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बजट 2026 की तैयारी: जानें सरकारी खजाने में लाखों करोड़ रुपये कहां से आते हैं और कैसे चलता है देश

बिजनेस डेस्क: देश का आम बजट 1 फरवरी, 2026 को संसद में पेश होने वाला है, जिसके लिए उल्टी गिनती शुरू हो गई है। अक्सर लोगों को लगता है कि सरकार सिर्फ टैक्स के पैसे से देश चलाती है, लेकिन कई दूसरे ज़रूरी सोर्स भी सरकारी खजाना भरने का काम करते हैं।

टैक्स – इकॉनमी की रीढ़: सरकार की इनकम का सबसे बड़ा सोर्स टैक्स है, जो दो तरह का होता है:

डायरेक्ट टैक्स: इसमें आम जनता द्वारा दिया जाने वाला इनकम टैक्स और कंपनियों द्वारा दिया जाने वाला कॉर्पोरेट टैक्स शामिल है।

इनडायरेक्ट टैक्स: इसमें बाज़ार से खरीदे गए सामान पर लगने वाला GST और पेट्रोल-डीज़ल या शराब पर लगने वाली एक्साइज़ ड्यूटी (एक्साइज़ ड्यूटी) शामिल है। इस पैसे का इस्तेमाल एडमिनिस्ट्रेशन और वेलफेयर स्कीम चलाने के लिए किया जाता है।

नॉन-टैक्स रेवेन्यू: टैक्स के अलावा, सरकार कई दूसरी सर्विसेज़ से भी पैसा इकट्ठा करती है:

– सरकारी सर्विसेज़ की फीस और ट्रैफिक नियम तोड़ने पर लगने वाले चालान।

– रेलवे, सरकारी बैंक, पोस्टल डिपार्टमेंट और ONGC जैसी कंपनियों का प्रॉफिट।

– कोयला खदानों, मिनरल्स और मोबाइल नेटवर्क के लिए स्पेक्ट्रम की नीलामी से हज़ारों करोड़ रुपये।

जब खर्च इनकम से ज़्यादा हो (उधार): जब सरकार की इनकम खर्च से कम हो जाती है, तो सरकार उधार लेने का रास्ता अपनाती है। इसके लिए सरकार मार्केट में बॉन्ड जारी करती है, जिन्हें बैंक और इंश्योरेंस कंपनियां खरीद लेती हैं।

इसके अलावा, लोगों का PPF या पोस्ट ऑफिस स्कीम में जमा पैसा और विदेशी संस्थाओं से लिया गया लोन भी डेवलपमेंट के कामों में इस्तेमाल होता है। कभी-कभी सरकार अपनी कंपनियों में हिस्सेदारी बेचकर भी फंड जुटाती है।

सोने-चांदी की कीमतों में भारी उतार-चढ़ाव: हफ्ते भर में चांदी 15,000 से ज़्यादा उछली; जानें 20, 22 और 24 कैरेट सोने की ताज़ा कीमतें

बिज़नेस डेस्क: पिछले एक हफ्ते में सोने और चांदी की कीमतों में काफी उतार-चढ़ाव देखने को मिला है। अगर आप इन्वेस्ट करने या ज्वेलरी खरीदने का प्लान बना रहे हैं, तो घरेलू मार्केट और MCX में इस बदलाव को समझना ज़रूरी है।

चांदी की कीमतों में बड़ा उछाल: पिछले हफ्ते चांदी की कीमतों में उछाल देखने को मिला है। 2 जनवरी को MCX पर चांदी 2,36,316 रुपये प्रति किलोग्राम पर थी, जो हफ्ते भर में 2,59,692 रुपये पर पहुंच गई। हालांकि, शुक्रवार को यह 2,52,002 रुपये प्रति किलोग्राम पर बंद हुई। इस तरह हफ्ते भर में चांदी की कीमत में 15,686 रुपये की बढ़ोतरी हुई है। चांदी अभी भी अपने ऑल-टाइम हाई से 7,690 रुपये सस्ती मिल रही है।

