा, थोक मूल्य सूचकांक, क्रेता मूल्य सूचकांक, औद्योगिक उत्पादन सूचकांक तथा निगमित सेवा क्षेत्र उद्यमों के वार्षिक सर्वेक्षण के लिए चयनित इकाइयों को नोटिस भी भेजे गए हैं।

इन सर्वेक्षणों के लिए NSO (FOD) के अधिकारी समय-समय पर संबंधित इकाइयों से संपर्क कर आंकड़ों का संकलन करेंगे। विभाग ने संबंधित नागरिकों और उद्यमों से अपील की है कि वे अधिकारियों को आवश्यक जानकारी उपलब्ध कराने में सहयोग करें।

NSO ने कहा कि नागरिकों और उद्यमों की सक्रिय सहभागिता से सटीक सांख्यिकीय आंकड़े तैयार करने में मदद मिलेगी, जो देश में बेहतर योजना निर्माण और विकास कार्यों के लिए महत्वपूर्ण हैं।

पंजाब में महिलाओं को बड़ी सौगात, CM मान ने जारी की मावां धीयां सत्कार योजना की दूसरी किस्त

तरनतारन / सत्ता संदेश

पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने गुरुवार को तरन तारन के गोइंदवाल साहिब स्थित अनाज मंडी में आयोजित राज्य स्तरीय समारोह के दौरान मुख्यमंत्री मावां धीयां सत्कार योजना की दूसरी किस्त जारी की। इसके तहत तीन महीने की एकमुश्त वित्तीय सहायता लाभार्थी महिलाओं के बैंक खातों में ट्रांसफर की गई।

दूसरी किस्त के तहत 36,87,677 महिलाओं के खातों में कुल करीब 1,260 करोड़ रुपये ट्रांसफर किए जा रहे हैं। सामान्य वर्ग की पात्र महिलाओं को तीन महीने के लिए 3,000 रुपये, जबकि अनुसूचित जाति की महिलाओं को 4,500 रुपये मिलेंगे।

इस योजना के तहत सामान्य वर्ग की पात्र महिलाओं को हर महीने 1,000 रुपये, जबकि अनुसूचित जाति की महिलाओं को 1,500 रुपये की वित्तीय सहायता देने का प्रावधान है। राशि सीधे लाभार्थियों के बैंक खातों में डीबीटी के माध्यम से पहुंचाई जाती है।

जुलाई में जारी हुई थी पहली किस्त

योजना की पहली किस्त जुलाई 2026 में जारी की गई थी। उस समय भी पात्र महिलाओं को तीन महीने की राशि एकमुश्त दी गई थी। सामान्य वर्ग की महिलाओं को 3,000 रुपये और अनुसूचित जाति की महिलाओं को 4,500 रुपये मिले थे।

सरकार के अनुसार, नई किस्त के बाद योजना के तहत अब तक कुल 73.99 लाख महिलाओं के खातों में करीब 2,562 करोड़ रुपये पहुंचाए जाने हैं।

शिक्षा और बिजली को लेकर CM मान के दावे

गोइंदवाल साहिब में आयोजित कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री भगवंत मान ने पंजाब सरकार की विभिन्न योजनाओं और उपलब्धियों का भी जिक्र किया। उन्होंने शिक्षा व्यवस्था में सुधार का दावा करते हुए कहा कि पिछले कुछ वर्षों में राज्य ने शिक्षा के क्षेत्र में महत्वपूर्ण प्रगति की है। उन्होंने NEET में पंजाब के विद्यार्थियों के प्रदर्शन में बढ़ोतरी का भी उल्लेख किया।

मुख्यमंत्री ने 600 यूनिट तक मुफ्त बिजली उपलब्ध कराने और निजी थर्मल पावर प्लांट खरीदने समेत सरकार की अन्य पहलों का भी जिक्र किया।

कांग्रेस और विपक्ष पर साधा निशाना

मुख्यमंत्री भगवंत मान ने कांग्रेस और अन्य राजनीतिक दलों पर भी निशाना साधा। उन्होंने पंजाब कांग्रेस में नेतृत्व को लेकर चल रही राजनीतिक गतिविधियों का जिक्र करते हुए विपक्ष पर आपसी खींचतान में उलझे होने का आरोप लगाया।

