चंडीगढ़ : अकाली दल ने महंगाई और फसलों के दाम पर जताई चिंता, चुनावी कार्यक्रमों का ऐलान
चंडीगढ़ / सत्ता संदेश
शिरोमणि अकाली दल ने बढ़ती महंगाई और किसानों को फसलों के अपेक्षित दाम नहीं मिलने का मुद्दा उठाते हुए केंद्र सरकार से गेहूं के न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) में किए गए 25 रुपये के इजाफे पर पुनर्विचार करने की मांग की है। पार्टी के वरिष्ठ नेता बलविंदर सिंह भूंदड़ और डॉ. दलजीत सिंह चीमा ने चंडीगढ़ में प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान यह जानकारी दी। पार्टी के अनुसार, गेहूं का MSP 25 रुपये बढ़ाकर 2,610 रुपये प्रति क्विंटल किया गया है।
6 अक्टूबर से डोर-टू-डोर अभियान
डॉ. दलजीत सिंह चीमा ने बताया कि पार्टी की वरिष्ठ लीडरशिप और हलका इंचार्जों के साथ बैठक में आगामी कार्यक्रमों और संगठनात्मक गतिविधियों पर चर्चा की गई।
अकाली दल के अनुसार, 6 अक्टूबर से अटारी से डोर-टू-डोर अभियान शुरू किया जाएगा। यह अभियान पंजाब के सभी विधानसभा क्षेत्रों में चलाया जाएगा। पार्टी का कहना है कि इस दौरान लोगों से उनके प्रमुख मुद्दों और प्राथमिकताओं को लेकर सुझाव लिए जाएंगे, जिन्हें चुनावी घोषणा पत्र तैयार करने में शामिल किया जाएगा। यह अभियान 25 अक्टूबर तक चलाने की योजना है।
1 नवंबर को जारी होगा चुनावी घोषणा पत्र
अकाली दल ने 1 नवंबर को अपना चुनावी घोषणा पत्र जारी करने की घोषणा की है। पार्टी के मुताबिक, घोषणा पत्र तैयार करने के लिए अनुसूचित जाति और पिछड़ा वर्ग विंग के साथ बैठकें की जा चुकी हैं। अब किसानों, व्यापारियों, युवाओं और सरकारी कर्मचारियों से भी सुझाव लिए जाएंगे।
वहीं, पार्टी अध्यक्ष सुखबीर सिंह बादल 10 नवंबर से तलवंडी साबो से राज्यव्यापी बस यात्रा शुरू करेंगे। पार्टी के अनुसार, इस दौरान वह रोजाना दो से तीन विधानसभा क्षेत्रों को कवर करेंगे।
5 अक्टूबर से हरसिमरत कौर बादल का अभियान
पार्टी ने बताया कि सांसद हरसिमरत कौर बादल 5 अक्टूबर को श्री मुक्तसर साहिब से महिला केंद्रित नशा विरोधी अभियान के दूसरे चरण की शुरुआत करेंगी। अभियान का नारा ‘मावां-दियां ललकार, बंद करो नशा दा व्यापार’ रखा गया है और पार्टी के अनुसार इसे पंजाब के घर-घर तक पहुंचाने की योजना है।
8 दिसंबर को मोगा में रैली
अकाली दल के अनुसार, पूर्व मुख्यमंत्री प्रकाश सिंह बादल के जन्मदिवस के अवसर पर 8 दिसंबर को मोगा के नजदीक किली चहलां में बड़ी जनसभा आयोजित की जाएगी।
प्रेस कॉन्फ्रेंस में पार्टी ने पंजाब सरकार पर अकाली दल और उसके नेताओं के खिलाफ कथित तौर पर गलत और मानहानिकारक प्रचार करने का आरोप भी लगाया। डॉ. चीमा ने बताया कि ऐसे मामलों की निगरानी और कानूनी कार्रवाई के लिए पार्टी ने वकीलों की एक कमेटी गठित की है। उपलब्ध रिपोर्टों में इस कमेटी की संख्या 10 सदस्य बताई गई है।