सोने का ट्रेंड: सोने की कीमतों में भी हफ्ते भर में बढ़ोतरी देखने को मिली है। 2 जनवरी 2025 को 24 कैरेट सोने का भाव 1,35,761 रुपये था, जो पांच कारोबारी दिनों में 3,114 रुपये प्रति 10 ग्राम बढ़कर शुक्रवार को 1,38,875 रुपये पर बंद हुआ। सोना अभी भी अपने लाइफटाइम हाई (1,40,465 रुपये) से 1,590 रुपये प्रति 10 ग्राम सस्ता है।

घरेलू बाज़ार में आज के दाम (IBJA के अनुसार): इंडियन बुलियन ज्वैलर्स एसोसिएशन के अनुसार, अलग-अलग क्वालिटी के सोने के दाम (प्रति 10 ग्राम) इस तरह हैं:

24 कैरेट सोना: Rs 1,37,120

22 कैरेट सोना: Rs 1,33,830

20 कैरेट सोना: Rs 1,22,040

18 कैरेट सोना: Rs 1,11,070

14 कैरेट सोना: Rs 88,440

ज़रूरी नोट: यह ध्यान देने वाली बात है कि ऊपर दिए गए दामों में GST और मेकिंग चार्ज शामिल नहीं हैं। जब आप किसी ज्वैलर से ज्वेलरी खरीदते हैं, तो ये एक्स्ट्रा चार्ज फ़ाइनल कीमत में जुड़ जाते हैं।

बजट 2026: रविवार, 1 फरवरी को पेश किया जाएगा देश का बजट !

नेशनल डेस्क: देश का यूनियन बजट-2026 इस बार 1 फरवरी को पेश किया जाएगा। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने संसद के बजट सेशन के लिए अपनी मंज़ूरी दे दी है, जो 28 जनवरी से शुरू होकर 2 अप्रैल तक चलेगा।

ज़रूरी तारीखें और प्रोग्राम: सेशन के प्रोग्राम के मुताबिक, राष्ट्रपति का पारंपरिक भाषण 28 जनवरी को होगा, जिसमें वे दोनों सदनों की जॉइंट मीटिंग को एड्रेस करेंगे। 29 जनवरी को बीटिंग रिट्रीट सेरेमनी की वजह से सदन की मीटिंग नहीं होगी। इसके बाद 30 जनवरी को इकोनॉमिक सर्वे पेश किए जाने की संभावना है। खास बात यह है कि रविवार होने के बावजूद बजट 1 फरवरी को पेश किया जाएगा।

दो फेज़ में होगा सेशन: बजट सेशन दो फेज़ में होगा। पहला फेज़ 13 फरवरी को खत्म होगा, जिसके बाद संसद करीब एक महीने के लिए स्थगित हो जाएगी। सेशन का दूसरा फेज़ 9 मार्च से शुरू होगा। वैसे तो सेशन आमतौर पर शुक्रवार को खत्म होता है, लेकिन 3 अप्रैल को गुड फ्राइडे होने की वजह से यह सेशन 2 अप्रैल (गुरुवार) को खत्म होगा।

बजट से जुड़ी कुछ खास बातें: इस बार का बजट कई मायनों में अलग होने वाला है। रविवार को बजट पेश होने के अलावा, चर्चा का एक और टॉपिक यह है कि इस बार फाइनेंस मिनिस्ट्री में फाइनेंस सेक्रेटरी नहीं है, फिर भी बजट की तैयारियां ज़ोरों पर हैं। फाइनेंस सेक्रेटरी आमतौर पर बजट प्रोसेस को दिशा देने और डिपार्टमेंट्स के बीच कोऑर्डिनेट करने के लिए ज़िम्मेदार होते हैं।

HDFC बैंक का न्यू ईयर गिफ्ट: होम और कार लोन EMI पर बड़ी राहत; MCLR रेट्स में कटौती