मान ने पंजाब की पिछली सरकारों का जिक्र करते हुए कहा कि लंबे समय तक सत्ता में रहे राजनीतिक परिवारों का दौर खत्म हुआ है और उनकी सरकार आम लोगों के लिए काम कर रही है। मुख्यमंत्री के ये बयान उनके कार्यक्रम में दिए गए राजनीतिक संबोधन का हिस्सा रहे।

भारत ने पाकिस्तान को 4-3 से हराकर एशियन गेम्स 2026 हॉकी फाइनल में बनाई जगह

खेल डेस्क / सत्ता संदेश

भारत की मेंस हॉकी टीम ने एशियन गेम्स 2026 के फाइनल में जगह बना ली है। पहले सेमीफाइनल में भारत ने पाकिस्तान को रोमांचक मुकाबले में 4-3 से शिकस्त दी। मैच का फैसला आखिरी मिनट में हुआ, जब अभिषेक ने निर्णायक गोल दागकर भारत को जीत दिलाई।

भारत ने मुकाबले की शुरुआत आक्रामक अंदाज में की। पहले क्वार्टर में भारतीय टीम ने पाकिस्तान पर 2-0 की बढ़त बना ली। दूसरे क्वार्टर में भारत ने एक और गोल करते हुए स्कोर 3-0 कर दिया। इस बढ़त के बाद भारत की स्थिति मजबूत नजर आ रही थी, लेकिन पाकिस्तान ने जोरदार वापसी की।

पाकिस्तान ने लगातार हमले करते हुए भारत की तीन गोल की बढ़त को खत्म कर दिया और स्कोर 3-3 से बराबर कर दिया। इसके बाद दोनों टीमों के बीच आखिरी मिनट तक कड़ा मुकाबला देखने को मिला।

मैच के निर्णायक क्षण में अभिषेक ने गोल दागकर भारत को 4-3 की बढ़त दिलाई, जो अंत तक कायम रही। इस गोल के साथ भारत ने फाइनल का टिकट पक्का कर लिया।

भारत की ओर से हरमनप्रीत सिंह ने दो गोल, जबकि सुखजीत सिंह ने एक गोल किया। इसके बाद अभिषेक का आखिरी मिनट में आया गोल भारत की जीत का निर्णायक गोल साबित हुआ।

28 साल बाद बना खास संयोग

भारत की मेंस हॉकी टीम के फाइनल में पहुंचने के साथ एशियन गेम्स में एक खास संयोग भी बना है। 1998 के बाद यह पहला मौका है जब भारत की पुरुष और महिला दोनों हॉकी टीमें एशियन गेम्स के फाइनल में पहुंची हैं। महिला टीम ने अपने सेमीफाइनल मुकाबले में कोरिया को हराकर फाइनल में जगह बनाई थी।

अब भारत की नजरें एशियन गेम्स 2026 में हॉकी के दोनों स्वर्ण पदकों पर होंगी।

माछीवाड़ा मंडी में सड़े सेब और बदरंग अनार की बिक्री, स्वास्थ्य को लेकर उठे सवाल

माछीवाड़ा सब्जी मंडी में 20 रुपये किलो सेब और 25 रुपये किलो अनार की बिक्री के दौरान कई फल सड़े और बदरंग मिले। स्वास्थ्य विभाग ने जांच और कार्रवाई की बात कही।

माछीवाड़ा / सत्ता संदेश

रिपोर्ट : जसबीर सिंह अलबेला

माछीवाड़ा की सब्जी मंडी में बेहद कम कीमत पर सड़े-गले सेब और बदरंग अनार की बिक्री का मामला सामने आया है। इसी मंडी से माछीवाड़ा शहर के अलावा आसपास के गांवों में भी फल और सब्जियों की सप्लाई होती है। ऐसे में खराब फलों की बिक्री को लेकर लोगों के स्वास्थ्य पर सवाल खड़े हो गए हैं।

मंडी में जायजा लेने पर हिमाचल प्रदेश से आई सेब और अनार की कई पेटियां बिक्री के लिए रखी मिलीं। इनमें कई सेब सड़े हुए नजर आए, जबकि कुछ अनार का रंग भी बदला हुआ था। हैरानी की बात यह रही कि मंडी में सेब महज 20 रुपये किलो और अनार करीब 25 रुपये किलो के भाव पर बेचे जा रहे थे।

मंडी में मौजूद आढ़तियों के मुताबिक हिमाचल प्रदेश के किसान अच्छे फलों की छंटाई कर उन्हें अलग पेटियों में रखते हैं, जबकि खराब, दागी या कम गुणवत्ता वाले फलों को अलग करके कम कीमत पर मंडियों में भेजा जाता है। आढ़तियों ने बताया कि कम कीमत में मिलने वाले ऐसे फल अक्सर गांवों में फेरी लगाकर फल बेचने वाले विक्रेता खरीदकर ले जाते हैं।

कुछ आढ़तियों का कहना था कि कई लोग सड़े हुए सेब का खराब हिस्सा काटकर बाकी फल इस्तेमाल कर लेते हैं। वहीं, खराब अनार को जूस की रेहड़ियां लगाने वाले खरीदकर दूसरे फलों के साथ मिलाकर इस्तेमाल करते हैं। हालांकि, ऐसे फलों के सेवन से स्वास्थ्य पर क्या असर पड़ सकता है, यह खाद्य सुरक्षा और स्वास्थ्य अधिकारियों की जांच का विषय है।

मामला सामने आने के बाद स्वास्थ्य विभाग की निगरानी और कार्रवाई को लेकर भी सवाल उठ रहे हैं। सड़े-गले फलों की तस्वीरें दिखाए जाने पर माछीवाड़ा के एसएमओ डॉ. लखविंदर सिंह ने कहा कि स्वास्थ्य विभाग की टीम सब्जी मंडी में जाकर बिक्री हो रहे फलों की जांच करेगी। उन्होंने कहा कि जांच के दौरान यदि किसी प्रकार की लापरवाही या नियमों का उल्लंघन पाया गया तो नियमानुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी।

अब देखना होगा कि स्वास्थ्य विभाग की जांच में मंडी में बिक रहे इन फलों की गुणवत्ता को लेकर क्या स्थिति सामने आती है और खराब फल बेचने वालों के खिलाफ क्या कार्रवाई की जाती है।

समराला अनाज मंडी में धान खरीद की औपचारिक शुरुआत, पहली बोली ₹2467 प्रति क्विंटल

समराला / सत्ता संदेश

समराला की अनाज मंडी में धान की फसल की खरीद की औपचारिक शुरुआत हलके के विधायक जगतार सिंह दयालपुरा ने की। इस दौरान मंडी में पहुंचने वाले पहले किसान प्रिंस दीप सिंह की धान की फसल की पहली बोली ₹2467 प्रति क्विंटल तय हुई। अच्छा रेट मिलने पर किसान ने खुशी जाहिर की।

धान खरीद की शुरुआत करते हुए विधायक जगतार सिंह दयालपुरा ने कहा कि पंजाब सरकार किसानों की फसल का एक-एक दाना खरीदने के लिए पूरी तरह तैयार है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि अनाज मंडियों में किसानों को बारदाने, पीने के पानी और अन्य जरूरी सुविधाओं को लेकर किसी तरह की परेशानी नहीं होनी चाहिए।

इस मौके पर आढ़ती एसोसिएशन के अध्यक्ष आलमदीप सिंह ने कहा कि आढ़ती हमेशा किसानों की सेवा के लिए तैयार रहते हैं। उन्होंने भरोसा दिलाया कि मंडी में फसल की कटाई और नीलामी का काम समय पर पूरा किया जाएगा।

आलमदीप सिंह ने प्रशासन से अपील की कि मंडी में पहुंचने वाली कटी हुई धान की फसल की लिफ्टिंग भी साथ-साथ करवाई जाए, ताकि मंडी में अनाज का ढेर न लगे और किसानों को अपनी फसल उतारने में परेशानी का सामना न करना पड़े।

