VC सतबीर सिंह के कार्यकाल बढ़ाने को लेकर कृषि विद्यार्थियों और डिग्रीधारकों ने पंजाब सरकार से की अपील
लुधियाना / सत्ता संदेश
रिपोर्ट : गुरलीन कौर
पंजाब कृषि विश्वविद्यालय (पीएयू) के वाइस चांसलर डॉ. सतबीर सिंह गोसाल के चार वर्षीय कार्यकाल के दौरान हुए विकास कार्यों और विश्वविद्यालय के हित में निभाई गई भूमिका को देखते हुए कृषि विद्यार्थियों और बेरोजगार कृषि डिग्रीधारक युवाओं ने पंजाब सरकार से उनका कार्यकाल बढ़ाने की जोरदार मांग की है।
विद्यार्थी नेता अंग्रेज मान ने कहा कि वर्ष 2022 में जब पंजाब कृषि विश्वविद्यालय में वाइस चांसलर का पद लंबे समय तक खाली रहा था, तब विद्यार्थियों ने स्थायी प्रमुख की नियुक्ति को लेकर जमीनी स्तर पर संघर्ष किया था। उनके मुताबिक, डॉ. गोसाल के पद संभालने के बाद विश्वविद्यालय के बुनियादी ढांचे, शोध कार्यों और कैंपस के सौंदर्यीकरण को नई दिशा मिली। साथ ही, उन्होंने युवाओं और कृषि डिग्रीधारकों से जुड़े रोजगार के मुद्दों पर भी लगातार पैरवी की।
विद्यार्थियों के अनुसार, डॉ. गोसाल ने स्कूलों में कृषि विषय को अनिवार्य करने, कृषि अध्यापकों, कृषि विकास अधिकारियों (ADO) और कृषि सब-इंस्पेक्टरों के रिक्त पद भरने जैसे मुद्दों को लेकर पंजाब सरकार, संबंधित मंत्रियों और मुख्य सचिव स्तर तक मामला उठाया। इस संबंध में आवश्यक सिफारिशें भी भेजी गईं।
युवा कृषि डिग्रीधारकों का कहना है कि पंजाब के कृषि क्षेत्र से जुड़े संकट, शोध कार्यों की निरंतरता और कृषि शिक्षा प्राप्त युवाओं के रोजगार से संबंधित लंबित मामलों को आगे बढ़ाने के लिए विश्वविद्यालय प्रशासन में डॉ. गोसाल का अनुभव महत्वपूर्ण है।
विद्यार्थी नेताओं सुनील कंबोज, अकासदीप, लवप्रीत कंबोज, सौरव, अनुवेस सहित अन्य ने पंजाब सरकार से अपील की कि विद्यार्थियों और कृषि हितों को ध्यान में रखते हुए डॉ. सतबीर सिंह गोसाल को कार्यकाल विस्तार दिया जाए। उनका कहना है कि इससे उनकी अगुवाई में रोजगार और कृषि शिक्षा से जुड़े लंबित मुद्दों को आगे बढ़ाने में मदद मिल सकती है।

