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श्रीलंका का सफाया कर इंग्लैंड ने अपनी तैयारी का शानदार सबूत पेश किया

खेल लंका इंग्लैंड  

पल्लीकल (श्रीलंका), चार फरवरी (एपी) इंग्लैंड ने तीसरे और अंतिम टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट मैच में श्रीलंका को 12 रन से हराकर श्रृंखला में 3-0 से क्लीन स्वीप किया और इस तरह से सात फरवरी से शुरू होने वाले टी20 विश्व कप के लिए अपनी शानदार तैयारियों का पुख्ता सबूत पेश किया।

इंग्लैंड ने इस कम स्कोर वाले मैच में पहले बल्लेबाजी करते हुए निर्धारित 20 ओवर में नौ विकेट पर 128 रन बनाए। श्रीलंका की टीम इसके जवाब में 19.3 ओवर में 116 रन पर आउट हो गई। इंग्लैंड की जीत के नायक बाएं हाथ के स्पिनर जैकब बेथेल रहे जिन्होंने 11 रन देकर चार विकेट लिए।

इससे पहले सैम कुरेन ने अपने करियर की सर्वश्रेष्ठ 58 रन की पारी खेली जबकि जोस बटलर ने 25 रन का योगदान दिया। श्रीलंका की तरफ से तेज गेंदबाज दुशमंथा चमीरा ने भी श्रृंखला के अपने पहले मैच में करियर का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करते हुए 24 रन देकर पांच विकेट लिए।

इंग्लैंड के कप्तान हैरी ब्रूक ने कहा, ‘‘इस श्रृंखला में हमारा प्रदर्शन शानदार रहा। ऐसी जीत का हिस्सा बनना बहुत अच्छा लगा। हमने दिखा दिया है कि हम अलग-अलग तरह की परिस्थितियों में अच्छा प्रदर्शन करने में सक्षम हैं। विश्व कपप पास में है और उम्मीद है कि उसमें यहां के अनुभव का हमें फायदा मिलेगा।’’

श्रीलंका को 17 गेंदों में 17 रन चाहिए थे, लेकिन बेथेल ने 18वें ओवर में तीन विकेट लेकर निचले क्रम की बल्लेबाजी को ध्वस्त कर दिया। इसके बाद उन्होंने महेश थीक्षना को शॉर्ट थर्ड मैन पर कैच आउट कराकर श्रीलंका की पारी का अंत किया।

श्रीलंका के कप्तान दासुन शनाका ने कहा, ‘‘टीम के इस प्रदर्शन से मैं बहुत निराश हूं। हम 3-0 से हार गए। कप्तान होने के नाते मुझे विश्व कप में अच्छा प्रदर्शन करने के लिए कुछ कमियों को दूर करना होगा। हम इसके लिए उत्सुक हैं और हम कुछ खास प्रदर्शन करने के लिए बेताब हैं।’’

सेंसेक्स, निफ्टी में शुरुआती कारोबार में तेजी जारी

शेयर खुला 

मुंबई, चार फरवरी (भाषा) सेंसेक्स और निफ्टी ने बुधवार को शुरुआती कारोबार में पिछले दिन की तेज बढ़त को बरकरार रखते हुए सकारात्मक दायरे में कारोबार किया।

भारत-अमेरिका व्यापार समझौते के बाद विदेशी निवेश एवं सकारात्मक बाजार माहौल से बाजारों में तेजी आई हालांकि, आईटी शेयर में आई भारी गिरावट ने तेजी को सीमित कर दिया।

बीएसई सेंसेक्स शुरुआती कारोबार में 68.49 अंक चढ़कर 83,816.96 अंक पर जबकि एनएसई निफ्टी 51.90 अंक की बढ़त के साथ 25,779.45 अंक पर पहुंच गया।

सेंसेक्स में शामिल 30 कंपनियों में से महिंद्रा एंड महिंद्रा, पावर ग्रिड, रिलायंस इंडस्ट्रीज, एनटीपीसी, आईसीआईसीआई बैंक और आईटीसी के शेयर सबसे अधिक मुनाफे में रहे। दूसरी ओर इन्फोसिस, टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज, एचसीएल टेक और टेक महिंद्रा के शेयर में सबसे अधिक गिरावअई। ये करीब पांच प्रतिशत तक टूटे।

