नालंदा में टला बड़ा हादसा: धू-धू कर जली 50 बच्चों से भरी बस, ड्राइवर की सूझबूझ से बची सबकी जान
नेशनल डेस्क : बिहार के नालंदा जिले से एक रोंगटे खड़े कर देने वाली खबर सामने आई है, जहां शनिवार को राजगीर-गिरियक मार्ग पर करीब 50 स्कूली बच्चों और शिक्षकों से भरी एक टूरिस्ट बस में अचानक भीषण आग लग गई। गनीमत रही कि बस चालक की तत्परता और स्थानीय लोगों के साहस की वजह से सभी बच्चों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया और एक बड़ी अनहोनी टल गई।
क्या है पूरा मामला? लखीसराय के गरुआ-पुरसंडा मध्य विद्यालय के छात्र शैक्षणिक भ्रमण के लिए राजगीर आ रहे थे. जैसे ही उनकी बस राजगीर थाना क्षेत्र के आयुध कारखाना (Ordnance Factory) गेट संख्या दो के पास पहुंची, इंजन से धुआं और चिंगारियां निकलने लगीं। राहगीरों के शोर मचाने पर बस चालक हीरालाल ने तुरंत खतरे को भांप लिया और गाड़ी को सड़क किनारे खड़ा कर दिया।
ड्राइवर और स्थानीय लोगों ने दिखाया साहस: खतरे को देखते हुए ड्राइवर हीरालाल ने आनन-फानन में सभी 50 छात्र-छात्राओं को बस से नीचे उतारा. इसी दौरान पास की एक सर्फ फैक्ट्री के संचालक राहुल कुमार अपने कर्मचारियों के साथ ‘फायर एक्सटिंग्विशर’ और ‘डोलोमाइट पाउडर’ लेकर मदद के लिए पहुंचे। स्थानीय लोगों और फैक्ट्री कर्मियों की कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया गया, हालांकि तब तक बस पूरी तरह जलकर खाक हो चुकी थी।
शॉर्ट सर्किट हो सकती है वजह: पुलिस और अग्निशमन विभाग के अनुसार, प्राथमिक जांच में शॉर्ट सर्किट को आग लगने का कारण माना जा रहा है। इस घटना से मासूम बच्चे काफी दहशत में आ गए थे, जिन्हें बाद में दूसरी बस का इंतजाम कर वापस लखीसराय सुरक्षित भेज दिया गया।