धान खरीद की शुरुआत के मौके पर बड़ी संख्या में किसान, आढ़ती और संबंधित अधिकारी मौजूद रहे।

फिलौर के बाउली साहिब के आसपास शराब, मीट-मछली और तंबाकू की दुकानों को लेकर रोष

फिलौर / सत्ता संदेश

ऐतिहासिक गुरुद्वारा पातशाही छठी बाउली साहिब के आसपास शराब के ठेके, मीट-मछली और बीड़ी-सिगरेट की दुकानों को लेकर सिख संगतों में रोष देखने को मिल रहा है। संगतों ने प्रशासन से मामले की जांच कर उचित कार्रवाई करने की मांग की है।

इसी मुद्दे को लेकर शिरोमणि अकाली दल अमृतसर के हलका इंचार्ज सुरजीत सिंह खालिस्तानी की अगुवाई में विभिन्न सिख संगठनों के प्रतिनिधियों ने एसडीएम फिलौर के नाम मांग पत्र नायब तहसीलदार कुलदीप सिंह को सौंपा।

सुरजीत सिंह खालिस्तानी ने कहा कि बाउली साहिब में दूर-दराज से बड़ी संख्या में संगत माथा टेकने पहुंचती है। ऐसे में धार्मिक स्थल के आसपास शराब, मीट और तंबाकू की दुकानों को लेकर संगत की धार्मिक भावनाओं का ध्यान रखा जाना चाहिए। उन्होंने प्रशासन से मामले की जांच कर उचित कार्रवाई करने की मांग की।

वहीं तहसील जत्थेदार तरना दल फिलौर कर्नैल सिंह ने कहा कि यदि कहीं सरकारी नियमों या लाइसेंस की शर्तों का उल्लंघन हो रहा है, तो संबंधित विभाग मामले की जांच कर कानून के अनुसार कार्रवाई करे।

सिख संगठनों ने प्रशासन को छह दिन का अल्टीमेटम देते हुए मांग की है कि इस अवधि में मामले की गंभीरता से जांच कर समाधान किया जाए। संगठनों ने कहा कि यदि निर्धारित समय में कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई, तो रोष प्रदर्शन और संघर्ष को तेज करने संबंधी अगला फैसला लिया जाएगा।

इस मौके पर जत्थेदार तरलोचन सिंह हरियां वेलां वाले, बलवीर सिंह कंदोला खुर्द, प्रदीप सिंह सेखूपुर, परमिंदर सिंह मठड्डा खुर्द, यतन सिंह बुढ़ा दल, कमलजीत सिंह मठड्डा खुर्द, हैप्पी कंदोला खुर्द, गुरमेल सिंह जत्थेदार, जत्थेदार कुलविंदर सिंह और कश्मीर सिंह हरियां वेलां वाले समेत कई सिख संगतों और संगठनों के प्रतिनिधि मौजूद रहे।

सऊदी अरब में पंजाबी युवक को मौत की सजा, परिवार ने भारत सरकार से लगाई मदद की गुहार

नंगल / सत्ता संदेश

सऊदी अरब में नंगल के लोअर पट्टी गांव के रहने वाले पंजाबी युवक गुरप्रीत सिंह को मौत की सजा सुनाए जाने की जानकारी सामने आई है। परिवार ने भारत सरकार, भारतीय दूतावास और संबंधित अधिकारियों से मामले में हस्तक्षेप कर गुरप्रीत को कानूनी एवं कूटनीतिक सहायता उपलब्ध कराने की अपील की है।

परिवार के मुताबिक, गुरप्रीत सिंह करीब चार साल पहले नौकरी की तलाश में मस्कट गया था, जहां वह ट्रक ड्राइवर के तौर पर काम करता था। इसके बाद वह सऊदी अरब गया। परिवार का कहना है कि करीब दो साल पहले उसे सऊदी अरब में ड्रग तस्करी के आरोप में गिरफ्तार किया गया था।

परिवार को 25 सितंबर को गुरप्रीत को मौत की सजा सुनाए जाने की जानकारी मिली। इस खबर के बाद परिवार में चिंता का माहौल है।

