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नाभा में 3 और 4 अक्टूबर को होगा 8वां विशाल कबड्डी कप, तैयारियां पूरी

नाभा / सत्ता संदेश

रिपोर्टर: चेतन मेहता

शहीद भगत सिंह वेलफेयर सोसाइटी की ओर से शहीद-ए-आजम भगत सिंह की याद में 3 और 4 अक्टूबर को नाभा के कॉलेज ग्राउंड में 8वां विशाल कबड्डी कप करवाया जा रहा है। टूर्नामेंट को लेकर आयोजकों की ओर से सभी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। खेल मुकाबलों के साथ-साथ दर्शकों के लिए लकी ड्रॉ और पंजाबी गायक लाभ हीर का ओपन अखाड़ा भी मुख्य आकर्षण रहेगा।

सोसाइटी के प्रेसिडेंट परमजीत सिंह ने बताया कि 3 अक्टूबर को 45 किलोग्राम और 55 किलोग्राम भार वर्ग में बच्चों के कबड्डी मुकाबले करवाए जाएंगे। इसी दिन दोपहर 3 बजे ट्रॉली बैक कॉम्पिटिशन और बच्चों का पगड़ी मुकाबला भी आयोजित होगा। इसके अलावा लोगों की सुविधा के लिए फ्री आई चेक-अप कैंप लगाया जाएगा, जिसमें मरीजों को मुफ्त दवाइयां भी दी जाएंगी।

उन्होंने बताया कि 4 अक्टूबर को 65 किलोग्राम भार वर्ग के मुकाबलों के साथ ऑल ओपन कबड्डी मुकाबले करवाए जाएंगे। ऑल ओपन वर्ग में विजेता टीम को 1 लाख रुपये और उपविजेता टीम को 75 हजार रुपये का पुरस्कार दिया जाएगा। इसके अलावा बेस्ट रेडर और बेस्ट जाफी को 21-21 हजार रुपये का इनाम दिया जाएगा। ऑल ओपन टीमों की एंट्री 4 अक्टूबर को दोपहर 12 बजे तक रखी गई है।

कबड्डी कप में दर्शकों के लिए 200 रुपये का लकी ड्रॉ कूपन भी रखा गया है। फाइनल मुकाबले से पहले स्टेज पर लकी ड्रॉ निकाला जाएगा और विजेता को होंडा मोटरसाइकिल इनाम में दी जाएगी।

कार्यक्रम के दौरान 4 अक्टूबर को शाम 6 बजे मशहूर पंजाबी गायक लाभ हीर का ओपन अखाड़ा भी आयोजित किया जाएगा। आयोजकों के अनुसार इसके लिए विशेष डायमंड एरिना तैयार किया जा रहा है।

मैनेजरों ने खिलाड़ियों से अपील की कि वे खेल के दौरान अनुशासन बनाए रखें, किसी भी प्रकार के नशे से दूर रहें और खेल भावना के साथ मुकाबलों में हिस्सा लें। उन्होंने कहा कि इस खेल महोत्सव का मुख्य उद्देश्य युवाओं और बच्चों को खेलों से जोड़ना और उन्हें नशे से दूर रखना है।

सोसायटी के सदस्यों ने नाभा और आसपास के इलाकों के सभी निवासियों तथा खेल प्रेमियों से बड़ी संख्या में पहुंचकर कबड्डी कप का हिस्सा बनने की अपील की है।

लुधियाना : बाल देखभाल गृहों के बच्चों के लिए जिला स्तरीय खेल प्रतियोगिता आयोजित

लुधियाना / सत्ता संदेश

किशोर न्याय (बच्चों की देखभाल एवं संरक्षण) अधिनियम के तहत स्थापित सरकारी और गैर-सरकारी बाल देखभाल गृहों में रहने वाले बच्चों के सर्वांगीण विकास और खेल प्रतिभा को बढ़ावा देने के उद्देश्य से जिला स्तरीय खेल प्रतियोगिता आयोजित की गई। जिला कार्यक्रम अधिकारी एस. गुरमीत सिंह के नेतृत्व में आयोजित इस प्रतियोगिता में बच्चों ने उत्साह और खेल भावना के साथ भाग लिया।

प्रतियोगिता के दौरान बच्चों के लिए 100 मीटर दौड़, रिले दौड़, लंबी कूद, ऊंची कूद और रस्साकशी सहित विभिन्न खेल प्रतियोगिताएं और मनोरंजक गतिविधियां करवाई गईं। बच्चों ने सभी गतिविधियों में सक्रिय भागीदारी करते हुए अपनी खेल प्रतिभा का प्रदर्शन किया। प्रतियोगिता में भाग लेने वाले बच्चों का उत्साहवर्धन भी किया गया।

