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कनाडा से बड़ी खबर: ब्रैम्पटन प्लाज़ा शूटिंग केस में भारतीय मूल के तीन भाई गिरफ्तार

इंटरनेशनल डैस्क : कनाडा की पील रीजनल पुलिस ने ब्रैम्पटन में दो विरोधी टो-ट्रक ग्रुप के बीच हुई हिंसक झड़प और शूटिंग के सिलसिले में भारतीय मूल के तीन भाइयों को गिरफ्तार किया है।घटना और जांच: शूटिंग की घटना 7 अक्टूबर को रात करीब 10:45 बजे मैकवेन ड्राइव और कैसलमोर रोड के पास एक पार्किंग लॉट में हुई। झड़प में एक व्यक्ति घायल हो गया, हालांकि उसकी चोटें गंभीर नहीं थीं। पुलिस ने पूरी जांच और वीडियो फुटेज के आधार पर तीनों भाइयों की पहचान की और 20 नवंबर को कैलेडन में उनके घर पर छापा मारने के बाद उन्हें गिरफ्तार किया।आरोपियों की पहचान: गिरफ्तार आरोपियों की पहचान मनजोत भट्टी, नवजोत भट्टी और अमनजोत भट्टी के रूप में हुई है।

आरोप: मनजोत भट्टी पर सबसे गंभीर आरोप हैं, जिसमें लापरवाही से हथियार चलाना, लोडेड प्रतिबंधित हथियार रखना और छुपा हुआ हथियार रखना शामिल है। उसकी ज़मानत की सुनवाई ओंटारियो कोर्ट ऑफ़ जस्टिस में पेंडिंग है और उसे ज़मानत पर रिहा कर दिया गया है। बाकी दो भाइयों, नवजोत और अमनजोत भट्टी पर यह जानते हुए भी गाड़ी में सफ़र करने का आरोप है कि उसमें हथियार मौजूद था। दोनों को रिहा कर दिया गया है लेकिन उन्हें बाद में कोर्ट में पेश होना होगा।

चौथे संदिग्ध की तलाश: पुलिस ने यह भी कहा कि वे अभी भी मामले में शामिल चौथे संदिग्ध की तलाश कर रहे हैं। संदिग्ध को ‘साउथ एशियन पुरुष’ बताया गया है, जो वीडियो में काली जैकेट, नीली जींस और सफेद रनिंग शूज़ पहने हुए देखा गया था।

Weather Punjab: मौसम अलर्ट: पंजाब में तापमान गिरा, फरीदकोट सबसे ठंडा

पंजाब डेस्क: पंजाब और चंडीगढ़ में मौसम ने एक बार फिर करवट ली है, और पिछले दो-तीन दिनों में पूरे इलाके में ठंड का प्रकोप तेज़ी से बढ़ा है। सुबह और रात में चलने वाली बर्फीली हवाएं लोगों को ठिठुरने पर मजबूर कर रही हैं।कई इलाकों में कोहरे की चादर भी दिखने लगी है, जिससे विज़िबिलिटी पर असर पड़ा है। हालांकि, दिन में खिलने वाली धूप लोगों को कुछ राहत दे रही है, लेकिन मौसम विभाग (IMD) के मुताबिक, आने वाले दिनों में ठंड और बढ़ने वाली है।

तापमान के मुख्य आंकड़े:

मौसम विभाग के ताज़ा आंकड़ों के मुताबिक, फरीदकोट इस समय पंजाब का सबसे ठंडा शहर बन गया है। यहां का न्यूनतम तापमान गिरकर 5.2 डिग्री सेल्सियस हो गया है।इसके उलट, बठिंडा में दिन का तापमान सबसे ज़्यादा 25.1 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया, जो राज्य में सबसे ज़्यादा है।

मौसम वैज्ञानिकों का मानना है कि आने वाले दिनों में दिन और रात के तापमान में यह बड़ा अंतर कम हो जाएगा और दिन भी ठंडे होने लगेंगे।