बीएसई आईटी सूचकांक शुरुआती कारोबार में 4.95 प्रतिशत टूटकर 35,311.34 अंक पर आ गया।

एशियाई बाजारों में दक्षिण कोरिया का कॉस्पी बढ़त में जबकि जापान का निक्की, चीन का एसएसई कम्पोजिट और हांगकांग का हैंग सेंग नुकसान में रहा।

अमेरिकी बाजार मंगलवार को गिरावट के साथ बंद हुए।

अंतरराष्ट्रीय मानक ब्रेंट क्रूड का भाव 0.68 प्रतिशत की बढ़त के साथ 67.77 डॉलर प्रति बैरल रहा।

शेयर बाजार के आंकड़ों के मुताबिक, विदेशी संस्थागत निवेशक (एफआईआई) मंगलवार को लिवाल रहे थे और उन्होंने 5,236.28 करोड़ रुपये के शेयर खरीदे। वहीं घरेलू संस्थागत निवेशकों (डीआईआई) ने 1,014.24 करोड़ रुपये के शेयर खरीदे।

खेल-खेल में बारूद की पहचान करना सीखते हैं आईटीबीपी के कुत्ते

आईटीबीपी कुत्ते  

( राखी त्रिपाठी )

नयी दिल्ली, चार फरवरी (भाषा) वह सिर्फ तीन महीने का था जब उसे पहली बार ‘वर्दी’ वाले इंसानों के बीच लाया गया। न उसे सरहदों का पता था, न बारूद की गंध का, लेकिन आज वही ‘रेमो’ (कुत्ते का परिवर्तित नाम) भारत-तिब्बत सीमा पुलिस (आईटीबीपी) का वह जांबाज योद्धा है, जिसके लिए बारूद का पता लगा लेना महज एक खेल है।

रेमो की कहानी सेना के उन सैकड़ों ‘कॉम्बैट डॉग्स’ की एक झलक है, जिन्हें खेल-खेल में मौत को मात देने का हुनर सिखाया जाता है।

रेमो के हैंडलर (आईटीबीपी में तैनात जवान) ने ‘पीटीआई-भाषा’ को बताया कि रेमो की पहली तैनाती छत्तीसगढ़ के नक्सल प्रभावित क्षेत्र में की गयी थी। यह वह क्षेत्र है जहां जमीन के नीचे नक्सलियों द्वारा दबाए गए आईईडी जवानों के लिए सबसे बड़ा खतरा होते हैं।

जवान के मुताबिक, “रेमो ने वहां अपनी सूंघने की क्षमता से कई बार सुरक्षा बलों का रास्ता साफ किया।”

रेमो को एक कुशल विस्फोटक खोजी कुत्ता बनाने में पूरे नौ महीने का समय लगा।

जवान ने उसकी प्रशिक्षण प्रक्रिया को याद करते हुए बताया, “वह (रेमो) महज तीन महीने का था जब उसे ट्रेनिंग सेंटर में लाया गया और मुझे उसके प्रशिक्षण का जिम्मा दिया गया। वह बहुत चंचल और शरारती था। कभी-कभी जब वह बात नहीं मानता था, तो गुस्सा भी आता था लेकिन इन्हें प्यार और लालच (पसंदीदा खाना, खिलौना) देकर ही सिखाना पड़ता है। हमने प्रशिक्षण के दौरान कभी-कभी 24 घंटे भी साथ बिताए और फिर वह दिन आया जब वह मेरा सबसे वफादार साथी बन गया।”

तीन महीने से बड़े किसी भी कुत्ते को सेना में शामिल नहीं किया जाता है। कुत्तों को न्यूनतम नौ महीने से लेकर 18 महीनों का प्रशिक्षण दिया जाता है। प्रशिक्षण प्रक्रिया तीन चरणों में पूरी होती है।

जवान के अनुसार, शुरुआती चरण में कुत्तों को ‘बेसिक कमांड’ सिखाए जाते हैं, जिसमें बैठना, उठना, चलना और हैंडलर के निर्देशों का पालन करना शामिल होता है। इसी दौरान कुत्ता और हैंडलर के बीच तालमेल बनता है। हर कुत्ते का एक हैंडलर तय होता है, जो उसे प्रशिक्षण देने से लेकर ड्यूटी पूरी करवाने तक उसके (कुत्ते के) साथ काम करता है।

जवान ने बताया कि कुत्ता और हैंडलर के बीच तालमेल बेहद अहम होता है। अगर हैंडलर बदला जाए, तो कुत्ते को नए व्यक्ति के साथ सामंजस्य बिठाने में समय लगता है, जिससे उसका काम प्रभावित होता है।

बेसिक ट्रेनिंग के बाद कुत्ते का ‘बिहेवियर टेस्ट’ और क्षमता परीक्षण किया जाता है। इसी के आधार पर तय किया जाता है कि किस कुत्ते को विस्फोटक की पहचान, नशीले पदार्थो की पहचान, ट्रैकिंग (अपराधियों का पता लगाना) या गार्ड ड्यूटी के लिए तैयार किया जाएगा। एक कुत्ते को केवल एक ही तरह का विशेष प्रशिक्षण दिया जाता है।

जवान के मुताबिक, इसके बाद तीसरे चरण में उन्हें विशेष प्रशिक्षण दिया जाता है जिसमें उन्हें सबसे पहले जमीन पर नाक लगाकर सूंघने की आदत डलवाई जाती है और सही गंध पहचानने पर उन्हें इनाम दिया जाता है। धीरे-धीरे इसी अभ्यास में बारूद और अन्य विस्फोटक पदार्थों की गंध शामिल की जाती है जिसके बाद कुत्ता बारूद की पहचान करने में माहिर हो जाता है।

प्रशिक्षण के दौरान कुत्तों को शारीरिक रूप से भी तैयार किया जाता है। उन्हें अलग-अलग सतहों पर चलने, संतुलन बनाए रखने और बाधाओं को पार करने का अभ्यास कराया जाता है, ताकि वे मुश्किल और जोखिम भरी परिस्थितियों में भी काम कर सकें।

रेमो की ट्रेनिंग का सबसे कठिन हिस्सा उसे ‘साइलेंट इंडिकेशन’ सिखाना था।

जवान ने बताया, “अगर कुत्ता विस्फोटक देखकर भौंकने लगे, तो आवाज की तरंगों से कुछ संवेदनशील बम फट सकते हैं। इसलिए कुत्तों को सिखाया जाता है कि गंध मिलते ही वह चुपचाप वहां बैठ जाएं। उन्हें यह सिखाया जाता है कि वे बम से निर्धारित दूरी पर बैठें। उनके बैठने से हैंडलर को संकेत मिल जाता है कि वहां बम हो सकता है।”

जवान ने कहा, “कुत्ता इस दुनिया का सबसे वफादार प्राणी है। एक बार यदि उसके मालिक ने आदेश दे दिया कि तो वह अपना टॉस्क पूरा करके ही मानेगा। यही कारण है कि कुत्ते लगभग 99 प्रतिशत मामलों में सफल होते है।”

उन्होंने कहा, “कुत्ता यह नहीं जानता कि वह बारूद या विस्फोटक सामग्री की पहचान कर रहा है। उसके लिए यह महज एक खेल है। आदेश मिलने पर वह उसी गंध को खोजता है, जिसकी ट्रेनिंग उसे दी गई होती है।“

आईटीबीपी में विस्फोटक की पहचान के लिए बेल्जियम मेलिनोइस नस्ल के कुत्तों को प्राथमिकता दी जाती है।

जवान ने बताया, “यह नस्ल बेहद फुर्तीली होती है और जल्दी थकती नहीं है, इसलिए कठिन परिस्थितियों और लंबे ऑपरेशन के लिए इन्हें उपयुक्त माना जाता है। पहले लैब्राडोर नस्ल के कुत्तों का भी इस्तेमाल किया जाता था, लेकिन फील्ड ड्यूटी में बेल्जियम मेलिनोइस ज्यादा प्रभावी साबित हुए हैं।“