इस अवसर पर जिला कार्यक्रम अधिकारी गुरमीत सिंह ने कहा कि खेल बच्चों के शारीरिक और मानसिक विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। खेलों के माध्यम से बच्चों में अनुशासन, आत्मविश्वास, टीम भावना और स्वस्थ प्रतिस्पर्धा की भावना विकसित होती है। साथ ही, खेल बच्चों को जीत और हार को खेल भावना के साथ स्वीकार करना भी सिखाते हैं।

उन्होंने कहा कि इस तरह के आयोजन बच्चों को अपनी प्रतिभा निखारने और अपनी क्षमताओं को पहचानने के लिए मंच प्रदान करते हैं। बच्चों के कल्याण, सुरक्षा और उज्ज्वल भविष्य को सुनिश्चित करने के लिए शैक्षिक, रचनात्मक और खेल आधारित गतिविधियों को लगातार प्रोत्साहित किया जाएगा।

कार्यक्रम में जिला बाल संरक्षण अधिकारी रश्मी के अलावा जिला बाल विकास इकाई और चाइल्ड लाइन के कर्मचारी दीपक कुमार, मनजीत कौर, संदीप सिंह, कुलविंदर कौर, हरिंदर सिंह, संजना, रितु सूद, किरनदीप कौर, कमलजीत कौर और संदीप सागर मौजूद रहे।

कार्यक्रम के अंत में विभिन्न खेल प्रतियोगिताओं के विजेता बच्चों को पुरस्कार देकर सम्मानित किया गया। सभी बच्चों को नियमित रूप से खेलों और अन्य रचनात्मक गतिविधियों में भाग लेने के लिए प्रेरित किया गया। प्रतियोगिता बच्चों के लिए अपनी प्रतिभा प्रदर्शित करने के साथ-साथ आपसी मेलजोल और खेल भावना को मजबूत करने का अवसर बनी।

भारत ने पाकिस्तान को 4-3 से हराकर एशियन गेम्स 2026 हॉकी फाइनल में बनाई जगह

खेल डेस्क / सत्ता संदेश

भारत की मेंस हॉकी टीम ने एशियन गेम्स 2026 के फाइनल में जगह बना ली है। पहले सेमीफाइनल में भारत ने पाकिस्तान को रोमांचक मुकाबले में 4-3 से शिकस्त दी। मैच का फैसला आखिरी मिनट में हुआ, जब अभिषेक ने निर्णायक गोल दागकर भारत को जीत दिलाई।

भारत ने मुकाबले की शुरुआत आक्रामक अंदाज में की। पहले क्वार्टर में भारतीय टीम ने पाकिस्तान पर 2-0 की बढ़त बना ली। दूसरे क्वार्टर में भारत ने एक और गोल करते हुए स्कोर 3-0 कर दिया। इस बढ़त के बाद भारत की स्थिति मजबूत नजर आ रही थी, लेकिन पाकिस्तान ने जोरदार वापसी की।

पाकिस्तान ने लगातार हमले करते हुए भारत की तीन गोल की बढ़त को खत्म कर दिया और स्कोर 3-3 से बराबर कर दिया। इसके बाद दोनों टीमों के बीच आखिरी मिनट तक कड़ा मुकाबला देखने को मिला।

मैच के निर्णायक क्षण में अभिषेक ने गोल दागकर भारत को 4-3 की बढ़त दिलाई, जो अंत तक कायम रही। इस गोल के साथ भारत ने फाइनल का टिकट पक्का कर लिया।

भारत की ओर से हरमनप्रीत सिंह ने दो गोल, जबकि सुखजीत सिंह ने एक गोल किया। इसके बाद अभिषेक का आखिरी मिनट में आया गोल भारत की जीत का निर्णायक गोल साबित हुआ।

28 साल बाद बना खास संयोग

भारत की मेंस हॉकी टीम के फाइनल में पहुंचने के साथ एशियन गेम्स में एक खास संयोग भी बना है। 1998 के बाद यह पहला मौका है जब भारत की पुरुष और महिला दोनों हॉकी टीमें एशियन गेम्स के फाइनल में पहुंची हैं। महिला टीम ने अपने सेमीफाइनल मुकाबले में कोरिया को हराकर फाइनल में जगह बनाई थी।

