ब्रेकिंग न्यूज़
शिरोमणि अकाली दल का चुनाव चिन्ह तकड़ी विवाद*चुनाव आयोग ने याचिका को सुनवाई के लिए स्वीकार किया

चंडीगढ़ (सत्ता संदेश)-शिरोमणि अकाली दल का चुनाव चिन्ह तकड़ी विवाद बढ़ सकता है। दो दिसंबर को श्री अकाल तख्त साहिब से जारी हुए हुकमनामे में शिअद के लिए नई लीडरशिप को आगे लाने के लिए पांच सदस्यीय कमेटी बनाकर जो भर्ती अभियान शुरू करने का आदेश जारी किया गया था, उसके बाद से ही पार्टी दोफाड़ हो गई थी। पार्टी के ज्यादातर वरिष्ठ नेता अकाली दल पुनर्सुरजीत बनाकर अलग हो गए और उन्होंने अपने आप को असल अकाली दल के रूप में पेश करते हुए निर्वाचन आयोग में एक याचिका दायर करके चुनाव चिन्ह तकड़ी की मांग की और साथ ही अपनी पार्टी का नाम अकाली दल रखने की इजाजत मांगी थी। पार्टी नेता ने पिछले साल 24 जुलाई को ज्यादातर पदाधिकारियों से हस्ताक्षर करवाकर याचिका दायर की है जिसमें संरक्षक के तौर पर सुखदेव सिंह ढींडसा के भी हस्ताक्षर हैं। सूत्रों की मानें तो चुनाव आयोग ने इस पर ऐतराज जताया कि एक जैसा नाम कैसे दिया जा सकता है। आप लोगों की नई पार्टी है तो आप कुछ अलग नाम रखो। यह भी कहा गया कि 1992 के बाद चुनाव आयोग ने पार्टियों के दोफाड़ होने पर एक जैसे नाम नहीं दिए हैं। अकाली दल पुनर्सुरजीत की ओर से दायर याचिका में कहा गया है कि पार्टी नई नहीं बनी है बल्कि श्री अकाल तख्त साहिब के जत्थेदार के आदेश के बाद पार्टी दोफाड़ हो गई है और उसके ज्यादातर पदाधिकारियों ने सुखबीर बादल का साथ छोड़ दिया है, इसलिए पार्टी के चुनाव चिन्ह और नाम पर केवल उनका अधिकार है। इसके पीछे पार्टी की ओर से यह दलील दी कि पार्टी के पदाधिकारी जिस गुट के पास ज्यादा होते हैं उसे ही चुनाव चिन्ह और नाम मिलता है। दलीलों पर सहमति जताते हुए चुनाव आयोग ने याचिका को सुनवाई के लिए स्वीकार कर लिया है, हालांकि उधर शिरोमणि अकाली दल के उपप्रधान और पार्टी सचिव डा. दलजीत सिंह चीमा ने कहा कि उन्हें अभी चुनाव आयोग का कोई नोटिस नहीं मिला है। अगर मिला तो वह कानूनी तौर पर इसका जवाब देंगे।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *