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Ludhiana: मिशन क्लीन पंजाब के तहत MLA सर्वजीत कौर ने संभाली सफाई अभियान की कमान

जगराओं / सत्ता संदेश

  • MLA सर्वजीत कौर मानूके ने जगराओं में खुद सफाई अभियान की कमान संभाली
  • मिशन क्लीन पंजाब के साथ, हम जगराओं को साफ, सुंदर और साफ-सुथरा बनाएंगे: MLA सर्वजीत कौर मानूके

पंजाब सरकार द्वारा राज्य को साफ, सुंदर और पर्यावरण के अनुकूल बनाने के मकसद से चलाए जा रहे ‘मिशन क्लीन पंजाब’ अभियान के तहत जगराओं शहर के वार्ड नंबर 1 और 11 में एक खास सफाई अभियान चलाया गया। यह अभियान जगराओं विधानसभा क्षेत्र की MLA सर्वजीत कौर मानूके के नेतृत्व में चलाया गया। इस मौके पर MLA ने खुद सफाई के काम में हिस्सा लिया और सफाई के इंतज़ामों का जायज़ा लेने के लिए अलग-अलग इलाकों का दौरा किया।

MLA मानूके ने सफाई कर्मचारियों से बात की और उनकी समस्याएं सुनीं और सफाई के काम को अच्छे से करने के लिए हर मुमकिन मदद का भरोसा दिया। उन्होंने कहा कि अभियान का मुख्य मकसद शहर की गलियों, सड़कों, अंदरूनी इलाकों और पब्लिक जगहों को कूड़े के ढेरों से मुक्त करना है।

उन्होंने कहा कि स्पेशल सफाई कैंपेन 7 सितंबर तक चलेगा, इस दौरान टेम्पररी कूड़े के डंप हटाने के साथ-साथ शहर के हर हिस्से में सफाई पक्की की जाएगी। कैंपेन को और ज़्यादा नतीजे वाला बनाने के लिए अलग-अलग वार्डों की ज़िम्मेदारी नेताओं और पार्षदों को सौंपी गई है।

MLA माणूके ने जगराओं के लोगों से अपील की कि शहर को साफ़ रखना सिर्फ़ प्रशासन या नगर परिषद की ज़िम्मेदारी नहीं है, बल्कि हर नागरिक की मिली-जुली ज़िम्मेदारी है। लोग अपने घरों और दुकानों का कूड़ा तय जगहों पर ही फेंकें और पब्लिक जगहों पर गंदगी न फैलाएं।

उन्होंने कहा कि अगर किसी नागरिक को कूड़े का ढेर या गंदी जगह दिखे, तो वे नगर परिषद के प्रेसिडेंट, E.O. या उनके ऑफिस में संपर्क कर सकते हैं। उन्होंने कहा कि ‘मिशन क्लीन पंजाब’ का मकसद सिर्फ़ कूड़ा इकट्ठा करना नहीं है, बल्कि लोगों में सफाई के प्रति जागरूकता पैदा करके जगराओं को एक साफ़, सुंदर और साफ-सुथरा शहर बनाना है।

MLA ने भरोसा दिलाया कि एडमिनिस्ट्रेशन, म्युनिसिपल काउंसिल और संबंधित सफाई टीमें 7 सितंबर तक लगातार कैंपेन की मॉनिटरिंग करेंगी और शहर के सफाई सिस्टम को और बेहतर बनाने के लिए पूरी लगन से काम करेंगी।

Ludhiana : राज्य सरकार की तरफ से शहर को सुंदर बनाने के लिए शुरु किया गया ‘मिशन क्लीन पंजाब’

लुधियाना / सत्ता संदेश

  • लुधियाना जिले में अलग-अलग जगहों पर सफाई कैंपेन चलाया गया
  • कैबिनेट मिनिस्टर्स/MLAs ने अपने-अपने चुनाव क्षेत्रों में खास कैंपेन चलाया

पंजाब सरकार की तरफ से राज्य के शहरों और कस्बों को साफ, सुंदर और हेल्दी बनाने के मकसद से शुरू किए गए ‘मिशन क्लीन पंजाब’ कैंपेन के तहत लुधियाना जिले में खास सफाई कैंपेन चल रहा है, जहां कैबिनेट मिनिस्टर्स और MLAs ने अपने-अपने चुनाव क्षेत्रों में कैंपेन चलाया।