अब भारत की नजरें एशियन गेम्स 2026 में हॉकी के दोनों स्वर्ण पदकों पर होंगी।

एशियन गेम्स में भारत का कबड्डी में डबल धमाल, पुरुष टीम ने ईरान को 40-34 से हराकर जीता गोल्ड

खेल डेस्क / आइची-नागोया / सत्ता संदेश

एशियन गेम्स 2026 में भारत ने कबड्डी में शानदार प्रदर्शन करते हुए डबल गोल्ड अपने नाम कर लिया। शनिवार, 26 सितंबर को महिला टीम के बाद भारतीय पुरुष कबड्डी टीम ने भी फाइनल में ईरान को 40-34 से हराकर स्वर्ण पदक जीत लिया। इसके साथ ही भारत ने पुरुष कबड्डी में एशियन गेम्स का खिताब एक बार फिर अपने नाम कर लिया।

भारत और ईरान के बीच मुकाबला शुरुआत से ही बेहद रोमांचक रहा। पहले हाफ में दोनों टीमों के बीच कांटे की टक्कर देखने को मिली। ईरान ने शानदार डिफेंस के दम पर हाफ टाइम तक भारत पर 18-17 की बढ़त बना ली थी। दूसरे हाफ की शुरुआत में भी ईरान ने अपनी बढ़त बनाए रखी, लेकिन इसके बाद भारतीय टीम ने जबरदस्त वापसी की।

भारत की वापसी में डिफेंस की अहम भूमिका रही। सुमित और जयदीप दहिया के शानदार टैकल्स के साथ भारतीय रेडर्स ने लगातार अंक जुटाए। दूसरे हाफ में भारत ने ईरान पर दबाव बढ़ाया और मुकाबले का रुख पूरी तरह अपने पक्ष में कर लिया। अंततः भारत ने 40-34 से जीत दर्ज करते हुए गोल्ड मेडल अपने नाम कर लिया।

महिला टीम ने भी जीता गोल्ड

इससे पहले शनिवार सुबह भारतीय महिला कबड्डी टीम ने भी ईरान को 37-34 से हराकर स्वर्ण पदक जीता था। इस तरह भारत ने एक ही दिन महिला और पुरुष दोनों कबड्डी स्पर्धाओं में गोल्ड मेडल हासिल किया।

पुरुष कबड्डी में भारत का 9वां गोल्ड

ईरान के खिलाफ जीत के साथ भारत ने एशियन गेम्स के पुरुष कबड्डी में अपना 9वां स्वर्ण पदक हासिल किया। पुरुष कबड्डी 1990 से एशियन गेम्स का हिस्सा है और 2026 तक इसके 10 संस्करण हो चुके हैं। भारत ने 10 में से 9 संस्करणों में गोल्ड जीता है। 2018 जकार्ता एशियन गेम्स में ईरान ने भारत को सेमीफाइनल में हराकर उसका स्वर्ण पदक अभियान रोक दिया था और खुद गोल्ड जीता था।

2022 के हांगझोउ एशियन गेम्स में भारत ने पुरुष और महिला दोनों वर्गों में गोल्ड जीता था। 2026 में भी दोनों टीमों ने खिताब बरकरार रखते हुए भारत को कबड्डी में एक बार फिर दोहरी स्वर्णिम सफलता दिलाई है।

पावरग्रिड अंतर-क्षेत्रीय ब्रिज टूर्नामेंट-2026: उत्तर-पश्चिम और पूर्वी क्षेत्र-I टीम चैंपियनशिप के फाइनल में

चंडीगढ़ / सत्ता संदेश

चंडीगढ़ में आयोजित किए जा रहे तीन दिवसीय पावरग्रिड अंतर-क्षेत्रीय ब्रिज टूर्नामेंट-2026 के दूसरे दिन टीम चैंपियनशिप के मुकाबलों में रोमांच देखने को मिला। उत्तर-पश्चिम क्षेत्र (NWR) और पूर्वी क्षेत्र-I (ER-I) ने अपने-अपने सेमीफाइनल मुकाबले जीतकर टीम चैंपियनशिप के फाइनल में जगह बनाई।

उत्तर-पश्चिम क्षेत्र ने सेमीफाइनल में पश्चिमी क्षेत्र-I (WR-I) को 29-1 के स्कोर से हराया। वहीं, पूर्वी क्षेत्र-I ने अपने सेमीफाइनल मुकाबले में 34-16 से जीत दर्ज कर फाइनल में प्रवेश किया।

