ब्रेकिंग न्यूज़
Hoshiarpur : बंद के दौरान मिनी सेक्रेटेरिएट खुलने पर विरोध, चेतावनी के बाद प्रशासन ने कराया खाली

होशियारपुर बंद के दौरान मिनी सेक्रेटेरिएट खुलने पर विभिन्न संगठनों ने विरोध प्रदर्शन किया। पुतला फूंकने की चेतावनी के बाद प्रशासन ने तुरंत कार्रवाई करते हुए सेक्रेटेरिएट खाली कराया।

Report : Amrik Kumar

होशियारपुर / सत्ता संदेश

विभिन्न संगठनों द्वारा बुलाए गए होशियारपुर बंद के दौरान उस समय तनाव की स्थिति बन गई, जब मिनी सेक्रेटेरिएट खुला मिला। इसे लेकर प्रदर्शनकारी संगठनों ने कड़ा विरोध जताते हुए मुख्य कार्यालय के बाहर धरना दिया और कुछ समय के लिए जाम लगा दिया।

प्रदर्शन कर रहे नेताओं का कहना था कि बंद के आह्वान के बावजूद सरकारी कार्यालयों का खुला रहना आंदोलन की भावना के विपरीत है। उन्होंने प्रशासन को चेतावनी दी कि यदि आधे घंटे के भीतर मिनी सेक्रेटेरिएट खाली नहीं कराया गया, तो वे प्रशासन का पुतला जलाकर विरोध प्रदर्शन तेज करेंगे।

प्रदर्शनकारियों ने कहा कि सरकारी कार्यालयों को खुला रखना बंद का समर्थन कर रहे संगठनों के साथ अन्याय है और इसे किसी भी कीमत पर स्वीकार नहीं किया जाएगा।

प्रशासन का एक्शन

प्रदर्शनकारियों की चेतावनी के बाद स्थानीय प्रशासन हरकत में आया। हालात बिगड़ने की आशंका को देखते हुए प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुंचे और प्रदर्शनकारियों से बातचीत की।

इसके बाद प्रशासन ने मिनी सेक्रेटेरिएट को खाली कराने की प्रक्रिया शुरू की। अधिकारियों ने प्रदर्शनकारियों को आश्वस्त किया कि परिसर में मौजूद कर्मचारियों को बाहर भेज दिया जाएगा, जिसके बाद स्थिति सामान्य हो गई।

पुलिस और प्रशासन की मौजूदगी में पूरे घटनाक्रम के दौरान कानून-व्यवस्था बनाए रखी गई और किसी अप्रिय घटना की सूचना नहीं मिली।

Machhiwara : पंजाब बंद का माछीवाड़ा में व्यापक असर, सफाई कर्मचारियों के समर्थन में बंद रहे बाजार

माछीवाड़ा में सफाई कर्मचारियों के पंजाब बंद का व्यापक असर देखने को मिला। बाजार और सब्जी मंडी बंद रही, जबकि पुलिस प्रशासन पूरे दिन मुस्तैद रहा। बैंक, स्कूल और यातायात सामान्य रहे।

माछीवाड़ा साहिब / सत्ता संदेश

सफाई कर्मचारियों द्वारा अपनी मांगों को लेकर 30 जुलाई को बुलाए गए पंजाब बंद का माछीवाड़ा में व्यापक असर देखने को मिला। बंद के समर्थन में शहर के मुख्य बाजार पूरी तरह बंद रहे। सुबह लगने वाली सब्जी मंडी भी बंद रही, जबकि व्यापारियों ने अपनी दुकानें बंद रखकर सफाई कर्मचारियों के आंदोलन का समर्थन किया।

पूरे दिन बाजारों में सन्नाटा पसरा रहा और सड़कों पर रेहड़ियां भी नजर नहीं आईं। हालांकि, बंद के दौरान बैंक और स्कूल सामान्य रूप से खुले रहे, जबकि यातायात भी बिना किसी बाधा के सुचारु रूप से चलता रहा।

सफाई सेवक यूनियन के नेता धर्मवीर पामे ने पत्रकारों से बातचीत में कहा कि बंद पूरी तरह शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न हुआ। उन्होंने आंदोलन को सफल बनाने में सहयोग देने वाले व्यापारियों और शहरवासियों का आभार जताया। उन्होंने सरकार से मांग की कि केवल आश्वासन देने के बजाय सफाई कर्मचारियों को नियमित (पक्का) करने संबंधी अधिसूचना जल्द जारी की जाए।

बंद के मद्देनजर पुलिस प्रशासन भी पूरी तरह सतर्क रहा। डीएसपी मुख्यालय गब्बर सिंह और थाना प्रभारी चरणजीत सिंह के नेतृत्व में पुलिस टीम ने शहर के विभिन्न बाजारों और प्रमुख स्थानों पर लगातार गश्त की, ताकि किसी भी अप्रिय घटना को रोका जा सके।

डीएसपी गब्बर सिंह ने बताया कि माछीवाड़ा में बंद पूरी तरह शांतिपूर्ण रहा और कहीं से भी किसी अप्रिय घटना की सूचना नहीं मिली। उन्होंने कहा कि व्यापारियों और सफाई कर्मचारियों ने भाईचारे और आपसी सहयोग का परिचय देते हुए शांतिपूर्ण माहौल बनाए रखा।