कैबिनेट मिनिस्टर हरदीप सिंह मुंडियां ने साहनेवाल विधानसभा क्षेत्र के वार्ड नंबर 24, मुंडियां कलां से सफाई कैंपेन चलाया। इस मौके पर काउंसलर गुरमीत सिंह मुंडियां और आम आदमी पार्टी के सीनियर लीडर्स भी मौजूद थे।

सफाई ड्राइव के दौरान कैबिनेट मिनिस्टर हरदीप सिंह मुंडियां और अलग-अलग MLAs ने खुद सफाई ड्राइव में हिस्सा लिया और सफाई के बारे में अवेयरनेस का मैसेज दिया और कहा कि अपने आस-पास को साफ और सुंदर बनाना हम सबकी मिली-जुली जिम्मेदारी है।

इसी तरह, लुधियाना सेंट्रल विधानसभा क्षेत्र में MLA अशोक पराशर पप्पी ने नगर निगम कमिश्नर ओजस्वी अलंकार और अपने सभी साथियों के साथ मिलकर इस खास सफाई अभियान को लीड किया और लुधियाना सेंट्रल में सफाई अभियान को जारी रखा। इस दौरान सफाई कर्मचारियों को सम्मानित भी किया गया और इस खास सफाई अभियान में और सहयोग करने का न्योता दिया गया।

MLA कुलवंत सिंह सिद्धू ने विधानसभा क्षेत्र आत्म नगर के तहत भाई हिम्मत सिंह नगर, शहीद करनैल सिंह नगर, गुरु नानक कॉलोनी, गिल नहर के पास सफाई अभियान को लीड किया, जबकि MLA दलजीत सिंह भोला ग्रेवाल ने वार्ड नंबर 7, मेन राहों रोड पर सफाई अभियान को लीड किया।

रायकोट विधानसभा क्षेत्र से MLA हाकम सिंह ठेकेदार ने बस स्टैंड रोड पर चल रहे सफाई अभियान का जायजा लिया और स्थानीय निवासियों से अपील की कि “आइए, मिलकर रायकोट को साफ और सुंदर बनाएं”।

उन्होंने मिलकर बताया कि ‘स्वच्छ अभियान पंजाब’ पंजाब सरकार का एक महत्वपूर्ण अभियान है, जिसका मकसद राज्य के शहरों और कस्बों में सफाई व्यवस्था को और मजबूत करना और लोगों में सफाई के प्रति जागरूकता पैदा करना है। उन्होंने कहा कि साफ़ माहौल हर नागरिक का अधिकार और ज़िम्मेदारी दोनों है।

उन्होंने यह भी कहा कि सफ़ाई सिर्फ़ एक दिन या कैंपेन तक सीमित नहीं होनी चाहिए, बल्कि इसे हमारी रोज़मर्रा की ज़िंदगी का एक ज़रूरी हिस्सा बनाना चाहिए। उन्होंने कहा कि बारिश के मौसम में, गलियों, नालियों, सड़कों और पब्लिक जगहों की सफ़ाई को प्रायोरिटी के आधार पर पक्का करना ज़रूरी है। उन्होंने कहा कि जागरूकता और सही वेस्ट मैनेजमेंट से कई मौसमी और पानी से होने वाली बीमारियों को रोकने में मदद मिल सकती है।

उन्होंने लोगों से अपील की कि वे ‘स्वच्छ अभियान पंजाब’ को लोगों का आंदोलन बनाने के लिए ज़्यादा से ज़्यादा सपोर्ट करें और हर नागरिक को अपने घरों, दुकानों, कमर्शियल जगहों और आस-पास के इलाकों को साफ़ रखने का वादा करना चाहिए।

बस्सी पठाना में गहरी खुदाई से तीन मंज़िला बिल्डिंग का हिस्सा गिरा, 6 कमरे क्षतिग्रस्त

बस्सी पठाना के वार्ड नंबर 6 में पोस्ट ऑफिस के पास तीन मंज़िला बिल्डिंग का हिस्सा अचानक गिर गया। परिवार ने पड़ोसी की गहरी नींव की खुदाई को हादसे की वजह बताया और प्रशासन से मुआवजे की मांग की।

बस्सी पठाना / सत्ता संदेश

फतेहगढ़ साहिब जिले के बस्सी पठाना में वार्ड नंबर 6 स्थित पोस्ट ऑफिस के पास एक तीन मंज़िला बिल्डिंग का दाहिना हिस्सा अचानक गिरने से हड़कंप मच गया। हादसे में बिल्डिंग के करीब 6 कमरे और साइड की दीवार पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई, जबकि इमारत के बाकी हिस्से में भी गहरी दरारें आ गई हैं।