टूर्नामेंट के पेयर्स इवेंट में भी दूसरे दिन खिलाड़ियों के बीच कड़ा मुकाबला देखने को मिला। प्रतियोगिता में कुल 35 जोड़ियों ने हिस्सा लिया और दिनभर में नौ राउंड आयोजित किए गए।

पेयर्स इवेंट के दौरान खिलाड़ियों ने बेहतर प्रदर्शन के लिए अपनी रणनीति और कौशल का इस्तेमाल किया। प्रतिद्वंद्वी जोड़ियों के बीच बढ़त हासिल करने की कोशिशों के चलते मुकाबलों में लगातार रोमांच बना रहा।

तीन दिवसीय टूर्नामेंट के अगले चरण में टीम चैंपियनशिप के फाइनल मुकाबले पर सभी की नजरें रहेंगी।

पैरा गेम्स वतन पंजाब-2026: 25 से 28 नवंबर तक गुरु नानक स्टेडियम में होगा आयोजन

लुधियाना / सत्ता संदेश

पंजाब खेल विभाग की ओर से पैरा गेम्स वतन पंजाब-2026 का आयोजन 25 से 28 नवंबर 2026 तक लुधियाना के स्थानीय गुरु नानक स्टेडियम में किया जाएगा। इन खेलों में पैरा खिलाड़ी विभिन्न खेलों में अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन करेंगे।

डिस्ट्रिक्ट स्पोर्ट्स ऑफिसर लुधियाना मंदीप कौशल ने बताया कि प्रतियोगिता में पैरा एथलेटिक्स, पैरा बैडमिंटन, पैरा पावरलिफ्टिंग और व्हीलचेयर बास्केटबॉल को शामिल किया गया है। ये प्रतियोगिताएं दो आयु वर्गों में आयोजित होंगी। इनमें जूनियर वर्ग (19 वर्ष से कम) और ओपन वर्ग (19 वर्ष से अधिक) शामिल हैं।

उन्होंने बताया कि पैरा खिलाड़ियों की अधिक से अधिक भागीदारी सुनिश्चित करने के उद्देश्य से इस बार व्हीलचेयर बास्केटबॉल को भी खेलों में शामिल किया गया है। इससे खिलाड़ियों को अपनी प्रतिभा दिखाने के लिए एक और मंच मिलेगा।

डिस्ट्रिक्ट स्पोर्ट्स ऑफिसर ने बताया कि प्रतियोगिता में हिस्सा लेने के इच्छुक पैरा खिलाड़ियों को अपने क्लासिफिकेशन के लिए 29 सितंबर 2026 को सुबह 9 बजे स्थानीय गुरु नानक स्टेडियम, लुधियाना में रिपोर्ट करना होगा।

मंदीप कौशल ने पैरा खिलाड़ियों से अपील की कि वे पैरा गेम्स वतन पंजाब-2026 में अधिक से अधिक संख्या में हिस्सा लें और खेल के क्षेत्र में अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन करें।

चंडीगढ़ में पावरग्रिड अंतर-क्षेत्रीय ब्रिज टूर्नामेंट-2026 का शुभारंभ, 12 टीमें ले रहीं हिस्सा

चंडीगढ़ / सत्ता संदेश

चंडीगढ़ में तीन दिवसीय पावरग्रिड अंतर-क्षेत्रीय ब्रिज टूर्नामेंट-2026 का भव्य शुभारंभ हुआ। टूर्नामेंट में पावरग्रिड के विभिन्न क्षेत्रों से कुल 12 टीमें हिस्सा ले रही हैं। प्रतियोगिता के दौरान टीम और पेयर चैंपियनशिप के मुकाबले आयोजित किए जाएंगे।

इस टूर्नामेंट में दक्षिण क्षेत्र-I (SR-I), दक्षिण क्षेत्र-II (SR-II), पूर्व क्षेत्र-I (ER-I), पूर्व क्षेत्र-II (ER-II), पश्चिम क्षेत्र-I (WR-I), पश्चिम क्षेत्र-II (WR-II), उत्तर-पूर्व क्षेत्र (NER), उत्तर क्षेत्र-I (NR-I), उत्तर क्षेत्र-III (NR-III), उत्तर-पश्चिम क्षेत्र (NWR), कॉर्पोरेट सेंटर (CC) और मेजबान उत्तर क्षेत्र-II (NR-II) की टीमें भाग ले रही हैं।