Rajpura : पंजाब बंद का राजपुरा में असर, सफाई कर्मचारियों के समर्थन में बंद रहा बाजार

सफाई सेवक यूनियन के पंजाब बंद को राजपुरा में व्यापक समर्थन मिला। दुकानदारों, रेहड़ी-फड़ी संचालकों और सामाजिक संगठनों ने कारोबार बंद रखा। पुलिस ने शांतिपूर्ण माहौल बनाए रखा।

राजपुरा / सत्ता संदेश

सफाई सेवक यूनियन के आह्वान पर 30 जुलाई को आयोजित पंजाब बंद का राजपुरा में व्यापक असर देखने को मिला। शहर के दुकानदारों, रेहड़ी-फड़ी संचालकों और विभिन्न सामाजिक संगठनों ने अपनी दुकानें और कारोबार बंद रखकर सफाई कर्मचारियों के आंदोलन का समर्थन किया।

बंद के दौरान सफाई कर्मचारियों ने शहर में रोष मार्च निकाला और व्यापारियों सहित आम लोगों से आंदोलन में शामिल होने की अपील की। यूनियन नेताओं ने कहा कि यदि समाज का हर वर्ग उनके संघर्ष में साथ देगा, तो वे भी भविष्य में हर वर्ग के हितों की लड़ाई में कंधे से कंधा मिलाकर खड़े रहेंगे।

यूनियन ने बरनाला में प्रदर्शन के दौरान हुए कथित लाठीचार्ज की निंदा करते हुए सरकार से मामले के लिए जिम्मेदार पुलिस अधिकारियों, जिनमें एसपी, डीएसपी और एसएचओ शामिल हैं, के खिलाफ सख्त कार्रवाई और उन्हें सेवा से बर्खास्त करने की मांग की। नेताओं ने स्पष्ट किया कि जब तक उनकी मांगें पूरी नहीं होतीं, आंदोलन जारी रहेगा।

इस दौरान सफाई कर्मचारी यूनियन के अध्यक्ष अशोक कुमार बिट्टू, हंसराज, जसबीर सिंह, जय भीम मंच के अध्यक्ष सुखविंदर सिंह सुखी समेत कई सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधि और कार्यकर्ता मौजूद रहे।

वहीं, बंद को देखते हुए पुलिस प्रशासन भी पूरी तरह सतर्क रहा। थाना प्रभारी (एसएचओ) गुरसेवक सिंह ने बताया कि पूरे शहर में माहौल शांतिपूर्ण रहा और किसी भी प्रकार की अप्रिय घटना सामने नहीं आई। उन्होंने कहा कि कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए सभी प्रमुख स्थानों पर पुलिस बल तैनात किया गया था और पूरे दिन निगरानी जारी रही।

Rajpura : पंजाब बंद का राजपुरा में असर, सफाई कर्मचारियों के समर्थन में बंद रहा बाजार

सफाई सेवक यूनियन के पंजाब बंद को राजपुरा में व्यापक समर्थन मिला। दुकानदारों, रेहड़ी-फड़ी संचालकों और सामाजिक संगठनों ने कारोबार बंद रखा। पुलिस ने शांतिपूर्ण माहौल बनाए रखा।

Samrala : पंजाब बंद का समराला में असर, सफाई कर्मचारियों के समर्थन में बंद रहे बाजार

सफाई सेवक यूनियन पंजाब के आह्वान पर समराला में पंजाब बंद का व्यापक असर देखने को मिला। बरनाला लाठीचार्ज के विरोध में बाजार बंद रहे और व्यापारियों ने सफाई कर्मचारियों के आंदोलन का समर्थन किया।

समराला / सत्ता संदेश

सफाई सेवक यूनियन पंजाब के आह्वान पर बरनाला में सफाई कर्मचारियों पर हुए कथित लाठीचार्ज के विरोध और अपनी विभिन्न मांगों को लेकर बुलाए गए पंजाब बंद का समराला में व्यापक असर देखने को मिला। शहर के अधिकांश बाजार पूरे दिन बंद रहे और व्यापारियों ने अपनी दुकानें बंद रखकर सफाई कर्मचारियों के आंदोलन का समर्थन किया।

यूनियन नेताओं ने कहा कि सफाई कर्मचारियों की लंबित मांगों को लंबे समय से नजरअंदाज किया जा रहा है। उन्होंने बरनाला में प्रदर्शन के दौरान हुए कथित लाठीचार्ज की निंदा करते हुए संबंधित पुलिस अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की।

प्रदर्शन के दौरान यूनियन नेताओं ने चेतावनी दी कि यदि उनकी मांगों का जल्द समाधान नहीं किया गया तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा। उन्होंने राजनीतिक रूप से यह भी मांग की कि आम आदमी पार्टी से चुनाव चिन्ह ‘झाड़ू’ वापस लिया जाए। साथ ही उन्होंने कहा कि वर्ष 2027 के पंजाब विधानसभा चुनाव में सफाई कर्मचारी और यूनियन से जुड़े सदस्य आम आदमी पार्टी का विरोध करेंगे।

बंद के दौरान समराला के मुख्य बाजारों में सामान्य कारोबार प्रभावित रहा। बड़ी संख्या में व्यापारियों ने स्वेच्छा से अपनी दुकानें बंद रखकर आंदोलन के प्रति समर्थन जताया।

फिलहाल सरकार की ओर से यूनियन की मांगों और बंद को लेकर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।