मकान मालिक लक्ष्य अग्रवाल ने बताया कि उनके पड़ोसी द्वारा नया मकान बनाने के लिए गहरी नींव की खुदाई की जा रही थी। उनका आरोप है कि खुदाई के कारण उनकी बिल्डिंग की नींव प्रभावित हुई और अचानक इमारत का एक हिस्सा गिर गया।

हादसे से दो मिनट पहले कमरे से निकले थे पिता

लक्ष्य अग्रवाल के मुताबिक, हादसे से महज दो मिनट पहले उनके पिता पूजा करने के बाद उस कमरे से बाहर निकले थे, जिसका हिस्सा बाद में गिर गया। उन्होंने कहा कि अगर उनके पिता कुछ मिनट और कमरे के अंदर रहते तो बड़ा जान-माल का नुकसान हो सकता था।

हादसे के बाद परिवार में दहशत का माहौल है। बिल्डिंग के एक हिस्से के गिरने के साथ ही आसपास के लोगों में भी अफरा-तफरी मच गई।

करीब 6 कमरे हुए क्षतिग्रस्त

परिवार के अनुसार, हादसे में बिल्डिंग के लगभग 6 कमरे और साइड की पूरी दीवार बुरी तरह डैमेज हो गई है। इसके अलावा इमारत के अन्य हिस्सों में भी गहरी दरारें दिखाई दे रही हैं, जिससे परिवार की सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ गई है।

पीड़ित परिवार ने इस हादसे से हुए आर्थिक नुकसान और मानसिक परेशानी के लिए पड़ोसी मकान मालिक और निर्माण कार्य कर रहे कॉन्ट्रैक्टर की कथित लापरवाही को जिम्मेदार ठहराया है।

प्रशासन से मुआवजे और पुनर्निर्माण की मांग

पीड़ित परिवार ने प्रशासन से मामले की जांच करवाने की मांग की है। परिवार का कहना है कि उन्हें उचित मुआवजा दिया जाए और क्षतिग्रस्त मकान की मरम्मत अथवा दोबारा निर्माण में होने वाले खर्च की भरपाई करवाई जाए।

फिलहाल, हादसे के कारणों और निर्माण कार्य के दौरान सुरक्षा मानकों का पालन किया गया था या नहीं, इसकी जांच के बाद ही स्थिति और स्पष्ट हो सकेगी।

गुरदासपुर में पत्रकारों का रोष, कथित धमकी मामले में दोषियों पर कार्रवाई की मांग

गुरदासपुर में पत्रकारों ने कथित धमकी मामले को लेकर आपात बैठक कर कार्रवाई की मांग की। प्रतिनिधिमंडल एसएसपी से मिलेगा, एक सप्ताह में कार्रवाई न होने पर आंदोलन की चेतावनी।

गुरदासपुर / सत्ता संदेश

गुरदासपुर में पत्रकारों को कथित तौर पर दी गई धमकियों के मामले को लेकर जिलेभर के पत्रकारों में भारी रोष देखने को मिला। प्रेस क्लब गुरदासपुर की अगुवाई में आयोजित एक आपात बैठक में पत्रकारों ने मामले की कड़ी निंदा करते हुए दोषियों के खिलाफ तत्काल और निष्पक्ष कानूनी कार्रवाई की मांग की।

मामला उस कथित ऑडियो के सामने आने के बाद चर्चा में आया है, जिसमें के.आर.टी. न्यूज़ की महिला एंकर एवं पत्रकार महक रंधावा और पत्रकार लक्की सरोज को आम आदमी पार्टी के सुजानपुर हलका इंचार्ज स्वर्ण सलारिया द्वारा कथित रूप से जान से मारने और झूठे मामले में फंसाने की धमकियां दिए जाने का दावा किया जा रहा है।

इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है और संबंधित पक्ष की प्रतिक्रिया भी इस समाचार के प्रकाशन तक सामने नहीं आई है। मामले को लेकर पत्रकार संगठनों ने निष्पक्ष जांच और कानूनी कार्रवाई की मांग की है।

बैठक के बाद पत्रकार नेताओं ने कहा कि लोकतंत्र के चौथे स्तंभ के रूप में कार्य करने वाले पत्रकारों को इस प्रकार की कथित धमकियां मिलना अत्यंत गंभीर और चिंताजनक है। उनका कहना है कि यदि पत्रकार स्वयं को सुरक्षित महसूस नहीं करेंगे तो स्वतंत्र और निष्पक्ष पत्रकारिता प्रभावित होगी।

पत्रकार संगठनों ने कहा कि वे महक रंधावा और लक्की सरोज के साथ मजबूती से खड़े हैं। उन्होंने घोषणा की कि पत्रकारों का एक प्रतिनिधिमंडल एसएसपी पठानकोट से मुलाकात कर मामले में तत्काल कानूनी कार्रवाई और महिला पत्रकार की सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग करेगा।

पत्रकार नेताओं ने चेतावनी दी कि यदि एक सप्ताह के भीतर मामले में ठोस कार्रवाई नहीं की गई तो पंजाब भर के पत्रकार एकजुट होकर एसएसपी कार्यालय, पठानकोट के बाहर प्रदर्शन करेंगे।

लुधियाना में BJP का अनोखा प्रदर्शन: नगर निगम कार्यालय में लगाया डमी जनरल हाउस, विकास कार्यों पर उठाए सवाल

लुधियाना में बीजेपी ने नगर निगम के ज़ोन-डी कार्यालय में डमी जनरल हाउस लगाकर पानी, सीवरेज, सफाई और विकास कार्यों को लेकर प्रशासन के खिलाफ प्रदर्शन किया।

लुधियाना / सत्ता संदेश

लुधियाना में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने नगर निगम के खिलाफ अनोखे अंदाज़ में विरोध प्रदर्शन किया। पार्टी नेताओं और पार्षदों ने नगर निगम के ज़ोन-डी कार्यालय में डमी जनरल हाउस आयोजित कर शहर की खराब होती बुनियादी सुविधाओं और विकास कार्यों को लेकर निगम प्रशासन के खिलाफ जोरदार प्रदर्शन किया।

यह प्रदर्शन भाजपा जिला अध्यक्ष सुनील मोदगिल की अगुवाई में आयोजित किया गया, जिसमें पार्टी के सभी पार्षद और कई वरिष्ठ नेता शामिल हुए। प्रदर्शन के दौरान मेयर और नगर निगम कमिश्नर की प्रतीकात्मक खाली कुर्सियां भी लगाई गईं, जिसके माध्यम से भाजपा ने प्रशासन के प्रति अपनी नाराज़गी जताई।

भाजपा नेताओं का आरोप है कि नगर निगम के अधिकारी उनके पार्षदों की समस्याओं और सुझावों को गंभीरता से नहीं लेते। उनका कहना है कि जिन वार्डों में भाजपा के पार्षद चुने गए हैं, वहां विकास कार्य पूरी तरह ठप पड़े हैं।

नेताओं ने आरोप लगाया कि शहर के कई इलाकों में पीने के पानी की कमी, सीवरेज जाम, सफाई व्यवस्था की बदहाली और अधूरे विकास कार्य लोगों के लिए बड़ी परेशानी बने हुए हैं। बार-बार शिकायतें करने के बावजूद नगर निगम प्रशासन की ओर से कोई ठोस कार्रवाई नहीं की जा रही है।

भाजपा नेताओं ने चेतावनी दी कि यदि जल्द ही इन समस्याओं का समाधान नहीं किया गया तो पार्टी आने वाले दिनों में अपना आंदोलन और तेज करेगी।

प्रदर्शन के दौरान भाजपा जिला अध्यक्ष सुनील मोदगिल और अन्य नेताओं ने नगर निगम की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए शहरवासियों की मूलभूत सुविधाओं को प्राथमिकता देने की मांग की।

समराला में 29 दिन बाद खत्म हुई सफाई कर्मचारियों की हड़ताल, वेतन बढ़ोतरी के बाद शुरू हुआ सफाई अभियान

समराला / सत्ता संदेश

Report : परमिंदर वर्मा, समराला

समराला में 29 दिनों से जारी सफाई कर्मचारियों की हड़ताल वेतन बढ़ोतरी के बाद समाप्त हो गई। नगर काउंसिल ने कर्मचारियों का स्वागत किया, शहर में फिर शुरू हुई सफाई।