प्रतियोगिता के मैच लीग-कम-नॉकआउट प्रारूप में खेले जा रहे हैं। तीन दिवसीय आयोजन के दौरान प्रतिभागी टीमें टीम चैंपियनशिप और पेयर चैंपियनशिप में अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन करेंगी।

टूर्नामेंट का उद्घाटन तरुण बजाज, कार्यपालक निदेशक (उत्तरी क्षेत्र-II) ने किया। इस अवसर पर आशुतोष के. शर्मा, महाप्रबंधक (एचआर) सहित पावरग्रिड और पंजाब ब्रिज एसोसिएशन के अन्य अधिकारी मौजूद रहे।

यह टूर्नामेंट पंजाब ब्रिज एसोसिएशन की देखरेख में आयोजित किया जा रहा है। प्रतियोगिता का समापन 26 सितंबर 2026 को होगा।

चंडीगढ़ : पावरग्रिड अंतर-क्षेत्रीय ब्रिज टूर्नामेंट-2026 का शुभारंभ

चंडीगढ़ / सत्ता संदेश

चंडीगढ़ में तीन दिवसीय पावरग्रिड अंतर-क्षेत्रीय ब्रिज टूर्नामेंट-2026 का भव्य शुभारंभ हुआ। टूर्नामेंट में पावरग्रिड के विभिन्न क्षेत्रों की कुल 12 टीमें हिस्सा ले रही हैं। प्रतियोगिता में टीम और पेयर चैंपियनशिप के मुकाबले आयोजित किए जा रहे हैं।

टूर्नामेंट में दक्षिण क्षेत्र-I (SR-I), दक्षिण क्षेत्र-II (SR-II), पूर्व क्षेत्र-I (ER-I), पूर्व क्षेत्र-II (ER-II), पश्चिम क्षेत्र-I (WR-I), पश्चिम क्षेत्र-II (WR-II), उत्तर-पूर्व क्षेत्र (NER), उत्तर क्षेत्र-I (NR-I), उत्तर क्षेत्र-III (NR-III), उत्तर-पश्चिम क्षेत्र (NWR), कॉर्पोरेट सेंटर (CC) और मेजबान क्षेत्र उत्तर क्षेत्र-II (NR-II) की टीमें भाग ले रही हैं।

प्रतियोगिता के मुकाबले लीग-कम-नॉकआउट प्रारूप में खेले जा रहे हैं। तीन दिनों तक चलने वाले इस टूर्नामेंट में विभिन्न क्षेत्रों से आई टीमें टीम और पेयर चैंपियनशिप में अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन करेंगी।

टूर्नामेंट का उद्घाटन तरुण बजाज, कार्यपालक निदेशक (उत्तरी क्षेत्र-II) ने किया। इस अवसर पर आशुतोष के. शर्मा, महाप्रबंधक (एचआर) सहित पावरग्रिड और पंजाब ब्रिज एसोसिएशन के अन्य अधिकारी मौजूद रहे।

टूर्नामेंट का आयोजन पंजाब ब्रिज एसोसिएशन की देखरेख में किया जा रहा है। प्रतियोगिता का समापन 26 सितंबर 2026 को होगा।

चीन से 1-3 से हारी भारतीय पुरुष बैडमिंटन टीम, कांस्य पदक से करना पड़ा संतोष

खेल डेस्क / नागोया / सत्ता संदेश

भारतीय पुरुष बैडमिंटन टीम को एशियन गेम्स के सेमीफाइनल मुकाबले में चीन के हाथों 1-3 से हार का सामना करना पड़ा। इस हार के साथ भारतीय टीम का स्वर्ण या रजत पदक जीतने का सपना टूट गया, लेकिन टीम कांस्य पदक अपने नाम करने में सफल रही।

सेमीफाइनल में भारत और चीन के बीच कड़ा मुकाबला देखने को मिला। पुरुष युगल मुकाबले में एमआर अर्जुन और हरिहरन अमसाकरुनाना की जोड़ी को चीन के जी तिंग ही और यी लुई के हाथों 16-21, 21-17, 9-21 से हार का सामना करना पड़ा। इस नतीजे के साथ चीन ने सेमीफाइनल में 3-1 की बढ़त हासिल कर मुकाबला अपने नाम कर लिया।

भारत की ओर से सात्विकसाईराज रेंकीरेड्डी और चिराग शेट्टी की जोड़ी ने शानदार प्रदर्शन करते हुए अपना मुकाबला जीता। हालांकि, लक्ष्य सेन और आयुष शेट्टी अपने-अपने मुकाबले जीतने में सफल नहीं रहे। पूरे सेमीफाइनल में चीन का दबदबा देखने को मिला।

