Jandiala Guru : गुनोवाल में रिश्ते को लेकर विवाद, पथराव और कार में तोड़फोड़ के आरोप
अमृतसर / सत्ता संदेश
जंडियाला गुरु के गांव गुनोवाल में रिश्ते को लेकर शुरू हुई बातचीत उस समय विवाद में बदल गई, जब दो पक्षों के बीच कथित तौर पर हिंसक झड़प हो गई। घटना के दौरान ईंट-पत्थर चलने, स्विफ्ट कार में तोड़फोड़ और घरों पर पथराव के आरोप लगाए गए हैं। परिवारों का दावा है कि घटना से जुड़े कुछ दृश्य CCTV कैमरों में भी रिकॉर्ड हुए हैं।
एक पक्ष की राजविंदर कौर के मुताबिक, विवाद की शुरुआत शादी और रिश्ते से जुड़े मामले को लेकर हुई थी। उनका कहना है कि कुछ महिलाओं के बीच बातचीत के बाद मामला सुलझ गया था और वे अपने घर लौट आए थे। आरोप है कि इसके बाद दूसरे पक्ष की ओर से कई युवकों को इकट्ठा कर उनके घर के बाहर हंगामा किया गया।
राजविंदर कौर ने दावा किया कि करीब 40 से 50 युवक मौके पर पहुंचे, जिनमें कुछ स्कूली बच्चे भी शामिल थे। उनके अनुसार, इस दौरान घर पर ईंटें फेंकी गईं और स्विफ्ट कार को भी नुकसान पहुंचाया गया। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि ईंट लगने से उनके पिता की नाक पर चोट आई। परिवार ने पुलिस और प्रशासन से मामले की निष्पक्ष जांच, नुकसान की भरपाई और न्याय की मांग की है।
दूसरे पक्ष ने आरोपों को बताया गलत
दूसरी ओर, निधि ने इन आरोपों से इनकार किया है। उनका कहना है कि विवाद की असल वजह रिश्ते से जुड़ा मामला था। उनके मुताबिक, वह अपने परिवार के साथ घर पर मौजूद थीं और इसी मुद्दे पर बातचीत करने गई थीं। उनका दावा है कि पहले परिवार के एक सदस्य के साथ विवाद हुआ और बाद में युवकों के बीच बहस बढ़ गई।
मनप्रीत कौर ने भी दूसरे पक्ष के आरोपों को गलत बताते हुए कहा कि वह केवल रिश्ते के बारे में बातचीत करने गई थीं, लेकिन वहां विवाद बढ़ गया। उन्होंने दावा किया कि उनका बेटा भी इस घटना में घायल हुआ है और उसे इलाज के लिए अस्पताल ले जाया गया।
112 पर सूचना के बाद मौके पर पहुंची पुलिस
घटना के बाद गांव में कुछ समय के लिए तनाव का माहौल बन गया। 112 नंबर पर सूचना मिलने के बाद पुलिस टीम मौके पर पहुंची और स्थिति का जायजा लिया। पुलिस ने दोनों पक्षों से पूछताछ की है और घायलों के इलाज की प्रक्रिया भी करवाई जा रही है।
पुलिस के अनुसार, मामले की जांच आपसी रंजिश, रिश्ते से जुड़े विवाद और घटना के अन्य पहलुओं को ध्यान में रखते हुए की जा रही है। पुलिस CCTV फुटेज और अन्य उपलब्ध साक्ष्यों की भी जांच कर सकती है।
फिलहाल दोनों पक्षों की ओर से एक-दूसरे पर गंभीर आरोप लगाए गए हैं। पुलिस जांच के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि विवाद के दौरान वास्तव में क्या हुआ और हिंसा के लिए कौन जिम्मेदार था। गांववासियों ने प्रशासन से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ कानून के अनुसार कार्रवाई करने की मांग की है।