समराला शहरवासियों के लिए राहत भरी खबर है। पिछले 29 दिनों से जारी सफाई कर्मचारियों की हड़ताल आखिरकार समाप्त हो गई है। पंजाब सरकार द्वारा कर्मचारियों के वेतन में बढ़ोतरी किए जाने के बाद सफाई कर्मचारी काम पर लौट आए हैं और पूरे शहर में दोबारा सफाई अभियान शुरू कर दिया गया है।

हड़ताल समाप्त होने के बाद नगर काउंसिल समराला के प्रधान लाला मंगत राय ने सफाई कर्मचारियों का मुंह मीठा करवाकर उनका स्वागत किया। उन्होंने कहा कि सरकार ने कर्मचारियों की जायज मांगों को स्वीकार करते हुए उनके वेतन में वृद्धि की है। इसके साथ ही शहर की सफाई व्यवस्था एक बार फिर सामान्य होने लगी है।

सफाई कर्मचारी यूनियन समराला के प्रधान मास्टर सुरिंदर कुमार ने बताया कि कच्चे सफाई कर्मचारी अपनी मांगों को लेकर पिछले 29 दिनों से हड़ताल पर थे। इस दौरान शहरवासियों ने उनका पूरा सहयोग किया। उन्होंने कहा कि सरकार के सकारात्मक फैसले से कर्मचारियों को बड़ी राहत मिली है और सभी कर्मचारी इस निर्णय से संतुष्ट हैं।

कर्मचारियों ने भरोसा दिलाया कि वे पहले की तरह पूरी जिम्मेदारी और मेहनत के साथ शहर को स्वच्छ बनाए रखने के लिए कार्य करेंगे। इस अवसर पर नगर काउंसिल प्रधान लाला मंगत राय, यूनियन प्रधान मास्टर सुरिंदर कुमार और महिला सफाई कर्मचारी भारती देवी ने भी अपने विचार साझा किए।

शहरवासियों को उम्मीद है कि सफाई व्यवस्था सामान्य होने से पिछले कई दिनों से जमा कचरे का जल्द निपटारा होगा और समराला फिर से स्वच्छ एवं साफ-सुथरा नजर आएगा।

पंजाब में बुक कल्चर को बढ़ावा देने के लिए अपनाएं ‘बरगारी मॉडल’: प्रो. गुरभजन सिंह गिल

लुधियाना / सत्ता संदेश

पंजाब में पढ़ने की संस्कृति (बुक कल्चर) को मजबूत करने के लिए पीपुल्स फोरम बरगारी मॉडल को अपनाने की आवश्यकता है। यह बात पंजाबी लोक विरासत अकादमी, लुधियाना के चेयरमैन प्रो. गुरभजन सिंह गिल ने कही।

उन्होंने बताया कि वर्ष 2000 में फरीदकोट जिले के गांव बरगारी के 23 युवाओं ने साहित्य, स्वास्थ्य, स्वच्छता और पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा देने के उद्देश्य से पीपुल्स फोरम की शुरुआत की थी। लगातार प्रयासों के चलते इस पहल ने पंजाब में बुक फेयर, पर्यावरण संरक्षण और हर घर लाइब्रेरी जैसे अभियानों के माध्यम से एक प्रेरणादायक मॉडल प्रस्तुत किया है।

इस अवसर पर खुशवंत बरगारी ने प्रो. गुरभजन सिंह गिल को गुरबचन सिंह भुल्लर की नई पुस्तक “ਪੰਜਾਬੀ ਵਿਖ ਕਾਂਜੀ- ਕਿਸ ਦੀ ਮਜਾਲ” भेंट की। उन्होंने बताया कि पीपुल्स फोरम हर दो महीने में चार पुस्तकों का एक सेट पाठकों तक पहुंचाता है। जुलाई-अगस्त 2026 के सेट में बलबीर परवाना का कहानी संग्रह “सब तो उदास इबारत”, हरमीत विद्यार्थी की रचनात्मक डायरी “धरती ने बोलना ही सी”, कुमार जगदेव की गद्य पुस्तक “मैले लट्ठे दी झालर” तथा पंजाबी साहित्य सभा, नई दिल्ली की त्रैमासिक पत्रिका “समकालीन साहित्य” शामिल हैं।

खुशवंत बरगारी ने बताया कि वर्ष 2013 से अब तक बिना किसी सरकारी या संस्थागत आर्थिक सहायता के 350 पुस्तकें प्रकाशित की जा चुकी हैं। प्रकाशन के लिए किसी भी लेखक से कोई शुल्क नहीं लिया जाता, बल्कि उन्हें रॉयल्टी के रूप में पुस्तकें दी जाती हैं।

