चंडीगढ़ / सत्ता संदेश
राष्ट्रीय तकनीकी शिक्षक प्रशिक्षण एवं अनुसंधान संस्थान (NITTTR), चंडीगढ़ ने सोमवार को अपना 59वां वार्षिक दिवस उत्साह और उमंग के साथ मनाया। शिक्षा मंत्रालय, भारत सरकार के अधीन मानद विश्वविद्यालय (विशिष्ट श्रेणी) के रूप में संस्थान ने इस अवसर पर तकनीकी शिक्षा, शिक्षक प्रशिक्षण, अनुसंधान और उद्योग-अकादमिक सहयोग में अपनी उपलब्धियों को सामने रखा।
वार्षिक दिवस समारोह में बनारस हिंदू विश्वविद्यालय के कुलपति और आईआईटी रुड़की के पूर्व निदेशक प्रो. ए. के. चतुर्वेदी मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। उन्होंने NITTTR चंडीगढ़ को संस्थान की उपलब्धियों के लिए बधाई देते हुए भविष्य में निरंतर विकास और उत्कृष्टता की दिशा में आगे बढ़ने की शुभकामनाएं दीं।
प्रो. चतुर्वेदी ने संस्थान में सुधार और नई दिशा तय करने के लिए फैकल्टी सदस्यों के बीच नियमित विचार-मंथन सत्र आयोजित करने की आवश्यकता पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि तकनीकी और शैक्षणिक क्षेत्रों में भारत को वैश्विक नेतृत्वकर्ता बनाने में NITTTR चंडीगढ़ महत्वपूर्ण भूमिका निभाने की क्षमता रखता है।
समारोह में राष्ट्रीय मूल्यांकन एवं प्रत्यायन परिषद (NAAC) की कार्यकारी समिति के अध्यक्ष और IGNOU, नई दिल्ली के पूर्व कुलपति प्रो. नागेश्वर राव विशिष्ट अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। उन्होंने राष्ट्र निर्माण में गुणवत्तापूर्ण शैक्षणिक संस्थानों की भूमिका पर प्रकाश डालते हुए कहा कि ऐसे संस्थान युवाओं के चरित्र और भविष्य को आकार देने में महत्वपूर्ण योगदान देते हैं।
प्रो. राव ने NITTTR चंडीगढ़ की भूमिका को विकसित भारत, भारतीय ज्ञान प्रणाली (IKS) और राष्ट्रीय शिक्षा नीति (NEP) 2020 के लक्ष्यों से जोड़ते हुए अधिक संख्या में MOOCs (Massive Open Online Courses) विकसित करने की संभावनाओं पर भी जोर दिया।
इस अवसर पर NITTTR चंडीगढ़ के निदेशक प्रो. (डॉ.) भोला राम गुर्जर ने संस्थान की वार्षिक रिपोर्ट प्रस्तुत की। रिपोर्ट में संस्थान की प्रमुख उपलब्धियों, नई पहलों और महत्वपूर्ण मील के पत्थरों की जानकारी दी गई। उन्होंने उच्च शिक्षा, शिक्षक प्रशिक्षण और तकनीकी कार्यबल के कौशल विकास के क्षेत्र में संस्थान द्वारा किए जा रहे कार्यों को रेखांकित किया।
तकनीकी शिक्षा में उत्कृष्ट योगदान के लिए पुरस्कार
वार्षिक दिवस समारोह के दौरान तकनीकी शिक्षा के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान देने वाले संस्थानों और शिक्षाविदों को सम्मानित किया गया। अखिल भारतीय स्तर पर गुणवत्तापूर्ण तकनीकी शिक्षा को बढ़ावा देने में महत्वपूर्ण योगदान के लिए ‘सर्वश्रेष्ठ पॉलिटेक्निक’ और ‘सर्वश्रेष्ठ इंजीनियरिंग कॉलेज’ पुरस्कार प्रदान किए गए।
वहीं, NITTTR चंडीगढ़ के मैकेनिकल इंजीनियरिंग विभाग के प्रोफेसर प्रो. रूपिंदर सिंह को अनुसंधान के क्षेत्र में उत्कृष्ट योगदान के लिए Outstanding Researcher Award से सम्मानित किया गया। उन्हें प्रशस्ति पत्र के साथ 1 लाख रुपये की पुरस्कार राशि प्रदान की गई।
उद्योग और शिक्षा जगत के बीच बेहतर तालमेल पर मंथन
वार्षिक दिवस समारोह के हिस्से के रूप में PHD Chamber of Commerce and Industry (PHDCCI) के सहयोग से ‘इंडस्ट्री-अकादमिक इंटीग्रेशन मीट’ का भी आयोजन किया गया।
बैठक में उद्योग जगत के वरिष्ठ पेशेवरों और अकादमिक प्रशासकों ने हिस्सा लिया। इस दौरान उद्योगों में तेजी से हो रहे तकनीकी और प्रक्रियागत बदलावों, बदलती कौशल एवं योग्यता आवश्यकताओं और शैक्षणिक पाठ्यक्रमों को भविष्य की कार्यक्षमता और रोजगार की जरूरतों के अनुरूप बनाने पर चर्चा हुई।
प्रतिभागियों ने इस बात पर जोर दिया कि शिक्षा जगत और उद्योग के बीच मजबूत तालमेल से विद्यार्थियों को बदलते रोजगार बाजार के लिए बेहतर ढंग से तैयार किया जा सकता है।
सांस्कृतिक संध्या ने बांधा समां
कार्यक्रम का समापन एक जीवंत सांस्कृतिक संध्या के साथ हुआ। इसमें NITTTR चंडीगढ़ के विद्यार्थियों, फैकल्टी सदस्यों और कर्मचारियों ने अपनी प्रतिभा और रचनात्मकता का प्रदर्शन किया।
59वां वार्षिक दिवस समारोह संस्थान की अकादमिक और व्यावसायिक उत्कृष्टता के प्रति प्रतिबद्धता के साथ-साथ एक समावेशी, जीवंत और समग्र शैक्षणिक वातावरण को बढ़ावा देने के संकल्प को भी दर्शाता है।