पंजाब में वेरका के GM समेत 3 अधिकारी सस्पेंड: सेना को भेजे दूध पाउडर के सैंपल फेल, 125 मीट्रिक टन की खेप लौटा
पंजाब डेस्क: पंजाब में सरकारी डेयरी ब्रांड वेरका (Verka) के दूध पाउडर की गुणवत्ता को लेकर बड़ा विवाद खड़ा हो गया है। भारतीय सेना को सप्लाई किए गए दूध पाउडर के सैंपल फेल होने के बाद सरकार ने लुधियाना मिल्क प्लांट के जीएम (GM) दलजीत सिंह, प्रोडक्शन हेड परितोष मिश्रा और क्वालिटी मैनेजर गुरइकबाल सिंह को तुरंत प्रभाव से सस्पेंड कर दिया है।
सेना ने लौटाई खेप: भारतीय सेना ने लुधियाना मिल्क यूनियन द्वारा भेजे गए लगभग 125 मीट्रिक टन होल मिल्क पाउडर को रिजेक्ट कर दिया है,। यह खेप दो बैचों (58.338 टन और 66.654 टन) में भेजी गई थी।
सैंपल में मिले बाहरी कण: सेना की जांच के दौरान दूध पाउडर के सैंपलों में बाहरी कण (Foreign Particles) पाए गए,। रिपोर्ट्स के अनुसार, लैब जांच में सैंपलों में मेटल और काले कण होने की बात सामने आई है।
गंभीर लापरवाही: मिल्कफेड के एमडी द्वारा जारी आदेश में कहा गया है कि इस लापरवाही से संगठन की छवि को भारी नुकसान पहुंचा है। सेना ने नोटिस जारी कर वेरका को 7 दिनों के भीतर अपने सैंपल वापस ले जाने को कहा है, वरना उन्हें नष्ट कर दिया जाएगा।
जांच कमेटी गठित: विवाद बढ़ने के बाद विभाग ने एक ‘फैक्ट फाइंडिंग कमेटी’ गठित की है। पंजाब के स्वास्थ्य मंत्री बलबीर सिंह ने कहा है कि वेरका अपने स्तर पर जांच कर रहा है और जरूरत पड़ने पर फूड सप्लाई विभाग भी जांच करेगा।
विपक्ष के निशाने पर सरकार: इस मामले को लेकर पंजाब की राजनीति गरमा गई है और विपक्षी दलों ने मुख्यमंत्री भगवंत मान को घेरा है:
प्रताप सिंह बाजवा (कांग्रेस): उन्होंने कहा कि मान सरकार ने पंजाब की शान मानी जाने वाली ‘वेरका’ को भी इस हालत में पहुंचा दिया है कि उसका पाउडर सेना ने ठुकरा दिया है। उन्होंने इसे सरकार की विफलताओं का एक पैटर्न बताया।
बिक्रम मजीठिया (अकाली दल): मजीठिया ने आरोप लगाया कि अगर सेना को भेजे गए दूध में मेटल मिल रहा है, तो पंजाब में बिना जवाबदेही के बिकने वाले दूध से करोड़ों लोगों की सेहत से खिलवाड़ हो रहा है। उन्होंने मुख्यमंत्री के इस्तीफे की भी मांग की है।

