अमृतसर में ड्रग तस्करी से जुड़े परिवार के अवैध निर्माण पर कार्रवाई, हथौड़ों से गिराया गया ढांचा
अमृतसर / सत्ता संदेश
अमृतसर के गुज्जरपुरा इलाके में ड्रग तस्करी से जुड़े एक परिवार के कथित अवैध निर्माण के खिलाफ नगर निगम और अमृतसर पुलिस कमिश्नरेट ने संयुक्त कार्रवाई की। गली संकरी होने के कारण मौके पर JCB नहीं पहुंच सकी, जिसके बाद नगर निगम की टीम ने हथौड़ों की मदद से अवैध निर्माण को गिराया।
कार्रवाई के दौरान इलाके में भारी पुलिस बल तैनात रहा। पुलिस और नगर निगम की टीम ने सुरक्षा व्यवस्था के बीच निर्माण को हटाने की कार्रवाई की।
मीडिया से बातचीत करते हुए अमृतसर के पुलिस कमिश्नर हरमनबीर सिंह गिल ने बताया कि गुज्जरपुरा इलाके की रहने वाली रानी के खिलाफ पहले से छह मामले दर्ज हैं। पुलिस के अनुसार, उसके दो बेटों राजू और कीपा उर्फ चरणजीत सिंह के खिलाफ भी ड्रग तस्करी से जुड़े मामले दर्ज हैं।
पुलिस कमिश्नर ने कहा कि ड्रग्स के कारोबार से अर्जित धन से बनाई गई कथित गैर-कानूनी संपत्तियों और निर्माण की जांच की जा रही है। उन्होंने स्पष्ट किया कि जांच के बाद कानून के अनुसार कार्रवाई की जाएगी।
हरमनबीर सिंह गिल के मुताबिक रानी के खिलाफ दर्ज छह मामलों में से दो मामलों में उसे सजा हो चुकी है, जबकि दो मामलों में वह जमानत पर है और दो मामले अदालत में विचाराधीन हैं।
पुलिस कमिश्नर ने कहा कि आने वाले दिनों में अन्य संदिग्ध ड्रग तस्करों की संपत्तियों की भी जांच की जाएगी। जहां भी गैर-कानूनी निर्माण पाया जाएगा, वहां कानून के मुताबिक सख्त कार्रवाई की जाएगी। पुलिस द्वारा ड्रग तस्करी में शामिल लोगों की चल-अचल संपत्तियों से संबंधित जानकारी भी जुटाई जा रही है।
उन्होंने कहा कि पुलिस का फोकस केवल ड्रग तस्करों पर कार्रवाई तक सीमित नहीं है, बल्कि नशे की गिरफ्त में आए युवाओं को भी मुख्यधारा में वापस लाने का प्रयास किया जाएगा। इसके लिए बातचीत, काउंसलिंग और नशा मुक्ति केंद्रों के माध्यम से युवाओं को उपचार और सहायता उपलब्ध कराने पर जोर दिया जाएगा।
पुलिस कमिश्नर ने यह भी स्पष्ट किया कि ड्रग तस्करों के साथ किसी भी तरह की नरमी नहीं बरती जाएगी। उन्होंने कहा कि यदि पुलिस विभाग का कोई कर्मचारी या अधिकारी गैंगस्टरों या ड्रग तस्करों के साथ मिलीभगत करता पाया गया तो उसके खिलाफ बेहद सख्त कार्रवाई की जाएगी।
उन्होंने बताया कि नशा मुक्ति केंद्रों में भर्ती युवाओं का समुचित इलाज सुनिश्चित करने के लिए हेल्थ डिपार्टमेंट के साथ मिलकर भी काम किया जाएगा।
अमृतसर पुलिस और नगर निगम की इस संयुक्त कार्रवाई को ड्रग तस्करी के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान से जोड़कर देखा जा रहा है। पुलिस का कहना है कि ड्रग तस्करी से जुड़े लोगों की संपत्तियों और अवैध निर्माण की जांच आगे भी जारी रहेगी।