हालांकि, अब देशी नस्ल के कुत्तों को भी सेना में शामिल किया जा रहा है।

जवान ने यह भी बताया कि अगर कोई कुत्ता उम्र या स्वास्थ्य संबंधी कारणों से ड्यूटी करने में असमर्थ नजर आता है तो चिकित्सीय परीक्षण के बाद उसे सेवानिवृत्त कर, कुत्तों के लिए समर्पित स्थान पर रखा जाता है जहां आईटीबीपी द्वारा इनकी देखभाल की जाती है।

आईटीबीपी के इन प्रशिक्षित कुत्तों ने नक्सल रोधी अभियानों में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। भीड़-भाड़ वाले आयोजनों, कार्यक्रमों और अन्य सुरक्षा ड्यूटी में भी इन कुत्तों की तैनाती की जाती है।

शांति वार्ता से एक दिन पहले रूस ने ड्रोन और मिसाइलों से यूक्रेन पर हमला किया

रूस युक्रेन युद्ध

कीव, चार फरवरी (एपी) रूस ने यूक्रेन पर रात भर भीषण हमला किया। यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमीर जेलेंस्की ने मंगलवार को कहा कि यह हमला ऊर्जा ठिकानों को निशाना नहीं बनाने के वादे का उल्लंघन है।

यह बमबारी ऐसे समय हुई है जब दोनों देश चार साल पहले शुरू हुए युद्ध को खत्म करने के लिए अगले दौर की बातचीत की तैयारी कर रहे हैं।

राष्ट्रपति जेलेंस्की ने बताया कि यूक्रेन पर हुए इस हमले में सैकड़ों ड्रोन और रिकॉर्ड 32 बैलिस्टिक मिसाइलों का इस्तेमाल किया गया। इस हमले में कम से कम 10 लोग घायल हो गए। रूस ने विशेष रूप से पावर ग्रिड को निशाना बनाया है।

जेलेंस्की ने कहा, ‘‘रूस के लिए कूटनीति से ज्यादा महत्वपूर्ण है सर्दियों के सबसे ठंडे दिनों का फायदा उठाकर लोगों को आतंकित करना।’’

उत्तर अटलांटिक संधि संगठन (नाटो) महासचिव मार्क रूट ने एकजुटता दिखाने के लिए कीव का दौरा किया। उन्होंने कहा कि वार्ता की पूर्व संध्या पर हुए इन हमलों ने रूस के इरादों पर संदेह पैदा कर दिया है। उन्होंने इसे शांति प्रयासों की दिशा में एक ‘बेहद बुरा संकेत’ करार दिया।

अधिकारियों का कहना है कि रूस और यूक्रेन के प्रतिनिधिमंडलों के बीच हाल की बातचीत सकारात्मक रही लेकिन एक साल की कोशिशों के बाद भी अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के प्रशासन को अब तक बड़े मुद्दों पर कोई ठोस सफलता नहीं मिली है। इनमें सबसे बड़ा सवाल यह है कि रूस की सेना के कब्जे वाली यूक्रेनी जमीन किसके पास रहेगी। इसलिए किसी व्यापक समझौते की संभावना अभी कम लगती है।

यह वार्ता संयुक्त अरब अमीरात के अबू धाबी में बुधवार और बृहस्पतिवार को होनी है।

गाजियाबाद में नौवीं मंजिल से कूदने से तीन बहनों की मौत

उप्र बहनें मौत  

गाजियाबाद (उप्र), चार फरवरी (भाषा) गाजियाबाद में मंलगवार देर रात नौवीं मंजिल में स्थित एक फ्लैट की बालकनी से कथित तौर पर कूदने से तीन नाबालिग बहनों की मौत हो गई। पुलिस ने यह जानकारी दी।

सहायक पुलिस आयुक्त (शालीमार गार्डन) अतुल कुमार सिंह ने बताया कि पुलिस को मंगलवार देर रात करीब 2.15 बजे सूचना मिली कि टीला मोड़ पुलिस थाना इलाके में भारत सिटी के एक टावर में नौवीं मंजिल में बने अपार्टमेंट की बालकनी से तीन लड़कियां कूद गई हैं।