बिजनेस डेस्क: देश के सबसे बड़े प्राइवेट बैंक, HDFC बैंक ने अपने कस्टमर्स को लोन पर इंटरेस्ट रेट्स में कटौती करके न्यू ईयर का शानदार गिफ्ट दिया है। बैंक ने कुछ खास लोन टेन्योर पर अपने MCLR (मार्जिनल कॉस्ट ऑफ फंड्स-बेस्ड लेंडिंग रेट) रेट्स में 5 बेसिस पॉइंट्स (bps) तक की कमी की है।नए रेट्स कब से लागू होंगे? बैंक द्वारा बदले गए ये नए रेट्स 7 जनवरी, 2026 से लागू हो गए हैं। इस बदलाव के बाद, HDFC बैंक के MCLR रेट्स अब लोन टेन्योर के आधार पर 8.25% से 8.55% के बीच होंगे।

रेट्स में क्या बदलाव हुए हैं? सूत्रों के मुताबिक, बैंक ने अलग-अलग टेन्योर के लिए ये बदलाव किए हैं:

ओवरनाइट और एक महीने: इंटरेस्ट रेट 8.30% से घटाकर 8.25% कर दिया गया है।

तीन महीने: रेट 8.35% से घटाकर 8.30% कर दिया गया है।एक साल (ज़्यादातर लोन इसी से जुड़े हैं): इसे 8.45% से घटाकर 8.40% कर दिया गया है।

दो और तीन साल: ये रेट क्रम से 8.50% और 8.55% तय किए गए हैं।

कस्टमर्स को क्या फ़ायदा होगा? MCLR में कमी का सीधा मतलब है कि जिन कस्टमर्स के होम लोन, कार लोन या पर्सनल लोन इस अरेंजमेंट से जुड़े हैं, उनकी मंथली इंस्टॉलमेंट (EMI) कम हो जाएगी।

गौरतलब है कि MCLR वह मिनिमम इंटरेस्ट रेट है जिससे कम पर कोई भी बैंक लोन नहीं दे सकता।इसके साथ ही, बैंक सीनियर सिटिज़न्स के लिए FD पर 6.95% तक का मैक्सिमम इंटरेस्ट रेट देना जारी रखे हुए है।

सावधान! FASTag एनुअल पास के नाम पर हो रहा बड़ा फ्रॉड; NHAI ने जारी की चेतावनी

बिजनेस डेस्क: अगर आप अपनी गाड़ी के लिए FASTag एनुअल पास खरीदने का प्लान बना रहे हैं, तो यह खबर आपके लिए बहुत ज़रूरी है। नेशनल हाईवे अथॉरिटी ऑफ़ इंडिया (NHAI) ने गाड़ी चलाने वालों को एक नए तरह के साइबर फ्रॉड के बारे में अलर्ट किया है, जिसमें नकली वेबसाइट FASTag पास बेचने का दावा कर रही हैं।

कैसे हो रहा है फ्रॉड? साइबर क्रिमिनल्स ने लोगों को ठगने का एक नया तरीका ढूंढ लिया है। वे अलग-अलग सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म और मैसेज के ज़रिए नकली वेबसाइट और लिंक भेज रहे हैं, जो एक साल की वैलिडिटी वाला FASTag पास देने का दावा करते हैं। इन लिंक पर क्लिक करने से न सिर्फ़ आपको 3,000 रुपये तक का फ़ाइनेंशियल नुकसान हो सकता है, बल्कि आपकी पर्सनल जानकारी का गलत इस्तेमाल भी हो सकता है।

सिर्फ़ इस ऐप से ही मिल सकता है असली पास:

NHAI ने साफ़ किया है कि FASTag एनुअल पास सिर्फ़ और सिर्फ़ ‘राजमार्गयात्रा’ (हाईवे ट्रैवल) मोबाइल ऐप से ही खरीदा जा सकता है। इस ऐप के अलावा, कोई दूसरी वेबसाइट या प्लेटफ़ॉर्म इस पास को बेचने के लिए ऑथराइज़्ड नहीं है।

NHAI की एडवाइज़री: NHAI ने सोशल मीडिया प्लेटफ़ॉर्म ‘X’ (पहले Twitter) पर पोस्ट करके ये सावधानियां बरतने को कहा है:

– किसी भी अनजान लिंक पर क्लिक करने से बचें।

– अपनी गाड़ी या FASTag की डिटेल्स किसी अनजान सोर्स के साथ शेयर न करें।

– हमेशा ऑफिशियल राजमार्गयात्रा ऐप का इस्तेमाल करें।

अगर कोई आपको किसी दूसरी वेबसाइट के ज़रिए पास बेचने की कोशिश करता है, तो समझ लें कि यह एक जाल है।

सोने-चांदी की कीमतों में बड़ी गिरावट: सोना 800 रुपये और चांदी 3700 रुपये सस्ती हुई; जानें आज की ताज़ा कीमतें

बिजनेस डेस्क: पिछले कई दिनों से सोने-चांदी की कीमतों में चल रही रिकॉर्ड तेज़ी आज थम गई है। बुधवार को बुलियन मार्केट और वायदा बाजार (MCX) में दोनों कीमती धातुओं की कीमतों में भारी गिरावट दर्ज की गई है। इस गिरावट की मुख्य वजह मुनाफाखोरी और US डॉलर में मज़बूती को माना जा रहा है।

कीमत कितनी गिरी है?

सोना: MCX पर फरवरी कॉन्ट्रैक्ट वाले सोने की कीमत में करीब 794 रुपये की गिरावट देखी गई है। इस गिरावट के बाद 24 कैरेट सोने की कीमत 1,38,289 रुपये प्रति 10 ग्राम पर आ गई है।चांदी: चांदी की कीमतों में सोने से भी ज़्यादा गिरावट आई है। चांदी आज करीब 3,697 रुपये सस्ती हुई है, जिसके बाद प्रति किलोग्राम चांदी की कीमत 2,55,114 रुपये पर पहुंच गई है।

कीमतों में गिरावट के मुख्य कारण

प्रॉफिट बुकिंग: सोना और चांदी पिछले कुछ दिनों से अपने सबसे ऊंचे लेवल पर थे। ऊंची कीमतों के कारण, निवेशकों और बड़े फंड हाउस ने अपना प्रॉफिट सुरक्षित करने के लिए बिकवाली शुरू कर दी, जिससे कीमतों में गिरावट आई।

मजबूत डॉलर: इंटरनेशनल लेवल पर, US डॉलर इंडेक्स (DXY) मजबूत हुआ है। मजबूत डॉलर से दूसरे देशों के लिए सोना खरीदना महंगा हो जाता है, जिससे ग्लोबल डिमांड कम हो जाती है।

फेडरल रिजर्व पॉलिसी: US फेडरल रिजर्व द्वारा ब्याज दरों में कटौती की उम्मीद कम होने के कारण निवेशकों ने सोने के बजाय दूसरे ऑप्शन की ओर रुख किया है।

इंटरनेशनल मार्केट की स्थिति: पिछले सेशन में 3% की बढ़ोतरी के बाद आज इंटरनेशनल मार्केट में स्पॉट गोल्ड 0.6% गिरकर $4,469.04 प्रति औंस पर आ गया है। जियोपॉलिटिकल टेंशन और US प्रेसिडेंट की कुछ देशों को दी गई चेतावनी के कारण मार्केट में अभी भी उतार-चढ़ाव है।

बैंक कर्मचारी संघ ने राष्ट्रव्यापी हड़ताल का किया एलान, 4 दिनों तक बैंकिंग सेवाएं प्रभावित हो सकती हैं!

बिजनेस डेस्क : भारत में बैंक कर्मचारियों के यूनाइटेड फोरम ऑफ़ बैंक यूनियंस (UFBU) ने देशभर में हड़ताल का अल्टीमेटम दिया है, जो देश के सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों के कामकाज पर बड़ा असर डाल सकता है।

क्या होगा बंद?अगर हड़ताल होती है, तो सरकारी बैंकों के कामकाज में लगातार चार दिनों तक व्यवधान आ सकता है। इसका कारण यह है कि हड़ताल के पहले मुख्य रूप से तीन दिन बैंक छुट्टियाँ हैं — चौथा शनिवार, रविवार और 26 जनवरी गणतंत्र दिवस होने के कारण बैंक पहले से बंद रहेंगे। ऐसे में हड़ताल के बाद कुल मिलाकर बैंक लगातार चार दिनों तक काम नहीं करेंगे।

मांगें क्या हैं?