उन्होंने बताया कि मात्र 350 रुपये में चार पुस्तकों का सेट डाक के माध्यम से पंजाब सहित देशभर के 750 पंजाबी परिवारों तक पहुंचाया जाता है। इसके लिए अलग से डाक शुल्क भी नहीं लिया जाता। विदेशों में रहने वाले 50 पंजाबी परिवार भी इस घरेलू पुस्तकालय अभियान से जुड़े हुए हैं।

पीपुल्स फोरम का संदेश है कि “हर दिन एक कप चाय की कीमत का आधा खर्च करके हर घर में शब्दों का प्रकाश फैलाया जा सकता है।”

प्रो. गुरभजन सिंह गिल ने पंजाब के खेल क्लबों, साहित्यिक एवं सांस्कृतिक संस्थाओं से आह्वान किया कि वे मिलकर पंजाब को “शब्द भूमि” बनाने की दिशा में काम करें, ताकि ज्ञान और साहित्य के माध्यम से समाज को बौद्धिक रूप से समृद्ध बनाया जा सके।

खुशवंत बरगारी के अनुसार, वर्ष 2013 से अब तक करीब ढाई लाख पुस्तकें घर-घर पहुंचाई जा चुकी हैं। पीपुल्स फोरम बरगारी द्वारा प्रकाशित पुस्तकें पंजाब के प्रमुख पुस्तक विक्रेताओं के पास भी उपलब्ध हैं।

Tamilnadu : 100 करोड़ के पलानी मंदिर जमीन घोटाले में CBCID का एक्शन, 3 आरोपियों को किया गिरफ्तार

तमिलनाडु / सत्ता संदेश

अयोध्या के राम मंदिर में चंदा चोरी की जांच जारी है, इस बीच देश के कई अन्य मंदिरों से ऐसे ही घोटालों और चोरी के मामले सामने आए है। इस पर कार्रवाई भी की जा रही है. लेकिन अब मंदिर की जमीन से जुड़ा धोखाधड़ी का एक और मामला सामने आया जिसमें तमिलनाडु के एक प्रतिष्ठित मंदिर से संबंधित मठ की कीमती जमीन का धोखाधड़ी के साथ रजिस्ट्रेशन ही करवा लिया गया है। आम जनता की नाराजगी देखते हुए सरकार में जांच के आदेश दिए और 80 से अधिक लोगों से पूछताछ की गई।

अधिकारियों ने बुधवार को बताया कि CB-CID ने तमिलनाडु के डिंडीगुल शहर के मशहूर पलानी मुरुगन मंदिर से जुड़े एक मठ की कीमती जमीन के कथित धोखाधड़ी के जरिए रजिस्ट्रेशन कराने के मामले में 3 लोगों को गिरफ्तार किया है। ये गिरफ्तारियां मंदिर के पास तलहटी में स्थित 1.4 एकड़ के प्लॉट से जुड़े इस हाई-प्रोफाइल केस में एक बड़ी कामयाबी हैं।

100 करोड़ कीमत, 2 करोड़ में रजिस्ट्री

यह प्रॉपर्टी, जिसका इस्तेमाल अभी श्रद्धालुओं के लिए फ्री पार्किंग के तौर पर किया जा रहा है और इसकी बाजार में कीमत 100 करोड़ रुपये से अधिक आंकी गई, उसे इस महीने की शुरुआत में महज 2 करोड़ रुपये में निजी शख्स के नाम धोखाधड़ी से रजिस्टर करा दिया गया था।

धोखाधड़ी के साथ यह लेन-देन 6 जुलाई को किया गया था, जबकि 1888 का एक स्थायी बंदोबस्ती विलेख (Permanent Endowment Deed) मौजूद है। जिसमें इस जमीन को सिर्फ धार्मिक और धर्मार्थ कार्यों के लिए समर्पित किया गया था और इस पर किसी भी तरह की व्यवसायिक बिक्री या ट्रांसफर करने पर रोक लगी थी। रजिस्ट्रेशन के दौरान हिंदू धार्मिक और धर्मार्थ बंदोबस्ती (Hindu Religious and Charitable Endowments, HR&CE) विभाग की स्पष्ट, लिखित आपत्तियों पर भी ध्यान नहीं दिया गया।