सहायक पुलिस आयुक्त ने बताया कि मौके पर पहुंची पुलिस ने पाया कि स्थानीय निवासी चेतन कुमार की तीनों लड़कियां – निशिका (16), प्राची (14) और पाखी (12), भूतल पर गिरी थीं और बुरी तरह से घायल थीं। उन्हें एम्बुलेंस से लोनी के एक अस्पताल ले जाया गया, जहां चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।

अधिकारियों ने बताया कि पुलिस ने कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है और घटना के कारणों की जांच कर रही है।

गैस टैंकर पलटने से मुंबई-पुणे एक्सप्रेसवे पर रात भर यातायात बाधित, घंटों तक फंसे रहे यात्री

महाराष्ट्र एक्सप्रेसवे लीड यातायात 

मुंबई, चार फरवरी (भाषा) मुंबई-पुणे एक्सप्रेसवे पर खंडाला घाट खंड में एक गैस टैंकर के पलट जाने से रात भर यातायात बाधित रहा जिससे सैकड़ों वाहन फंसे रहे और दोनों मार्गों पर भारी जाम लग गया। अधिकारियों ने बुधवार को यह जानकारी दी।

दुर्घटनास्थल के पास कई वाहन घंटों तक फंसे रहे और 12 घंटे से अधिक समय तक रहे इस यातायात संकट के दौरान महिलाओं और बच्चों सहित यात्रियों को भोजन, पानी और शौचालय की सुविधा नहीं मिल पाई।

राजमार्ग यातायात पुलिस ने वाहन चालकों से अपील की है कि जब तक सामान्य यातायात व्यवस्था बहाल नहीं हो जाती तब तक वे एक्सप्रेसवे पर यात्रा करने से बचें।

मुंबई-पुणे एक्सप्रेसवे भारत का पहला छह लेन का चौड़ा टोल एक्सप्रेसवे है। 94.5 किलोमीटर लंबा यह एक्सप्रेसवे मुंबई, रायगढ़ और नवी मुंबई को पुणे से जोड़ता है।

एक्सप्रेसवे नियंत्रण कक्ष के अनुसार मंगलवार शाम करीब पांच बजे मुंबई-पुणे एक्सप्रेसवे पर टैंकर पलट गया।

एक अधिकारी ने बताया कि घटना रायगढ़ जिले में अदोशी सुरंग के पास हुई जब तेज गति से चल रहा टैंकर ढलान के कारण अनियंत्रित होकर पलट गया। दुर्घटना के तुरंत बाद टैंकर से गैस का रिसाव होने लगा जिससे वाहन चालकों में दहशत फैल गई।

टैंकर में प्रोपलीन गैस भरी हुई थी जो अत्यधिक ज्वलनशील होती है। एहतियात के तौर पर पुलिस ने मुंबई की ओर के यातायात को तुरंत बंद कर दिया।

दुर्घटना के कारण मुंबई की ओर जाने वाले वाहनों को लगभग दो किलोमीटर तक पुणे की ओर जाने वाले मार्ग की ओर भेज दिया गया था।

एक्सप्रेसवे नियंत्रण कक्ष के एक अधिकारी ने कहा कि टैंकर से लगातार गैस रिसाव के कारण सामान्य आवागमन बहाल नहीं हो सका जिसके परिणामस्वरूप पुणे जाने वाले यातायात सहित अन्य वाहन 12 घंटे से अधिक समय तक फंसे रहे और मार्ग पर गाड़ियों की लंबी कतारें लग गईं।

इस जाम का वाहन चालकों पर गंभीर असर पड़ा और कई यात्री घंटों तक फंसे रहे।

सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर व्यास कर्ण नामक व्यक्ति ने लिखा, ‘‘लोग फंसे हुए हैं और बेसब्री से मदद का इंतजार कर रहे हैं। कृपया कुछ करें।’’