भारतीय पुरुष बैडमिंटन टीम ने हांग्झू 2023 एशियन गेम्स में रजत पदक जीता था, जहां फाइनल में उसे चीन के हाथों हार मिली थी। मौजूदा एशियन गेम्स में कांस्य पदक जीतने के साथ भारत ने 40 साल में पहली बार एशियन गेम्स के लगातार दो संस्करणों में पुरुष टीम बैडमिंटन में पदक हासिल किया है।

इससे पहले भारतीय पुरुष बैडमिंटन टीम ने 1982 और 1986 एशियन गेम्स में कांस्य पदक जीते थे। अब चीन के खिलाफ सेमीफाइनल में हार के बावजूद भारतीय टीम ने कांस्य पदक के साथ अपना पदक अभियान जारी रखा है।

मीराबाई चानू ने रचा इतिहास, एशियन गेम्स में पहली बार जीता सिल्वर; 28 साल बाद भारत को वेटलिफ्टिंग में मिला पदक

मीराबाई चानू ने एशियन गेम्स 2026 में महिलाओं की 49 किलोग्राम वेटलिफ्टिंग स्पर्धा में 198 किलोग्राम वजन उठाकर सिल्वर मेडल जीता। भारत को वेटलिफ्टिंग में 28 साल बाद एशियन गेम्स पदक मिला।

नागोया / सत्ता संदेश

भारतीय वेटलिफ्टर मीराबाई चानू ने आखिरकार एशियन गेम्स में पदक जीतने का अपना अधूरा सपना पूरा कर लिया। एशियन गेम्स 2026 में महिलाओं की 49 किलोग्राम वेटलिफ्टिंग स्पर्धा में मीराबाई ने सिल्वर मेडल अपने नाम किया। उन्होंने कुल 198 किलोग्राम वजन उठाकर दूसरा स्थान हासिल किया।

मीराबाई का यह पदक इसलिए भी खास है क्योंकि इससे भारत का एशियन गेम्स वेटलिफ्टिंग में 28 साल का इंतजार खत्म हुआ है। इससे पहले 1998 में कर्णम मल्लेश्वरी ने भारत के लिए वेटलिफ्टिंग में पदक जीता था।

ऐसे जीता मीराबाई ने सिल्वर

मीराबाई ने स्नैच में 83 किलोग्राम से शुरुआत की और इसके बाद 85 तथा 87 किलोग्राम का सफल प्रयास किया। स्नैच के बाद उन्होंने क्लीन एंड जर्क में 111 किलोग्राम का सर्वश्रेष्ठ वजन उठाया। इस तरह उनका कुल स्कोर 198 किलोग्राम रहा और उन्होंने सिल्वर मेडल पक्का कर लिया।

उत्तर कोरिया की री सॉन्ग गुम ने 215 किलोग्राम के कुल वजन के साथ गोल्ड मेडल जीता, जबकि इंडोनेशिया की लुलुक डायना त्रि विजायाना ने 191 किलोग्राम के साथ ब्रॉन्ज मेडल हासिल किया।

एशियन गेम्स में तीसरी कोशिश में मिली सफलता

मीराबाई चानू ने 2014 में पहली बार एशियन गेम्स में हिस्सा लिया था, लेकिन पदक नहीं जीत सकीं। 2018 में चोट के कारण वह प्रतियोगिता से बाहर रहीं। 2023 के हांगझोउ एशियन गेम्स में वह पदक से चूकते हुए चौथे स्थान पर रही थीं। अब 23 सितंबर 2026 को उन्होंने आखिरकार एशियन गेम्स का अपना पहला पदक जीत लिया।

मीराबाई का यह सिल्वर उनके शानदार अंतरराष्ट्रीय करियर में एक और बड़ी उपलब्धि जोड़ता है। वह टोक्यो ओलंपिक में सिल्वर मेडल जीत चुकी हैं और वर्ल्ड चैंपियनशिप तथा कॉमनवेल्थ गेम्स में भी भारत के लिए पदक हासिल कर चुकी हैं। कॉमनवेल्थ गेम्स में उनके नाम तीन गोल्ड और एक सिल्वर मेडल हैं।

एशियन गेम्स का सिल्वर जीतकर मीराबाई चानू ने न सिर्फ अपना लंबे समय से चला आ रहा सपना पूरा किया, बल्कि भारतीय वेटलिफ्टिंग को भी 28 साल बाद एशियाई मंच पर पदक दिलाया।