रजिस्ट्री कराने वाले अफसरों पर गिरी गाज

राज्य सरकार ने पहले ही अवैध रजिस्ट्रेशन की प्रक्रिया को आगे बढ़ाने के लिए पलानी के ज्वाइंट सब-रजिस्ट्रार जस्टिन मणिकंदन और जिला रजिस्ट्रार शशिकला को सस्पेंड कर दिया है। मणिकंदन, जो अभी मद्रास हाई कोर्ट से मिली अंतरिम अग्रिम जमानत पर बाहर हैं। उनसे हाल ही में CB-CID की टीम ने 7 घंटे तक लंबी पूछताछ की थी।

मद्रास हाई कोर्ट की मदुरै बेंच पहले ही इस केस में दखल दे चुकी है और विवादित बिक्री विलेख (Sale Deed) को अमान्य घोषित कर चुकी है।

गलत तरीके से जमीन का रजिस्ट्रेशन कराए जाने को लेकर जनता और राजनीतिक हलकों में खासा आक्रोश दिखा. लोगों की नाराजगी को देखते हुए राज्य के पुलिस महानिदेशक ने पिछले दिनों 15 जुलाई को मामले की जांच क्राइम ब्रांच-क्रिमिनल इन्वेस्टिगेशन डिपार्टमेंट (CB-CID) को सौंप दी थी।

चल रही जांच के तहत, जांचकर्ताओं ने घोटाले में शामिल बड़े नेटवर्क का पता लगाने के लिए मंदिर के पूर्व अधिकारियों, रिटायर राजस्व अधिकारियों और रजिस्ट्रेशन विभाग के कर्मचारियों सहित 80 से अधिक लोगों से पूछताछ की है।

असम में बाढ़ का कहर : PM ने सांसदों के साथ की समीक्षा बैठक विधायकों को 1 महीने का वेतन देने का किया ऐलान

नई दिल्ली / सत्ता संदेश

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मंगलवार को कहा कि उन्होंने असम के विभिन्न हिस्सों में व्याप्त बाढ़ की स्थिति पर राज्य के सांसदों के साथ बैठक की। इसके साथ ही आश्वासन दिया कि केंद्र सरकार प्रभावित लोगों की सहायता के लिए असम सरकार के साथ मिलकर काम कर रही है।

पीएम मोदी ने क्या बताया? 

एक्स पर एक पोस्ट में प्रधानमंत्री ने कहा कि उन्होंने लोगों की सुरक्षा और कुशलक्षेम के लिए प्रार्थना की। उन्होंने एक्स पर लिखा,’असम के सांसदों से मुलाकात की और राज्य के विभिन्न हिस्सों में बाढ़ की मौजूदा स्थिति पर चर्चा की। केंद्र सरकार प्रभावित लोगों की सहायता के लिए असम सरकार के साथ मिलकर काम कर रही है। मैं सभी की सुरक्षा और कुशल मंगल की कामना करता हूं। 

असम में क्या है हालात?

इस बीच, असम के शिवसागर जिले में बाढ़ की स्थिति लगातार बिगड़ती जा रही है क्योंकि नौजान गांव में बाढ़ का पानी घरों में घुस गया और सड़कें जलमग्न हो गईं, जिससे सैकड़ों परिवार आश्रय, भोजन और सुरक्षित पेयजल तक पहुंच के लिए संघर्ष कर रहे हैं, जबकि राहत अभियान तेज कर दिए गए हैं।


वहीं, असम के विधायकों ने एक बड़ा फैसला लिया है। रायजोर दल को छोड़कर सभी विधायकों ने मंगलवार को राज्य के बाढ़ पीड़ितों की राहत और पुनर्वास के लिए अपने एक महीने का वेतन दान करने की घोषणा की।

अध्यक्ष रणजीत कुमार दास ने क्या एलान किया?

अध्यक्ष रणजीत कुमार दास ने कहा कि वह और उपाध्यक्ष हब्बे टेरोन बाढ़ राहत के लिए एक महीने का वेतन दान करेंगे। उन्होंने घोषणा की, ‘हमारे अलावा, विधानसभा सचिवालय के सभी कर्मचारी पीड़ितों की राहत और पुनर्वास के लिए एक दिन का वेतन दान करेंगे।’

संसदीय कार्य मंत्री ने क्या कहा? 