परिवार के अनुसार, गुरप्रीत अपने परिवार का इकलौता बेटा है और उसके पिता का पहले ही निधन हो चुका है। उसकी बुजुर्ग मां सतवंत कौर और अन्य परिजनों ने सरकार से मामले में तत्काल मदद की मांग की है।

परिवार ने स्थानीय विधायक के साथ-साथ सरबत दा भला चैरिटेबल ट्रस्ट के एसपी ओबेरॉय से भी सहायता की अपील की है। परिवार की मांग है कि गुरप्रीत को कानूनी सहायता उपलब्ध करवाने के साथ-साथ मामले में जरूरी कूटनीतिक प्रयास किए जाएं।

अब परिवार की नजर भारत सरकार और संबंधित अधिकारियों की अगली कार्रवाई पर है।

शैवी इंग्लिश हट के ‘सह एक्सीलेंस गाला एंड अवॉर्ड्स नाइट’ में हुनर और उपलब्धियों का जश्न

लुधियाना / सत्ता संदेश

रिपोर्ट : विशाल कपूर

शैवी इंग्लिश हट की ओर से ‘सह एक्सीलेंस गाला एंड अवॉर्ड्स नाइट’ का भव्य आयोजन क्लब एक्वा, एआईपीएल में किया गया। कार्यक्रम में 4 से 18 वर्ष की आयु के विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक हिस्सा लेते हुए अपनी प्रतिभा, आत्मविश्वास और अभिव्यक्ति का शानदार प्रदर्शन किया। बच्चों की डांस और म्यूजिक परफॉर्मेंस ने पूरे हॉल को तालियों से गूंजा दिया।

कार्यक्रम का उद्देश्य बच्चों को कक्षा और किताबों से बाहर ऐसा मंच उपलब्ध करवाना था, जहां वे अपनी प्रतिभा को खुलकर प्रस्तुत कर सकें और मंच पर अपनी बात रखने का आत्मविश्वास विकसित कर सकें। कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों ने विभिन्न श्रेणियों में अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया और उनके प्रयास, सहभागिता एवं उपलब्धियों के लिए उन्हें सम्मानित किया गया।

बच्चों की शानदार प्रस्तुतियों ने कार्यक्रम में मौजूद अभिभावकों और दर्शकों का खूब मनोरंजन किया। बड़ी संख्या में अभिभावकों ने कार्यक्रम में पहुंचकर बच्चों का उत्साह बढ़ाया और उनकी प्रस्तुतियों की सराहना की।

इस अवसर पर लुधियाना की कई जानी-मानी हस्तियों और शैवी इंग्लिश हट की यात्रा में महत्वपूर्ण योगदान देने वाले सहयोगियों को भी ‘लुधियाना एचीवर्स अवॉर्ड्स’ से सम्मानित किया गया। सम्मानित व्यक्तित्वों ने अपने-अपने क्षेत्रों में उल्लेखनीय योगदान देने के साथ-साथ शैवी इंग्लिश हट की विभिन्न पहलों में भी सहयोग दिया है।

कार्यक्रम की संस्थापक शैवी जैन ने कहा कि बच्चों की सीख केवल कक्षा और किताबों तक सीमित नहीं होनी चाहिए। बच्चों को वास्तविक जीवन के अनुभव, मंच और अपनी बात रखने के अवसर मिलना भी जरूरी है। उन्होंने कहा कि जब बच्चे मंच पर आते हैं, अपनी बात रखते हैं और दर्शकों के सामने प्रदर्शन करते हैं, तो वे केवल अंग्रेजी नहीं सीखते, बल्कि आत्मविश्वास, अभिव्यक्ति और जीवन कौशल भी सीखते हैं।

उन्होंने कहा कि ‘सह एक्सीलेंस गाला एंड अवॉर्ड्स नाइट’ इसी सोच का उत्सव था, जिसमें बच्चों की प्रतिभा, अभिभावकों के सहयोग और शिक्षा व बच्चों के क्षेत्र में योगदान देने वाले लुधियाना के लोगों को एक मंच पर सम्मानित किया गया