दूसरे बड़े शहरों में रिकॉर्ड किया गया मिनिमम टेम्परेचर इस तरह है:

अमृतसर: मिनिमम 5.9 डिग्री सेल्सियस

लुधियाना: मिनिमम 6.4 डिग्री सेल्सियस

चंडीगढ़: मिनिमम 6.8 डिग्री सेल्सियसमौसम

वैज्ञानिकों ने सलाह दी है कि सुबह और शाम घर से निकलते समय गर्म कपड़ों का खास ध्यान रखें, क्योंकि बदलता मौसम सेहत के लिए नुकसानदायक हो सकता है।

2027 में देश की पहली डिजिटल जनगणना को केंद्रीय कैबिनेट ने दी मंजूरी

नई दिल्ली: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में केंद्रीय मंत्रिमंडल ने शुक्रवार को एक महत्वपूर्ण फैसला लेते हुए **जनगणना 2027** के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी. इस प्रस्ताव के तहत, देश में पहली बार **डिजिटल जनगणना** (Digital Census) आयोजित की जाएगी. इस पूरी परियोजना पर **11,718.24 करोड़ रुपये** की लागत आने का अनुमान है.यह पूरी प्रक्रिया **दो चरणों** में पूरी की जाएगी.

1. **पहला चरण:** इस चरण में घरों की सूची बनाकर उनकी गिनती की जाएगी. यह प्रक्रिया **अप्रैल से सितंबर 2026** तक चलेगी.

2. **दूसरा चरण:** मुख्य जनगणना का कार्य **फरवरी 2027** में संपन्न होगा.

**जाति गणना का समावेश**

इस जनगणना के **दूसरे चरण** में **जातियों का इलेक्ट्रॉनिक डेटा** भी शामिल किया जाएगा. राजनीतिक मामलों की कैबिनेट कमेटी ने 30 अप्रैल, 2025 को हुई बैठक में ही यह फैसला लिया था कि आगामी जनगणना 2027 में जाति गणना (Caste Enumeration) को भी शामिल किया जाएगा.

**विशेष क्षेत्रों के लिए अलग समय-सीमा**

बर्फ़ से प्रभावित क्षेत्रों, जिनमें केंद्र शासित प्रदेश **लद्दाख और जम्मू-कश्मीर**, साथ ही **हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड** शामिल हैं, में दूसरे चरण की जनगणना **सितंबर 2026** में होगी.**कर्मचारी और तकनीक**केंद्रीय सूचना और प्रसारण मंत्री अश्विनी वैष्णव ने बताया कि जनगणना के चुनौतीपूर्ण कार्य के लिए सरकार ने एक विस्तृत रूपरेखा बनाई है. इस कार्य में लगभग

**30 लाख क्षेत्रीय कर्मचारी**

(फील्ड स्टाफ) लगाए जाएंगे. गणनाकार (enumerators), जो सामान्यतः राज्य सरकार द्वारा नियुक्त सरकारी शिक्षक होते हैं, वे अपनी नियमित ड्यूटी के अलावा जनगणना का फील्ड वर्क भी करेंगे.

इन कर्मचारियों को उनके अतिरिक्त कार्य के लिए

**मानदेय** (honorarium) भी दिया जाएगा.डेटा संग्रह के लिए **मोबाइल ऐप** और मॉनिटरिंग के लिए

**सेंट्रल पोर्टल** का उपयोग किया जाएगा, जिससे बेहतर गुणवत्ता का डेटा उपलब्ध होगा. यह भी बताया गया है कि स्थानीय स्तर पर लगभग 550 दिनों के लिए करीब

**18,600 तकनीकी पेशेवर**

तैनात किए जाएंगे, जिससे लगभग 1.02 करोड़ मानव-दिवसों का रोजगार पैदा होगा.सरकार ने यह भी आश्वासन दिया है कि व्यक्तिगत स्तर पर **हर किसी का डेटा गोपनीय** रखा जाएगा, हालांकि जनगणना का **मैक्रो-लेवल डेटा प्रकाशित** किया जाएगा.