UFBU मुख्य रूप से 5-डेज़ वर्किंग वीक (5 दिन कार्य सप्ताह) लागू करने की मांग कर रहा है। वर्तमान में बैंक केवल कुछ शनीचर को ही छुट्टी देते हैं, जबकि यूनियन चाहती है कि सोमवार से शुक्रवार तक काम हो और शनिवार-रविवार दोनों छुट्टियाँ हों। वहीं, संघ यह भी कह रहा है कि वे प्रति दिन थोड़े अधिक कार्य घंटे स्वीकार करने को तैयार हैं जिससे कुल काम का समय कम न हो।

लोगों पर असर:अगर यह हड़ताल लागू होती है, तो ग्राहकों को बैंक शाखाओं में लेन-देन, जमा-निकासी, चेक क्लियरिंग और अन्य आवश्यक सेवाओं में लंबा इंतज़ार या परेशानी हो सकती है। विशेषज्ञों का कहना है कि इस दौरान लोग APIs, ATM और ऑनलाइन बैंकिंग का इस्तेमाल पहले से ज़्यादा कर सकते हैं, लेकिन कुछ कामों में देरी संभव है।

क्या करें? विशेषज्ञ सलाह दे रहे हैं कि अगर आपको बैंक से जुड़े कोई भी जरूरी काम करवाने हैं, तो उसे हड़ताल से पहले निपटा लें, अन्यथा कई दिनों तक इंतज़ार करना पड़ सकता है।

सोना और चांदी सस्ता हुआ ! एक हफ्ते में सोने की कीमत 4,000 से ज़्यादा गिरी, चांदी भी 3,000 हुई सस्ती

बिजनेस डेस्क: नए साल 2026 की शुरुआत के साथ ही कीमती धातुओं के बाज़ार में बड़ी गिरावट देखने को मिल रही है। साल 2025 में लगातार नए रिकॉर्ड बनाने के बाद अब सोने और चांदी की कीमतों में भारी गिरावट आई है। पिछले एक हफ्ते के अंदर सोना 4,000 रुपये प्रति 10 ग्राम से ज़्यादा और चांदी 3,000 रुपये प्रति किलो से ज़्यादा सस्ती हो गई है।

सोने की कीमतों में गिरावट: मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (MCX) के डेटा के मुताबिक, 26 दिसंबर 2025 को 24 कैरेट सोने की कीमत 1,39,873 रुपये प्रति 10 ग्राम थी, जो पिछले शुक्रवार तक घटकर 1,35,752 रुपये हो गई है। इस तरह एक हफ्ते में सोना 4,121 रुपये सस्ता हो गया है। अगर इसकी तुलना 1,40,456 रुपये के ऑल-टाइम हाई से की जाए, तो सोना अपने पीक से 4,704 रुपये गिर चुका है। घरेलू बाजार (IBJA) में 24 कैरेट सोने का रेट भी 1,37,956 रुपये से गिरकर 1,34,782 रुपये पर आ गया है।

चांदी की कीमतों में बड़ी गिरावट: चांदी की कीमतों में भी गिरावट जारी है। पिछले एक हफ्ते में चांदी 3,188 रुपये प्रति kg सस्ती हो चुकी है। 26 दिसंबर 2025 को चांदी का रेट 2,39,787 रुपये था, जो शुक्रवार को 2,36,599 रुपये पर बंद हुआ था। चांदी अपने ऑल-टाइम हाई (2,54,174 रुपये) से करीब 17,575 रुपये प्रति kg सस्ती मिल रही है।

साल 2026 के दूसरे दिन सोने और चांदी की कीमतों में बड़ा उछाल: चांदी 2.43 लाख के पार, सोने ने भी बनाया नया रिकॉर्ड