इस पहल का स्वागत करते हुए संसदीय कार्य मंत्री पीयूष हजारिका ने कहा कि भाजपा के सभी विधायक भी एक महीने का वेतन दान करेंगे। राज्य में तृणमूल कांग्रेस के इकलौते विधायक शेरमन अली अहमद ने भी ऐसा ही किया और बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों के लिए अपने एक महीने का वेतन दान करने की घोषणा की।

वायुसेना की ओर से राहत अभियान जारी

भारतीय वायुसेना की ओर से असम और नागालैंड के बाढ़ प्रभावित इलाकों में मानवीय सहायता एवं आपदा राहत अभियान लगातार जारी है। खराब मौसम और चुनौतीपूर्ण परिस्थितियों के बावजूद वायुसेना राहत एवं बचाव कार्यों में पूरी तत्परता से जुटी हुई है। मंगलवार को भारतीय वायुसेना ने बताया कि पिछले 10 दिनों के दौरान उसके हेलीकॉप्टरों ने बाढ़ में फंसे 458 लोगों को सुरक्षित बचाकर निकाला है।

वायुसेना के मुताबिक अभी तक प्रभावित क्षेत्रों में हवाई मार्ग से 9 टन से अधिक आवश्यक राहत सामग्री भी पहुंचाई गई है। वायुसेना के अधिकारी व जवान रहात अभियान के दौरान लगातार दुर्गम और जलमग्न क्षेत्रों में उड़ान भर रहे है।

बता दे कि कुल 631 गांव अभी भी जलमग्न हैं। वहीं, राहत कार्य 184 शिविरों और वितरण केंद्रों के माध्यम से जारी हैं, जहां लगभग 28,700 लोगों को आश्रय दिया गया है। 

मीरी-पीरी दिवस पर श्री अकाल तख्त साहिब से निकला खालसा मार्च, कल पहुंचेगा तरनतारन साहिब

अमृतसर / सत्ता संदेश

अमृतसर में छठे पातशाह श्री गुरु हरगोबिंद साहिब के मीरी-पीरी दिवस को समर्पित मीरी-पीरी खालसा मार्च श्री अकाल तख्त साहिब से शुक्रवार सुबह शुरू हुआ।  

यह मार्च श्री अकाल तख्त साहिब के जत्थेदार के निर्देश पर आयोजित किया जा रहा है। मार्च की शुरुआत श्री अखंड पाठ साहिब के भोग और गुरमत समागम के बाद अरदास के साथ हुई। इस अवसर पर सिंह साहिबान, विभिन्न तख्त साहिबान के जत्थेदार, शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी (एसजीपीसी) के अध्यक्ष एडवोकेट हरजिंदर सिंह धामी, शिरोमणि अकाली दल के अध्यक्ष सुखबीर सिंह बादल, पार्टी के वरिष्ठ नेता, विधायक, पूर्व मंत्री तथा शिरोमणि अकाली दल का समूचा नेतृत्व मौजूद रहा। 

बड़ी संख्या में संगत ने भी मार्च में भाग लिया। श्री गुरु ग्रंथ साहिब जी की छत्रछाया और पंज प्यारों की अगुवाई में निकाले जा रहे इस मार्च का उद्देश्य गुरमत का प्रचार-प्रसार करना तथा संगत को श्री अकाल तख्त साहिब के सिद्धांतों, मर्यादा और मीरी-पीरी के संदेश से जोड़ना है।

धर्म प्रचार समिति के सचिव गुरिंदर सिंह मथरेवाल ने बताया कि यात्रा के माध्यम से सिख इतिहास, परंपराओं और शहीदों के बलिदान से नई पीढ़ी को परिचित कराया जा रहा है।

मार्च के दौरान विशेष बस में गुरु साहिबान और शहीद सिंहों के ऐतिहासिक शस्त्रों के दर्शन कराए जा रहे हैं। इसके साथ ही सिख इतिहास और संघर्ष को दर्शाने वाले पोस्टरों और झांकियों से सजे वाहन भी यात्रा का हिस्सा हैं।

मार्च श्री अकाल तख्त साहिब से रवाना होकर हाल गेट, भंडारी पुल, पुतलीघर, गुरु नानक देव विश्वविद्यालय, छेहरटा, इंडिया गेट बाईपास, खासा, घरिंडा, अटारी और विभिन्न गांवों से होते हुए गुरुद्वारा बीड़ बाबा बुड्ढा साहिब, ठठा में रात्रि विश्राम के बाद शनिवार को तरनतारन साहिब पहुंचेगा। आयोजकों ने संगत से परिवार सहित बड़ी संख्या में इस ऐतिहासिक मीरी-पीरी खालसा मार्च में शामिल होने की अपील की है।