महाराष्ट्र राज्य सड़क परिवहन निगम (एमएसआरटीसी) की बस के एक कंडक्टर ने ‘पीटीआई-भाषा’ को मध्यरात्रि के आसपास बताया कि उनका वाहन दुर्घटनास्थल के पास छह घंटे से अधिक समय तक खड़ा रहा जिससे यात्रियों को भोजन, पानी और शौचालय की सुविधा नहीं मिल पाई।

कई वाहन चालकों ने सोशल मीडिया पर अपनी निराशा व्यक्त की। कुछ लोगों ने एक्सप्रेसवे को ‘‘पार्किंग स्थल’’ बताया और दूसरों को सलाह दी कि जब तक आवश्यक नहीं हो, यात्रा करने से बचें।

प्रणव नामक एक ‘एक्स’ यूजर ने लिखा, ‘‘मुंबई-पुणे एक्सप्रेसवे इस समय पूरी तरह से जाम है। लोनावला और खंडाला के पास एक ट्रक पलटने के कारण घंटों तक यातायात रुका रहता है। अगर यात्रा करना बेहद जरूरी नहीं हो, तो यात्रा नहीं करें।’’

यातायात जाम के कारण पुणे जाने वाले वाहन चालकों को भी असुविधा हुई।

सोहित मानिक नाम के एक अन्य ‘एक्स’ यूजर ने लिखा, ‘‘मैंने अपनी यात्रा अंधेरी पश्चिम से शाम सात बजे के आसपास कैब से शुरू की। मैं तड़के तीन बजकर 40 मिनट के आसपास पुणे पहुंचूंगा। अब तक का सबसे खराब यातायात अनुभव।’’

महाराष्ट्र राजमार्ग यातायात पुलिस ने वाहन चालकों को सलाह दी है कि सामान्य यातायात व्यवस्था बहाल होने तक लोग मुंबई-पुणे एक्सप्रेसवे पर यात्रा करने से बचें।

महाराष्ट्र राज्य सड़क विकास निगम (एमएसआरडीसी) के प्रवक्ता द्वारा साझा किए गए राजमार्ग यातायात पुलिस के एक बयान के अनुसार मुंबई की ओर जाने वाले कॉरिडोर पर अदोशी सुरंग के पास खंडाला घाट खंड में टैंकर पलट गया।

बयान के अनुसार, दुर्घटना के बाद टैंकर से अत्यधिक ज्वलनशील गैस का रिसाव हुआ और स्थिति को नियंत्रित करने के लिए सभी संबंधित एजेंसियों ने ​युद्धस्तर पर घटनास्थल पर काम किया।

बयान में कहा गया है कि वाहनों और यात्रियों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए मुंबई की ओर का मार्ग बंद कर दिया गया था जिसके कारण एक्सप्रेसवे के मुंबई और पुणे दोनों ओर जाने वाले मार्ग पर यातायात जाम हो गया।

बार्सिलोना ने अल्बासेटे को 2-1 से हराकर कोपा सेमीफाइनल में

खेल फुटबॉल स्पेन 

मैड्रिड, चार फरवरी (एपी) लामिन यामल और रोनाल्ड अरौजो ने प्रत्येक हाफ में एक-एक गोल किया, जिससे बार्सिलोना ने मंगलवार को दूसरी श्रेणी की टीम अल्बासेटे को 2-1 से हराकर कोपा डेल रे फुटबॉल टूर्नामेंट के सेमीफाइनल में जगह बनाई।

अल्बासेटे ने राउंड ऑफ 16 में रियाल मैड्रिड को हराकर सबको चौंका दिया था। बार्सिलोना के सामने भी उसने अच्छी चुनौती पेश की।

बार्सिलोना की सभी टूर्नामेंटों में खेले गए पिछले 17 मैचों में यह 16वीं जीत है। वह लगातार चौथी बार कोपा सेमीफाइनल में पहुंचा है। उसने पिछले सत्र में रियाल मैड्रिड को हराकर खिताब जीता था।

बार्सिलोना स्पेनिश लीग में शीर्ष पर है और रियाल मैड्रिड से एक अंक आगे है।

कोपा का सेमीफाइनल दो चरणों में खेला जाएगा। फाइनल अप्रैल में सेविला में होगा।