बिजनेस डेस्क: नए साल के दूसरे कारोबारी दिन देश के फ्यूचर मार्केट में सोने, चांदी और कॉपर की कीमतों में जबरदस्त तेजी दर्ज की गई है। सबसे ज्यादा उछाल चांदी में देखा गया है, जिसकी कीमतों ने एक ही दिन में लंबी छलांग लगाई है।

चांदी की कीमतों में रिकॉर्ड उछाल: सूत्रों के मुताबिक, मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (MCX) पर चांदी की कीमत 7,000 रुपये से ज्यादा की उछाल के साथ 2.43 लाख रुपये के लेवल को पार कर गई है। कारोबारी सेशन के दौरान चांदी 2,43,443 रुपये के हाई लेवल पर पहुंच गई, जबकि एक दिन पहले यह 2,35,873 रुपये पर बंद हुई थी। एक्सपर्ट्स का कहना है कि चांदी अब ‘रेयर अर्थ’ की कैटेगरी में आ गई है, जिसकी वजह से डिमांड ज्यादा और सप्लाई कम होने से कीमतों में भारी बढ़ोतरी हो रही है।

सोने की कीमतों में बढ़ोतरी: सोने की कीमतों में भी 1,000 रुपये से ज़्यादा की बढ़ोतरी देखी गई है। 10 ग्राम सोने की कीमत दिन के सबसे ऊंचे लेवल 1,36,999 रुपये पर पहुंच गई। सुबह करीब 10:05 बजे सोना 1,36,627 रुपये प्रति 10 ग्राम पर ट्रेड कर रहा था।

कीमतों में बढ़ोतरी के मुख्य कारण: सूत्रों के मुताबिक, कीमतों में इस बढ़ोतरी के कई मुख्य कारण हैं:

डॉलर इंडेक्स में गिरावट: US डॉलर के कमजोर होने से कीमतों को सपोर्ट मिल रहा है।

स्पॉट गोल्ड डिमांड: मार्केट में सोने की डिमांड में बढ़ोतरी हुई है।

चीन की सप्लाई पर रोक: चीन के सप्लाई रोकने से चांदी के रेट बढ़े हैं।

इसके अलावा कॉपर की कीमतों में भी 1.50 परसेंट का उछाल आया है, जिससे इसकी कीमत 1,312.05 रुपये प्रति किलोग्राम पर पहुंच गई है। एक्सपर्ट्स का अनुमान है कि आने वाले दिनों में इन कीमती धातुओं की कीमतों में और बढ़ोतरी हो सकती है।

नए साल पर सोने और चांदी की कीमतों में उतार-चढ़ाव: चांदी की कीमत में गिरावट, जानें 10 ग्राम सोने का लेटेस्ट भाव

बिजनेस डेस्क: नए साल के पहले दिन 1 जनवरी 2026 को सर्राफा बाजार में सोने और चांदी की कीमतों में थोड़ा बदलाव देखने को मिला। सोने की कीमतों में जहां मामूली बढ़त दर्ज की गई, वहीं चांदी की कीमतों में गिरावट आई है।

आज का सोने का भाव: सूत्रों के मुताबिक, सुबह करीब 10 बजे MCX पर 10 ग्राम सोने का भाव 1,35,202 रुपये था, जो 245 रुपये की बढ़त दिखाता है। दिन भर की ट्रेडिंग के दौरान सोने ने 1,35,559 रुपये का हाई और 1,35,202 रुपये का लो दर्ज किया।चांदी की कीमतों में गिरावट: चांदी खरीदने वालों के लिए राहत की खबर है क्योंकि इसकी कीमतों में कमी आई है। सुबह करीब 10:30 बजे 1 किलो चांदी का भाव 557 रुपये प्रति किलो की गिरावट के साथ 2,35,144 रुपये दर्ज किया गया। चांदी अब तक 2,38,911 रुपये के हाई और 2,34,838 रुपये के लो को छू चुकी है। नए साल की शुरुआत निवेशकों और उपभोक्ताओं के लिए बाजार में इस मामूली उतार-चढ़ाव के साथ हुई है।